राजनीति
महुआ मोइत्रा के मतगणना केंद्र में प्रवेश करने पर विवाद
कृष्णानगर की तृणमूल कांग्रेस की सांसद महुआ मोइत्रा के नादिया के राणाघाट कॉलेज के मतगणना केंद्र में प्रवेश करने के बाद विवाद खड़ा हो गया, जहां मंगलवार को शांतिपुर उपचुनाव के लिए वोटों की गिनती हो रही है।
भाजपा ने आरोप लगाया है कि मोइत्रा के पास निजी अंगरक्षकों के साथ केंद्र में प्रवेश करने का अधिकार नहीं था। उन्होंने मतगणना कर्मियों को प्रभावित करने के लिए यह कदम उठाया। लेकिन सांसद ने इस आरोप का खंडन करते हुए कहा कि उनके पास कोई व्यक्तिगत सुरक्षा नहीं है।
सुबह आठ बजे मतगणना शुरू होने से ठीक पहले विवाद खड़ा हो गया, वह 15 मिनट तक केंद्र के अंदर रहीं।
जगन्नाथ सरकार ने इस विधानसभा क्षेत्र से जीत हासिल की थी, लेकिन एक सांसद के रूप में बने रहने के लिए इस पद से इस्तीफा दे दिया था।
उन्होंने कहा, “मोइत्रा एक सांसद हैं और वह निजी अंगरक्षकों के साथ चलती हैं। तो वह मतगणना केंद्र में कैसे प्रवेश कर सकती हैं? मतगणना अधिकारियों ने उन्हें अंदर क्यों जाने दिया? यह अवैध है। मेरे पास निजी अंगरक्षक हैं और इसलिए मैं मतगणना केंद्र में प्रवेश नहीं किया। वह अधिकारियों को प्रभावित करने के लिए वहां गई।”
हालांकि, मोइत्रा ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा, “मुझे भाजपा सांसदों की तरह व्यक्तिगत सुरक्षा कवर की आवश्यकता नहीं है। जब मैं एक विधायक थी तो मैंने कोई व्यक्तिगत सुरक्षा नहीं ली थी और अब मैं एक सांसद हूं और फिर भी, मेरे साथ कोई निजी अंगरक्षक नहीं है।”
“मैं सभी से आरओ नियम पुस्तिका के पृष्ठ 196 को देखने के लिए कहना चाहती हूं, जहां यह स्पष्ट रूप से लिखा है कि मैं अकेले प्रवेश कर सकती हूं। मैंने अपना कार्ड तैयार किया है और इसलिए मैंने प्रवेश किया है। मैंने कुछ भी अवैध नहीं किया है।”
चुनाव आयोग ने हालांकि जिला चुनाव अधिकारी (डीईओ) से रिपोर्ट मांगी है। शांतिपुर में टीएमसी उम्मीदवार ब्रजकिशोर गोस्वामी का मुकाबला भाजपा के नोरंजन विश्वास से है।
नवीनतम अपडेट के अनुसार, गोस्वामी दूसरे दौर की मतगणना के बाद 10,000 से अधिक मतों के अंतर से आगे चल रहे हैं।
अंतरराष्ट्रीय समाचार
भारत-तंजानिया के बीच सहयोग बढ़ाने पर जोर, विदेश कार्यालय परामर्श में कई मुद्दों पर हुई चर्चा

भारत और तंजानिया ने अपने द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने को लेकर बातचीत की। दोनों देशों के बीच दार एस सलाम में हुए विदेश कार्यालय परामर्श में व्यापार, रक्षा, स्वास्थ्य, कृषि और विकास सहयोग समेत कई अहम मुद्दों पर चर्चा हुई।
भारतीय विदेश मंत्रालय ने शुक्रवार को बताया कि भारत और तंजानिया के बीच विदेश कार्यालय परामर्श (एफओसी) 22 जुलाई 2026 को तंजानिया के दार एस सलाम में आयोजित किया गया। इस बैठक की सह-अध्यक्षता भारत के विदेश मंत्रालय में संयुक्त सचिव (ईएंडएसए) जनेश काइन और तंजानिया के विदेश मामलों एवं पूर्वी अफ्रीकी सहयोग मंत्रालय के एशिया और ऑस्ट्रेलिया विभाग की निदेशक फेलिस्टर रुगाम्बवा ने की।
एफओसी के दौरान जनेश काइन ने तंजानिया के विदेश मामलों एवं पूर्वी अफ्रीकी सहयोग मंत्रालय के स्थायी सचिव राजदूत डॉ. सैमवेल विलियम शेलुकिंडो से भी मुलाकात की।
मंत्रालय ने बताया कि बैठक में दोनों देशों ने आपसी संबंधों की समीक्षा की और व्यापार व निवेश, विकास सहयोग, रक्षा और सुरक्षा सहयोग, डिजिटल सार्वजनिक ढांचे, कृषि, स्वास्थ्य, संस्कृति और लोगों के बीच संबंधों जैसे कई क्षेत्रों में सहयोग पर चर्चा की।
मंत्रालय के अनुसार, दोनों पक्षों ने आपसी सहमति से जल्द ही संयुक्त आयोग बैठक (जेसीएम) और संयुक्त रक्षा सहयोग समिति की बैठक आयोजित करने पर सहमति जताई। इसके अलावा, दोनों देशों ने क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर भी अपने विचार साझा किए, जिनमें दोनों की समान रुचि है।
मंत्रालय ने बताया कि दोनों पक्षों ने संयुक्त राष्ट्र (यूएन) और अन्य अंतरराष्ट्रीय मंचों पर एक-दूसरे के साथ बेहतर तालमेल और सहयोग की सराहना की। दोनों देशों ने यह भी सहमति जताई कि विदेश कार्यालय परामर्श का अगला दौर भारत में आपसी सुविधा के अनुसार किसी तारीख पर आयोजित किया जाएगा।
राष्ट्रीय समाचार
पेपर लीक मामलों की सुनवाई के लिए राऊज एवेन्यू कोर्ट में विशेष फास्ट ट्रैक कोर्ट स्थापित, स्पेशल जज ने संभाला कार्यभार

नीट और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक से जुड़े मामलों की सुनवाई अब और तेज होगी। दिल्ली के राऊज एवेन्यू कोर्ट में इस उद्देश्य से गठित स्पेशल फास्ट ट्रैक कोर्ट ने कामकाज शुरू कर दिया है। कोर्ट नंबर 408 में स्थापित इस विशेष अदालत की विशेष न्यायाधीश अनु ग्रोवर बालिगा ने शनिवार को अपना कार्यभार संभाल लिया।
दिल्ली हाईकोर्ट ने पेपर लीक और सार्वजनिक परीक्षाओं में अनुचित साधनों के इस्तेमाल से जुड़े आपराधिक मामलों की त्वरित सुनवाई के लिए इस विशेष फास्ट ट्रैक कोर्ट का गठन किया है। इस अदालत का उद्देश्य ऐसे मामलों का जल्द निपटारा करना और दोषियों के खिलाफ न्यायिक प्रक्रिया को गति देना है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नीट और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक के मामलों पर सख्त रुख अपनाते हुए देशभर में फास्ट ट्रैक कोर्ट गठित करने का फैसला किया था। उन्होंने कहा था कि छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ त्वरित सुनवाई सुनिश्चित की जाएगी और दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाएगी। इसी घोषणा के बाद न्यायिक प्रक्रिया को तेज करने के लिए लगातार कई कदम उठाए जा रहे हैं।
इस बीच, केंद्र सरकार भी पेपर लीक पर पूरी तरह रोक लगाने के लिए कानून को और अधिक सख्त बनाने की तैयारी में है। शुक्रवार को केंद्रीय मंत्रिमंडल ने ‘द पब्लिक एग्जामिनेशंस (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) एक्ट, 2024’ में संशोधन से जुड़े मसौदा विधेयक को मंजूरी दे दी। इस कानून का उद्देश्य सार्वजनिक परीक्षाओं में पेपर लीक और नकल जैसी घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाना है।
पेपर लीक के संगठित मामलों से जुड़े इस बिल में 10 साल तक की जेल और अधिकतम 10 करोड़ रुपए के जुर्माने का प्रस्ताव है। यह मौजूदा कानून की तुलना में काफी ज्यादा है। वर्तमान कानून के तहत व्यक्तिगत अपराधियों के लिए तीन से पांच वर्ष तक की सजा, जबकि पेपर लीक और नकल से जुड़े संगठित अपराधों के मामलों में पांच से 10 वर्ष तक के कारावास तथा न्यूनतम एक करोड़ रुपए के जुर्माने का प्रावधान है।
राष्ट्रीय समाचार
बाढ़ प्रभावित असम को मदद की जरूरत, भूमि पेडनेकर की लोगों से अपील, ज्यादा से ज्यादा करें दान

असम में पिछले कुछ समय से बाढ़ के कारण हालात बेहद गंभीर बने हुए हैं। इस बड़ी आपदा को देखते हुए अभिनेत्री भूमि पेडनेकर ने शनिवार को सोशल मीडिया के जरिए लोगों से मदद की अपील की।
भूमि पेडनेकर ने इंस्टाग्राम अकाउंट पर वीएक डियो जारी किया, जिसमें वह असम के बाढ़ पीड़ितों की सहायता के लिए आगे आने की अपील करती नजर आ रही हैं। जारी किए गए वीडियो में अभिनेत्री कहती हैं, “नमस्ते, देश में इस समय जो कुछ भी हो रहा है, उसके बारे में हम सभी जानते हैं। मैं लोगों के जोश और एकजुटता को सलाम भी करती हूं, लेकिन देश का एक हिस्सा ऐसा भी हैं, जिसे इस समय हमारी सबसे ज्यादा जरूरत है और वह असम।
उन्होंने असम के हालातों के बारे में बताते हुए कहा, “असम इस समय भयंकर बाढ़ का सामना कर रहा है। वहां के हालात इतने खराब है कि 7.5 लाख से अधिक लोगों को सुरक्षित जगहों पर ले जाना पड़ा है। अब तक 40 से ज्यादा लोगों की जान जा चुकी है और यह संख्या लगातार बढ़ रही है। पूरे के पूरे गांव बाढ़ में बह गए हैं। पशु भी बह गए हैं। लोगों ने अपनी मेहनत की सारी कमाई और घर-बार खो दिया है।
अभिनेत्री ने जोर देते हुए कहा कि इस मुद्दे पर ज्यादातर लोग बात ही नहीं कर रहे हैं। उन्होंने उम्मीद जताते हुए कहा कि जैसे पिछले साल पूरा देश पंजाब, जम्मू, बिहार और महाराष्ट्र के लोगों की मदद के लिए आगे आया था। ठीक उसी तरह सभी लोग असम के साथ खड़े हों।
उन्होंने कहा, “उस समय आप सभी ने राहत सामग्री और जरूरत की चीजें भेजकर मानवता का शानदार उदाहरण पेश किया था। अब फिर वही समय आ गया है। इस बार असम को हमारी मदद की जरूरत है।”
भूमि ने लोगों से अपील की कि वे भोजन, गद्दे, स्वच्छता से जुड़ी सामग्री और राहत एवं बचाव कार्यों के लिए जितना हो सके, दान करें। उन्होंने कहा, “अगर आप वहां की तस्वीरें और वीडियो देखेंगे तो आपका दिल टूट जाएगा। हालात बेहद दर्दनाक हैं और असम को सच में हमारे सहयोग की जरूरत है। मैं सभी से अनुरोध करती हूं कि अपनी क्षमता के अनुसार ज्यादा से ज्यादा दान करें और इस संदेश को भी आगे बढ़ाएं, ताकि हमारी मदद असम के जरूरतमंद लोगों तक पहुंच सके। जय हिंद।”
अभिनेत्री ने वीडियो शेयर करते हुए लिखा, “असम बाढ़ में डूब रहा है। आप हर बार उनकी मदद के लिए आगे आए हैं। अब एक बार फिर उनके साथ खड़े होने का समय है।”
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