Connect with us
Sunday,21-June-2026
ताज़ा खबर

व्यापार

भारत में महिलाओं के लिए नौकरी के अवसरों में 48 प्रतिशत की शानदार वृद्धि, फ्रेशर्स की सबसे ज्यादा डिमांड : रिपोर्ट

Published

on

बेंगलुरु, 3 मार्च। भारत के नौकरी बाजार में एक बड़ा बदलाव देखते हुए महिलाओं के लिए अवसरों में 2025 में पिछले वर्ष की तुलना में 48 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। सोमवार को आई एक लेटेस्ट रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई।

यह वृद्धि मुख्य रूप से कुछ प्रमुख सेक्टर जैसे इंफोर्मेशन टेक्नोलॉजी, बीएफएसआई, मैन्युफैक्चरिंग और हेल्थकेयर में उभरती टेक्नोलॉजी भूमिकाओं में स्पेशल टैलेंट की मांग के कारण देखी जा रही है।

फाउंडिट (पूर्व में मॉन्स्टर एपीएसी एंड एमई) की रिपोर्ट के अनुसार, 2025 में महिलाओं के लिए उपलब्ध नौकरियों में से लगभग 25 प्रतिशत फ्रेशर्स के लिए हैं। इससे पता चलता है कि शुरुआती करियर वाले प्रोफेशनल की मांग खासकर आईटी, एचआर और मार्केटिंग जैसे सेक्टर में बहुत अधिक है।

एक्सपीरियंस के मामले में महिलाओं के लिए नौकरियों का सबसे बड़ा हिस्सा 53 प्रतिशत 0-3 साल की कैटेगरी में आता है, उसके बाद 32 प्रतिशत, 4-6 साल का स्थान आता है।

रिपोर्ट में कहा गया है कि आईटी/कंप्यूटर-सॉफ्टवेयर जैसी इंडस्ट्री का दबदबा बना हुआ है, जो महिलाओं की नौकरियों का 34 प्रतिशत हिस्सा है।

दूसरे प्रमुख सेक्टर में भर्ती/स्टाफिंग/आरपीओ, बीएफएसआई और विज्ञापन/पीआर/इवेंट शामिल हैं, इन क्षेत्रों में महिलाओं के लिए नौकरी के अवसर बढ़ रहे हैं।

फाउंडिट की वीपी-मार्केटिंग अनुपमा भीमराजका ने कहा, “भारतीय नौकरी बाजार तेजी से विकसित हो रहा है, जिससे महिलाओं के लिए अधिक पहुंच और अवसर पैदा हो रहे हैं। ये अवसर खासकर उच्च विकास वाली इंडस्ट्री और टेक से जुड़ी भूमिकाओं में बढ़ रहे हैं।”

उन्होंने कहा कि ऑफिस से काम करने की व्यवस्था में 55 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, जो नियोक्ता की प्राथमिकताओं में बदलाव का संकेत है।

भीमराजका ने कहा, “वेतन समानता और कार्य-मोड प्रिफरेंस को विकसित करने जैसे क्षेत्रों में चुनौतियां बनी हुई हैं, 2025 में महिलाओं की वर्कफोर्स भागीदारी के लिए समग्र दृष्टिकोण अत्यधिक उत्साहजनक बना हुआ है।”

दिलचस्प बात यह है कि इंजीनियरिंग और प्रोडक्शन भूमिकाओं में भी महिलाओं की भागीदारी में वृद्धि देखी जा रही है, जो पिछले वर्ष 6 प्रतिशत से बढ़कर 8 प्रतिशत हो गई है।

यह उछाल आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई), साइबर सिक्योरिटी, डेटा साइंस और क्लाउड कंप्यूटिंग जैसी उभरती टेक्नोलॉजी में स्पेशलाइज्ड टैलेंट की बढ़ती जरूरत को भी दर्शाता है।

रिपोर्ट में पाया गया कि टियर-2 और टियर-3 शहरों में अधिक महिलाएं नौकरी पा रही हैं। नासिक, सूरत, कोयंबटूर और जयपुर जैसे शहरों में महिलाओं की नौकरियों का हिस्सा 41 प्रतिशत हो गया है, जबकि टियर-1 शहरों में यह 59 प्रतिशत है।

महिलाओं की नौकरियों के लिए सैलरी डिस्ट्रिब्यूशन से पता चलता है कि 81 प्रतिशत हिस्सा 0-10 लाख वार्षिक वेतन ब्रैकेट में है, इसके बाद 11 प्रतिशत हिस्सा 11-25 लाख रेंज में है, जबकि 8 प्रतिशत हिस्सा 25 लाख से अधिक कमाता है।

व्यापार

टाटा मोटर्स ने कमर्शियल वाहनों के दाम 2.5 प्रतिशत तक बढ़ाए, 1 जुलाई से लागू होंगी नई कीमतें

Published

on

टाटा मोटर्स कमर्शियल व्हीकल्स (टीएमसीवी) ने अपने कमर्शियल वाहनों की कीमतों में 2.5 प्रतिशत की बढ़ोतरी कर दी है और नई कीमतें 1 जुलाई से लागू होंगी। यह जानकारी गुरुवार को कंपनी की ओर से दी गई।

एक्सचेंज फाइलिंग में कंपनी ने कहा कि इस बढ़ोतरी की वजह कमोडिटी की कीमतों में बढ़ोतरी होना और लागत का बढ़ना है। यह बढ़ोतरी अलग-अलग मॉडल पर विभिन्न होगी और 2.5 प्रतिशत तक सीमित होगी।

इस बढ़ोतरी से टाटा मोटर्स कमर्शियल व्हीकल्स भी उन कंपनियों में शामिल हो गई है, जिन्होंने मध्य पूर्व संकट के चलते कच्चे माल और लागत में बढ़ोतरी के कारण कीमतों में इजाफा किया है।

इससे पहले, टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल (टीएमपीवी) ने 12 जून को अपनी ईंधन (पेट्रोल, डीजल और सीएनजी) और इलेक्ट्रिक वाहनों की कीमतों में 1.5 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी करने का ऐलान किया। नई कीमतें एक जुलाई से लागू होंगी।

कंपनी की ओर से जारी की गई एक्सचेंज फाइलिंग में कहा गया कि कीमतों में बढ़ोतरी की वजह इनपुट लागत में बढ़ोतरी होना था।

टीएमपीवी ने कहा कि वह लागत में हुई बढ़ोतरी का एक बड़ा हिस्सा खुद वहन कर रही है, जबकि हालिया कीमत संशोधन के जरिए बढ़ोतरी का कुछ हिस्सा ग्राहकों पर डाल रही है।

कंपनी ने कहा कि कीमत में बढ़ोतरी अलग-अलग मॉडल और वैरिएंट के हिसाब से अलग-अलग होगी। वहीं, मध्य पूर्व तनाव के चलते मारुति सुजुकी और हुंडई मोटर इंडिया जैसी कंपनियां गाड़ियों की कीमतों में बढ़ोतरी कर चुकी हैं।

इसके अतिरिक्त, वित्त वर्ष 2026 की चौथी तिमाही में, टीएमसीवी के मुनाफे में सालाना आधार पर 70 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई जबकि आय 22 प्रतिशत बढ़कर 24,452 करोड़ रुपए हो गया। इस दौरान कंपनी का एबिटा मार्जिन 13.90 प्रतिशत रहा है। कंपनी ने प्रति शेयर 4 रुपए का डिविडेंड भी घोषित किया।

Continue Reading

व्यापार

शीर्ष 10 में से आठ कंपनियों का मार्केटकैप 1.90 लाख करोड़ रुपए बढ़ा

Published

on

भारतीय शेयर बाजार में बीते हफ्ते शीर्ष 10 में से आठ कंपनियों का मार्केटकैप 1.90 लाख करोड़ रुपए बढ़ा है। इसकी वजह घरेलू बाजार में मजबूती रैली थी।

इस दौरान सेंसेक्स 1,284.61 अंक या 1.73 प्रतिशत की मजबूती के साथ 75,527.95 और निफ्टी 256.20 अंक या 1.10 प्रतिशत की तेजी के साथ 23,622.90 पर बंद हुआ।

बाजार में तेजी की वजह अमेरिका-ईरान के बीच शांति वार्ता आगे बढ़ना है। इससे वैश्विक स्तर पर अस्थिरता में कमी आई, जिसमें भारत के साथ दुनिया के बाजार में खरीदारी देखने को मिली।

विदेशी मीडिया की रिपोर्ट्स के मुताबिक, दोनों पक्ष एक शांति समझौता करने के अंतिम दौर में है। जल्द ही अमेरिका-ईरान के बीच युद्ध समाप्त करने के लिए एक डील हो सकती है।

समीक्षा अवधि में आईसीआईसीआई बैंक, एचडीएफसी बैंक, एसबीआई, बजाज फाइनेंस, भारती एयरटेल, एलएंडटी और एचयूएल के मार्केट कैप में बढ़ोतरी हुई है, जबकि टीसीएस और एलआईसी के वैल्यूएशन में कमी देखने को मिली है।

आईसीआईसीआई बैंक का मार्केटकैप 56,223 करोड़ रुपए बढ़कर 9.61 लाख करोड़ रुपए हो गया है। वहीं, एचडीएफसी बैंक का बाजार मूल्यांकन 38,571 करोड़ रुपए बढ़कर 11.89 लाख करोड़ रुपए हो गया है। स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (एसबीआई) का बाजार मूल्यांकन 36,138 करोड़ रुपए बढ़कर 9.39 लाख करोड़ रुपए हो गया है।

बजाज फाइनेंस का मार्केटकैप 18,367 करोड़ रुपए बढ़कर 5.72 लाख करोड़ रुपए हो गया है। भारती एयरटेल का मार्केटकैप 14,380 करोड़ रुपए बढ़कर 11.11 लाख करोड़ रुपए हो गया है।

एलएंडटी का मार्केटकैप 13,241 करोड़ रुपए बढ़कर 5.57 लाख करोड़ रुपए हो गया है। हिंदुस्तान यूनिलीवर का मार्केटकैप 10,984 करोड़ रुपए बढ़कर 5.09 करोड़ रुपए हो गया है।

दूसरी तरफ, टीसीएस का मार्केटकैप 13,296 करोड़ रुपए घटकर 7.82 लाख करोड़ रुपए हो गया है। एलआईसी का मार्केटकैप 822 करोड़ रुपए कम होकर 5.05 लाख करोड़ रुपए रह गया है।

Continue Reading

व्यापार

सोना एक हफ्ते में करीब 6,400 रुपये और चांदी 14,300 रुपये से अधिक सस्ती हुई

Published

on

सोने और चांदी में इस हफ्ते गिरावट देखने को मिली, जिससे सोना और चांदी क्रमशः 6,400 रुपये और 14,300 हजार रुपये से अधिक सस्ते हो गए हैं।

इंडिया बुलियन ज्वेलर्स एसोसिएशन (आईबीजेए) के मुताबिक, 24 कैरेट सोने का दाम इस हफ्ते 6,438 रुपये कम होकर 1,47,800 रुपए प्रति 10 ग्राम हो गया है, जबकि पहले यह 1,54,238 रुपए पर था।

22 कैरेट सोने की कीमत कम होकर 1,35,385 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गई है, जो कि पहले 1,41,282 रुपये प्रति 10 ग्राम थी। 18 कैरेट सोने का दाम कम होकर 1,10,850 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गया है, जो कि पहले 1,15,679 रुपये प्रति 10 ग्राम था।

इस हफ्ते सोने में सबसे न्यूनतम दाम 11 जून को सुबह के सत्र में 1,44,782 रुपये प्रति 10 ग्राम देखा गया। वहीं, उच्चतम दाम 9 जून को सुबह के सत्र में 1,52,519 रुपये प्रति 10 ग्राम देखा गया। सोने के साथ चांदी की कीमत में भी गिरावट देखने को मिली है।

चांदी का दाम 14,326 रुपये कम होकर 2,42,582 रुपये प्रति किलो हो गया है, जो कि पहले 2,56,908 रुपये प्रति किलो था। इस हफ्ते चांदी में सबसे न्यूनतम दाम 11 जून को शाम के सत्र में 2,32,591 रुपये प्रति किलो देखा गया। वहीं, उच्चतम दाम 9 जून को शाम के सत्र में 2,45,938 रुपये प्रति किलो देखा गया।

वैश्विक अस्थिरता के कारण अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सोने का दाम 4,248 डॉलर प्रति औंस और चांदी का दाम 68 डॉलर प्रति औंस के करीब आ गया है।

एक्सपर्ट्स के मुताबिक, सोने और चांदी में गिरावट की वजह महंगाई बढ़ने की आशंका और अमेरिका – ईरान युद्ध के कारण कच्चे तेल की कीमत उच्च स्तर पर रहना है। इसके साथ ही ब्याज दरों के बढ़ाने की आसान कहां है निवेशकों को सोने और चांदी में मुनाफा वसूली पर मजबूर किया है।

बीते एक वर्ष में सोने और चांदी ने शानदार रिटर्न दिया है। डॉलर में इस दौरान सोने ने 24 प्रतिशत से अधिक और चांदी ने 87 प्रतिशत से ज्यादा का रिटर्न दिया है।

Continue Reading
Advertisement
महाराष्ट्र1 day ago

मुंबई: बेस्ट कर्मचारियों का आंदोलन दूसरे दिन भी जारी, सरकार से तत्काल वार्ता की मांग

राष्ट्रीय समाचार1 day ago

हीरा ग्रुप से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में बड़ी कार्रवाई, ईडी ने 159 करोड़ रुपए की संपत्तियां की नीलाम

महाराष्ट्र1 day ago

मुंबई में बीईएसटी की हड़ताल जारी… नीट परीक्षा केंद्रों के लिए अतिरिक्त बसें उपलब्ध कराई जाएंगी, हड़ताल के कारण यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

महाराष्ट्र1 day ago

परभणी: महाराष्ट्र एटीएस ने यूथ इस्लामिक फेडरेशन और पॉपुलर फ्रंट ऑफ़ इंडिया पर कार्रवाई की 15 जगहों पर छापेमारी की गई

राष्ट्रीय समाचार1 day ago

नोएडा श्रमिक हिंसा मामले में जांच पूरी, एसआईटी ने डेढ़ हजार पन्नों की विस्तृत चार्जशीट कोर्ट में की दाखिल

राष्ट्रीय समाचार1 day ago

पश्चिम एशिया संघर्ष के बीच भारत ने एलपीजी आयात के स्रोत बढ़ाए, तेल कंपनियों को हुआ करीब 22,000 करोड़ रुपए का नुकसान

खेल1 day ago

फीफा वर्ल्ड कप: पैराग्वे ने 1-0 से दर्ज की जीत, हार के साथ टूर्नामेंट से बाहर तुर्किये

मनोरंजन1 day ago

‘मैंने भविष्यवाणी की थी’, स्कॉटलैंड पर मोरक्को की जीत का नोरा फतेही ने मनाया जश्न

अंतरराष्ट्रीय समाचार1 day ago

सीजफायर के कुछ घंटों बाद ही इजरायल ने लेबनान पर किया हमला , 5 की मौत

व्यापार1 day ago

फोनपे वॉलेट इनएक्टिविटी नोटिफिकेशन: यूजर्स के लिए क्या जानना है जरूरी?

अंतरराष्ट्रीय समाचार2 weeks ago

पीएम मोदी के 12 साल के कार्यकाल में देश में क्या-क्या बदल गया, विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने गिनाईं उपलब्धियां

अंतरराष्ट्रीय2 weeks ago

फिसीपींस में भूकंप के बाद 37 हुई मृतकों की संख्या, 20 हजार लोग हुए विस्थापित

राजनीति3 weeks ago

मालवीय नगर अग्निकांड: पीएम मोदी ने जताया शोक, मृतकों के परिजनों को 2 लाख रुपए मुआवजे की घोषणा

व्यापार1 week ago

स्पेसएक्स के आईपीओ से एलन मस्क की संपत्ति 970 अरब डॉलर के पार पहुंची, दुनिया के पहले ट्रिलियनेयर बनने के करीब

राजनीति2 weeks ago

कर्नाटक: देवेगौड़ा के राज्यसभा नामांकन मुद्दे पर भाजपा ने कांग्रेस पर लगाया मगरमच्छ के आंसू बहाने का आरोप

अंतरराष्ट्रीय समाचार1 week ago

फिलीपींस के विनाशकारी भूकंप में अब तक 47 की मौत, सैकड़ों घायल

अपराध4 weeks ago

अग्रीपारा के हाई-प्रोफाइल घर में बड़े पैमाने पर एमडी ड्रग्स रैकेट का भंडाफोड़, आरोपियों की जांच, कथित बांग्लादेशी पर भी शक, 51 करोड़ रुपये की एमडी जब्त

अंतरराष्ट्रीय2 weeks ago

मध्य पूर्व में बढ़ा तनाव: ईरान के समर्थन में उतरा इराकी ‘कताइब हिज्‍बुल्लाह’, अमेरिका को चेताया

महाराष्ट्र3 weeks ago

भाजपा सरकार मुसलमानों और विपक्ष को निशाना बना रही है, कानून से सज़ा देने के बजाय बुलडोज़र और एनकाउंटर चला रही है: अबू आसिम आज़मी

अंतरराष्ट्रीय3 weeks ago

अंतहीन प्रक्र‍िया की ओर बढ़ रहा ईरान-अमेरिका समझौता, दोनों देश नई शर्तों के साथ कर रहे संशोधन की तैयारी

रुझान