राष्ट्रीय समाचार
सेना प्रमुख ने ‘विजय’ के विजन के साथ तय की भविष्य की दिशा
भारतीय सेना के नए थल सेनाध्यक्ष जनरल धीरज सेठ ने सेना को तकनीक-सक्षम, आधुनिक और भविष्य की चुनौतियों के लिए पूरी तरह तैयार बल बनाने का संकल्प व्यक्त किया। इसी सोच के तहत उन्होंने अपनी प्राथमिकताओं को ‘विजय’ नामक रणनीतिक अवधारणा में समाहित किया है। यह विजन रक्षा मंत्री द्वारा घोषित ‘परिवर्तन के दशक’ की अवधारणा से प्रेरित है और आने वाले वर्षों में भारतीय सेना की कार्ययोजना का आधार बनेगा।
बुधवार को रक्षा मंत्रालय मुख्यालय में आयोजित समारोह में थल सेनाध्यक्ष जनरल धीरज सेठ को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इस अवसर पर उन्होंने प्रधानमंत्री व रक्षामंत्री द्वारा उन पर जताए गए विश्वास के लिए आभार व्यक्त किया तथा राष्ट्र की सेवा में सर्वोच्च बलिदान देने वाले सैनिकों को श्रद्धांजलि अर्पित की। वर्तमान वैश्विक और क्षेत्रीय सुरक्षा परिदृश्य तेजी से बदल रहा है। सीमाओं पर पारंपरिक चुनौतियों के साथ-साथ साइबर, अंतरिक्ष, सूचना और तकनीक आधारित नए खतरे भी सामने आ रहे हैं।
ऐसे समय में भारतीय सेना के आधुनिकीकरण को नई गति और दृढ़ संकल्प के साथ आगे बढ़ाना आवश्यक है। ऐसे में सेना प्रमुख का लक्ष्य सेना को ऐसी शक्ति में बदलना है जो तकनीकी रूप से सक्षम, बहुआयामी अभियानों के लिए तैयार और हर स्तर पर सशक्त हो। सेना प्रमुख ने कहा कि भारतीय सेना, युद्ध के लिए तैयार और अनुभवी सैन्य बल है। ये युद्ध क्षेत्र की हर चुनौती का सामना करने के लिए सदैव तैयार और सक्षम है।
उन्होंने बताया कि ‘विजय’ का पहला स्तंभ सतर्कता और युद्धक तत्परता है। इसके अंतर्गत सीमाओं की सुरक्षा, उभरते खतरों पर निरंतर नजर, खुफिया क्षमता को मजबूत करना तथा हर परिस्थिति में त्वरित और प्रभावी प्रतिक्रिया देने की तैयारी बनाए रखना शामिल है। सेना का उद्देश्य किसी भी सुरक्षा चुनौती का सामना करने के लिए उच्च स्तर की परिचालन क्षमता बनाए रखना होगा। दूसरा स्तंभ नवाचार और परिवर्तन है।
जनरल सेठ ने स्पष्ट किया कि भविष्य के युद्धक्षेत्र को देखते हुए हथियारों के आधुनिकीकरण व सैन्य सिद्धांतों, रणनीतियों और संचालन पद्धतियों में भी बदलाव आवश्यक है। एआई, ड्रोन, स्वायत्त प्रणालियों, साइबर क्षमताओं और उन्नत संचार तकनीकों के अधिक उपयोग पर विशेष बल दिया जाएगा। उनकी रणनीति में संयुक्तता और एकीकरण को भी प्रमुख स्थान दिया गया है। तीनों सेनाओं के बीच बेहतर समन्वय, संयुक्त अभियानों की क्षमता और संसाधनों के अधिक प्रभावी उपयोग पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा।
यह दृष्टिकोण भविष्य के एकीकृत युद्धक्षेत्र की आवश्यकताओं के अनुरूप माना जा रहा है। आत्मनिर्भरता भी उनके विजन का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। स्वदेशी रक्षा उत्पादन, घरेलू उद्योगों के साथ सहयोग और भारतीय तकनीकों के उपयोग को बढ़ावा देकर सेना की आवश्यकताओं को देश के भीतर ही पूरा करने की दिशा में प्रयास तेज किए जाएंगे। इससे आत्मनिर्भर भारत अभियान को मजबूती मिलने के साथ-साथ राष्ट्रीय सुरक्षा ढांचे को भी लाभ होगा।
जनरल सेठ ने सैनिकों को भारतीय सेना की सबसे बड़ी शक्ति बताते हुए उनके कल्याण, प्रशिक्षण, पेशेवर विकास और मनोबल को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की बात कही। उनका मानना है कि आधुनिक उपकरणों और तकनीक के साथ-साथ सैनिकों का आत्मविश्वास और क्षमता ही सेना की वास्तविक ताकत है। नए थल सेनाध्यक्ष ने कर्तव्य, सम्मान और राष्ट्र सर्वोपरि की भावना के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
उन्होंने कहा कि भारतीय सेना अपनी गौरवशाली परंपराओं को बनाए रखते हुए भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप स्वयं को लगातार विकसित करती रहेगी और देश की संप्रभुता तथा राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए सदैव तत्पर रहेगी। उन्होंने कहा कि एक अग्निवीर से लेकर सबसे वरिष्ठ वेटरन तक सब योद्धा हैं ये योद्धा हमारी सेना की सबसे बड़ी ताकत हैं ।
अंतरराष्ट्रीय समाचार
भारत ने भूकंपग्रस्त कोलंबिया की तरफ बढ़ाया मदद का हाथ, राहत सामग्री की पहली खेप भेजी

कोलंबिया में आए भयानक भूकंप के बाद भारत ने शुक्रवार को राहत सामग्री भेजी है। विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर की ओर से साझा जानकारी के अनुसार, भारत ने कोलंबिया को 20 मीट्रिक टन राहत सामग्री की पहली खेप भेजी।
विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर ने इस मुश्किल समय में कोलंबिया के लोगों के साथ भारत की एकजुटता दिखाई और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, “भूकंप के बाद चल रहे रिकवरी के कामों में मदद के लिए कोलंबिया को 20 एमटी राहत सप्लाई की पहली खेप भेजी गई। इस मदद में दवाएं और मेडिकल इक्विपमेंट, कुछ समय के लिए रहने की जगह और साफ-सफाई में मदद और आपदा के बाद जरूरी दूसरी चीजें शामिल हैं। भारत इस मुश्किल समय में कोलंबिया के लोगों के साथ एकजुटता में खड़ा है।”
बता दें, सोमवार को कोलंबिया में आए 7.3-तीव्रता के भूकंप में 281 लोगों की जान चली गई, 3,971 लोग घायल हुए, जबकि 391 लोग अभी भी लापता हैं।
कोलंबियाई जियोलॉजिकल सर्विस के मुताबिक, भूकंप पश्चिमी कोलंबिया में सुबह 7:34 बजे (स्थानीय समय) आया था। भूकंप का केंद्र सैन जोस डेल पालमार के पास था और यह 96 किलोमीटर की गहराई में आया था।
न्यूज एजेंसी सिन्हुआ की रिपोर्ट के अनुसार, नेशनल यूनिट फॉर डिजास्टर रिस्क मैनेजमेंट ने कहा कि कोलंबिया में भूकंप से 15 डिपार्टमेंट और 426 म्युनिसिपैलिटी में 44,936 परिवार और 102,105 लोग प्रभावित हुए हैं।
इसमें आगे बताया गया कि भूकंप से 10,677 घर तबाह हो गए हैं, जबकि 65,841 दूसरे घरों को नुकसान हुआ है। इससे पहले मंगलवार को विदेश मंत्री जयशंकर ने भूकंप में अपने प्रियजनों को खोने वाले परिवारों के प्रति संवेदना जताई और घायलों के जल्दी ठीक होने की प्रार्थना की।
विदेश मंत्री जयशंकर ने एक्स पर लिखा, “कोलंबिया में भूकंप से हुई दुखद मौतों और तबाही से बहुत दुखी हूं। जिन परिवारों ने अपने प्रियजनों को खोया है, उनके प्रति दिल से संवेदनाएं व्यक्त करता हूं। साथ ही घायलों के जल्दी ठीक होने की प्रार्थना करता हूं। भारत हर संभव मदद देने के लिए तैयार है।”
राजनीति
16 अगस्त से आम जनता के लिए खुलेगा राष्ट्रपति भवन का अमृत उद्यान, घूमने के लिए होगी ऑनलाइन बुकिंग

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने शुक्रवार को ‘अमृत उद्यान समर एनुअल्स एडिशन 2026’ का उद्घाटन किया। राष्ट्रपति भवन परिसर के इस प्रमुख उद्यान को 16 अगस्त से 15 सितंबर तक आम जनता के लिए खोला जाएगा।
समर एनुअल्स (गर्मियों के फूलों के मौसम) के दौरान अमृत उद्यान सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक खुला रहेगा और आखिरी एंट्री शाम 5 बजे होगी। एक आधिकारिक बयान के मुताबिक, रखरखाव के काम के लिए उद्यान हर सोमवार को बंद रहेगा।
विजिटर्स के लिए एंट्री और एग्जिट नॉर्थ एवेन्यू रोड के पास बने गेट नंबर 35 से होगा।
बयान में कहा गया है, “अमृत उद्यान में एंट्री फ्री होगी। विजिटर्स को विजिट.राष्ट्रपतिभवनडॉटगॉवडॉटइन पर पहले से ही अपने एंट्री स्लॉट ऑनलाइन बुक करने होंगे।”
किसी खास दिन के लिए स्लॉट की बुकिंग एक दिन पहले सुबह 10 बजे बंद हो जाएगी। मौके पर कोई बुकिंग नहीं होगी।
बयान में आगे कहा गया है कि विजिटर्स की सुविधा के लिए, घूमने के रास्ते में पीने के पानी के स्टॉल, फर्स्ट एड पोस्ट, बारिश से बचने की जगह और टॉयलेट जैसी सुविधाएं होंगी।
सेंट्रल सेक्रेटेरिएट मेट्रो स्टेशन से अमृत उद्यान के एंट्री पॉइंट तक हर 30 मिनट के अंतराल पर सुबह 9:30 बजे से शाम 6 बजे के बीच शटल बस सर्विस भी उपलब्ध होगी।
इससे पहले, राष्ट्रपति भवन में अमृत उद्यान विंटर एनुअल्स एडिशन 2026 3 फरवरी से 31 मार्च 2026 तक जनता के लिए खोला गया था।
विजिटर्स के लिए तय आम रास्ते में बाल वाटिका, प्लमेरिया गार्डन, बरगद गार्डन, बोन्साई गार्डन, बैबलिंग ब्रुक, सेंट्रल लॉन, लॉन्ग गार्डन और सर्कुलर गार्डन शामिल हैं।
फूलों की कई किस्मों के अलावा विजिटर्स बैबलिंग ब्रुक (झरनों वाली पानी की धारा) और रिफ्लेक्सोलॉजी पथ वाले बरगद गार्डन को भी देख सकेंगे।
विजिटर्स को मोबाइल फोन, इलेक्ट्रॉनिक चाबियां, पर्स या हैंडबैग, पानी की बोतलें और छोटे बच्चों के लिए दूध की बोतलें साथ ले जाने की इजाजत है।
आम रास्ते पर पीने का पानी, टॉयलेट और फर्स्ट एड या मेडिकल सर्विस जैसी सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
बयान में कहा गया है कि अमृत उद्यान के अलावा, लोग मंगलवार से रविवार तक राष्ट्रपति भवन और राष्ट्रपति भवन म्यूजियम भी जा सकते हैं और हर शनिवार को राष्ट्रपति भवन के फोरकोर्ट में ‘चेंज-ऑफ-गार्ड’ सेरेमनी देख सकते हैं।
राष्ट्रीय समाचार
एनआईए ने बंगाल में पकड़े गए आईएसआई से जुड़े पाकिस्तानी नागरिक के मामले की जांच शुरू की

राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने पाकिस्तानी नागरिक वहाब आलम के बारे में जानकारी एकत्र करना शुरू कर दिया है। उसे इस हफ्ते की शुरुआत में पश्चिम बंगाल पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने नॉर्थ 24 परगना जिले के हाबरा से गिरफ्तार किया था।
यह कदम एसटीएफ की शुरुआती जांच में आलम के पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी इंटर-सर्विसेज इंटेलिजेंस (आईएसआई) से जुड़े होने का पता चलने के बाद उठाया गया है। एनआईए ने जांच की डिटेल और अब तक इकट्ठा की गई जानकारी हासिल करने के लिए पश्चिम बंगाल एसटीएफ से संपर्क किया है।
इस मामले की जानकारी रखने वाले सूत्रों ने बताया कि एनआईए अधिकारी एसटीएफ के पास मौजूद जानकारी में खास तौर पर दिलचस्पी ले रहे हैं। इसमें वे लोग शामिल हैं जिनसे आलम लगातार संपर्क में था और 2012 में नकली भारतीय दस्तावेजों का इस्तेमाल करके भारत में गैरकानूनी तरीके से घुसने के बाद पश्चिम बंगाल में उसकी गतिविधियां कैसी थीं।
केंद्रीय एजेंसी ने गिरफ्तार सह आरोपी मोहम्मद इजाज के बारे में भी जानकारी मांगी है, जिसने आलम को भारत में बसने में मदद की थी। इजाज अभी एसटीएफ की कस्टडी में है।
सूत्रों ने बताया कि एनआईए जांच की अगली दिशा तय करने के लिए राज्य पुलिस द्वारा इकट्ठा की गई जानकारी का आकलन कर रही है। जांचकर्ता आलम और इजाज से जुड़े कम्युनिकेशन नेटवर्क की जांच कर रहे हैं, जिसमें ऐसे संपर्क भी शामिल हो सकते हैं जो इन दोनों आरोपियों से आगे तक फैले हों।
एनआईए अधिकारी जल्द ही आलम और इजाज से पूछताछ कर सकते हैं। सूत्रों का कहना है कि जरूरत पड़ने पर दोनों से एक साथ भी पूछताछ की जा सकती है, ताकि उनके बयानों की तुलना की जा सके और अलग-अलग स्रोतों से मिली जानकारी के बीच संभावित लिंक का पता लगाया जा सके। जांचकर्ताओं का मानना है कि इन जानकारियों को जोड़ने से आरोपियों के नेटवर्क और उनकी गतिविधियों के दायरे का पता लगाने में मदद मिल सकती है।
इस बीच, राज्य एसटीएफ आलम के मोबाइल फोन और गिरफ्तारी के दौरान जब्त किए गए अन्य डिजिटल डिवाइस खासकर उसकी नेटबुक से किए गए कम्युनिकेशन की जांच कर रही है।
पुलिस के एक सूत्र ने बताया कि जांचकर्ताओं को पता चला है कि आलम नेपाल के रास्ते गैरकानूनी तरीके से पश्चिम बंगाल में दाखिल हुआ था। यह जानकारी भी सामने आई है कि नेपाल में रहने के दौरान उसने शिलू नाम की एक स्थानीय महिला से शादी की थी।
बंगाल पुलिस नेपाल सरकार से आलम की पत्नी के बारे में विस्तृत जानकारी हासिल करने के लिए डिप्लोमैटिक चैनलों के जरिए विदेश मंत्रालय से संपर्क कर रही है। एसटीएफ की शुरुआती जांच से पता चला है कि आईएसआई ने आलम को पश्चिम बंगाल भेजा था, ताकि वह देश के पूर्वी इलाके में भारतीय सेना, भारतीय नौसेना और रेलवे के बारे में जानकारी जुटा सके।
-
दुर्घटना12 months agoनागपुर विस्फोट: बाजारगांव स्थित सौर ऊर्जा संयंत्र में बड़ा विस्फोट; 1 की मौत, कम से कम 10 घायल
-
व्यापार6 years agoआईफोन 12 का उत्पादन जुलाई से शुरू होगा : रिपोर्ट
-
महाराष्ट्र1 year agoमीरा भयंदर हजरत सैयद बाले शाह बाबा की मजार को ध्वस्त करने का आदेश
-
महाराष्ट्र1 year agoईद 2025 पर डोंगरी में दंगे और बम विस्फोट की ‘चेतावनी’ के बाद मुंबई पुलिस ने सुरक्षा बढ़ा दी
-
अपराध4 years agoभगौड़े डॉन दाऊद इब्राहिम के गुर्गो की ये हैं नई तस्वीरें
-
राजनीति1 year agoवक्फ संशोधन बिल लोकसभा में होगा पेश, भाजपा-कांग्रेस समेत कई पार्टियों ने जारी किया व्हिप
-
खेल1 year agoआईपीएल 2025 : शानदार रिकॉर्ड के नाम रहा एमआई और केकेआर का मैच, डेब्यूटेंट अश्विनी ने रचा इतिहास
-
महाराष्ट्र1 year agoहाईकोर्ट ने मुंबई पुलिस और महाराष्ट्र प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को नोटिस जारी किया, मस्जिदों के लाउडस्पीकर विवाद पर
