Connect with us
Monday,20-July-2026
ताज़ा खबर

अंतरराष्ट्रीय

ऑस्ट्रेलिया में जंगलों में लगी आग, कई घर जलकर हुए खाक

Published

on

सिडनी, 25 जनवरी। पश्चिमी ऑस्ट्रेलिया में जंगलों में लगी आग अब रौद्र रूप धारण कर चुकी है। इस आग की जद में आकर कई घर जलकर खाक हो चुके हैं। लोगों का कहना है कि यहां से उनका निकलना मुश्किल हो चुका है।

मीडिया के अनुसार, पश्चिमी ऑस्ट्रेलिया में अधिकारियों ने शनिवार सुबह चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि राज्य के दक्षिण-पश्चिम में दो जंगलों में आग लगी है। आग के कारण निकासी मार्गों पर असर पड़ा है। अब वहां से निकलने का समय बहुत कम है।

पर्थ से 190 किमी दक्षिण-पश्चिम में आर्थर नदी शहर के पास एक जगह आग लग गई। इस आग ने शुक्रवार को गर्म और हवा वाली स्थिति में 11,000 हेक्टेयर से ज्यादा जमीन को जला दिया। ऑस्ट्रेलियन ब्रॉडकास्टिंग कॉर्पोरेशन (एबीसी) ने शनिवार को बताया कि आग से दो घर जल गए हैं। इसके साथ ही और घरों को नुकसान होने की आशंका है।

आर्थर नदी और आसपास के शहरों के लोगों को चेतावनी दी गई है। कहा गया है कि अब वहां से निकलने के लिए बहुत देर हो चुकी है। लोग अब अपने घरों में आश्रय ले लें।

अग्निशमन और आपातकालीन सेवा विभाग (डीएफईएस) ने आपातकालीन चेतावनी जारी की। इसमें कहा गया, “अगर आप अभी निकले, तो आपकी जान खतरे में पड़ सकती है। आग आने से पहले आपको सुरक्षित जगह लेनी चाहिए। आग की जद में आकर आप अपनी जान से भी हाथ धो सकते हैं।”

इस संबंध में जारी की गई चेतावनी में निवासियों से कहा गया है कि वे अपने घरों को खाली करने के लिए तैयार रहें। राज्य के दक्षिणी तट पर ब्रेमर बे के पास एक अलग आग की भी चेतावनी दी गई।

डीएफईएस ने कहा, “कृपया इस क्षेत्र को छोड़ने या आने की कोशिश न करें, चाहे आप वाहन से हों या पैदल। अगर आप किसी मजबूत संरचना में सुरक्षित नहीं रह सकते, तो आपको समुद्र तट या खुले मैदान में जाना चाहिए, जहां कोई घास या पेड़ न हों।”

पर्थ से 300 किमी पूर्व में पश्चिमी ऑस्ट्रेलिया के कम आबादी वाले मध्य क्षेत्र में आग लगी है। यह आग 40,000 हेक्टेयर में फैली हुई है। अब आग के लिए चेतावनियां कम कर दी गई हैं। लेकिन क्षेत्र के लोगों को स्थितियों पर नजर रखने की सलाह दी गई है।

पश्चिमी ऑस्ट्रेलिया कई दिनों से तेज गर्मी झेल रहा है। राज्य में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर है।

अंतरराष्ट्रीय

ईरान का दावा: अमेरिकी हमलों में 14 लोगों की मौत

Published

on

ईरान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने दावा किया है कि बुधवार से शुरू हुए अमेरिकी हमलों में 14 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 78 लोग घायल हुए हैं। मंत्रालय के अनुसार, ये हमले ईरान के पांच प्रांतों में किए गए।

स्वास्थ्य मंत्रालय के प्रवक्ता होसैन केरमनपौर ने बताया कि घायलों में से 47 अभी भी अस्पतालों में भर्ती हैं, जबकि बाकी लोगों को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई है। मंत्रालय ने कहा कि प्रभावित क्षेत्रों में चिकित्सा सेवाओं और राहत कार्यों को तेज कर दिया गया है।

इस बीच, ईरानी सेना ने दावा किया कि उसने खाड़ी क्षेत्र स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों और रणनीतिक प्रतिष्ठानों को निशाना बनाते हुए बड़े पैमाने पर ड्रोन हमले किए हैं।

ईरानी सेना के अनुसार, इन हमलों में कुवैत में पैट्रियट मिसाइल रक्षा प्रणाली, कतर में प्रारंभिक चेतावनी (अर्ली वार्निंग) सैटेलाइट एंटीना साइट, और बहरीन में अमेरिकी सेना के ईंधन भंडारण टैंकों को निशाना बनाया गया। सेना का कहना है कि इन अभियानों में विभिन्न प्रकार के बड़ी संख्या में ड्रोन का इस्तेमाल किया गया।

ईरानी सशस्त्र बलों ने एक बयान में कहा कि वे “अमेरिकी राष्ट्रपति के उद्देश्यों को किसी भी कीमत पर सफल नहीं होने देंगे” और देश की सुरक्षा तथा इस्लामी क्रांति के आदर्शों की रक्षा के लिए अपने अभियान जारी रखेंगे।

हालांकि, ईरान के इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है। अमेरिका, बहरीन, कतर और कुवैत की ओर से भी इन कथित ड्रोन हमलों और संभावित नुकसान को लेकर तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

अमेरिका ने बुधवार रात ईरान पर फिर एयरस्ट्राइक की। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम) ने भी दावा किया कि उसने ईरान के करीब 90 सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। इनमें एयर डिफेंस सिस्टम, मिसाइल-ड्रोन स्टोरेज साइट, सैन्य लॉजिस्टिक्स इंफ्रास्ट्रक्चर शामिल हैं।

Continue Reading

अंतरराष्ट्रीय

ईरान के पेट्रोकेमिकल प्लांट को इजरायली हमले से नुकसान, नेतन्याहू ने बुलाई सुरक्षा कैबिनेट बैठक

Published

on

तेल अवीव/तेहरान, 8 जून: लेबनान में हिज्बुल्लाह पर हमले के जवाब में ईरान ने रविवार रात से इजरायल के कई इलाकों पर बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं। जवाबी कार्रवाई में ईरान के खुजेस्तान प्रांत के माहशहर स्थित कारून पेट्रोकेमिकल कंपनी को निशाना बनाया। ईरानी मीडिया के अनुसार, इससे प्लांट को काफी नुकसान पहुंचा है। इस बीच इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने सुरक्षा कैबिनेट की बैठक बुलाई।

फार्स समाचार एजेंसी ने खुजेस्तान प्रांत के एक सुरक्षा अधिकारी के हवाले से बताया कि हमले में संयंत्र का एक हिस्सा क्षतिग्रस्त हुआ है। अधिकारी के पास नुकसान और हताहतों का पूरा ब्योरा उपलब्ध नहीं था।

ईरानी शहर माहशहर प्रमुख पेट्रोकेमिकल और औद्योगिक केंद्रों में गिना जाता है। यहां मौजूद ऊर्जा और रासायनिक उद्योग देश की अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं।

वहीं, इजरायली सेना ने पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स पर हमले की पुष्टि की है। सैन्य बयान में कहा गया कि इजरायली वायुसेना ने परिसर के कई लक्ष्यों को निशाना बनाया। सेना ने संक्षिप्त बयान में कहा कि अभियान से जुड़ी विस्तृत जानकारी बाद में जारी की जाएगी। फिलहाल हमले के दायरे और उसके प्रभाव को लेकर अधिक विवरण सार्वजनिक नहीं किया गया है।

इस तरह 7 जून को ईरान-इजरायल के अप्रैल में हुए सीजफायर के 2 महीने बाद ही दोबारा सैन्य अभियान शुरू कर दिया गया। ईरान की रेवोल्यूशनरी गार्ड (आईआरजीसी) ने कहा कि यह कार्रवाई लेबनान में हिजबुल्लाह पर इजरायली हमलों के जवाब में की गई है। हमलों के बाद इजरायल का एयर डिफेंस सिस्टम एक्टिव हो गया।

इसके जवाब में कुछ घंटों बाद इजरायल ने ईरान में जवाबी कार्रवाई शुरू कर दी। आईडीएफ के अनुसार उसने पश्चिमी और मध्य ईरान के सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया है।

ईरानी समाचार एजेंसी आईआरएनए के मुताबिक, तेहरान, तबरीज और इस्फहान में कई धमाके हुए। आईआरजीसी ने दावा किया कि इजराइल ने हमलों में एयर-लॉन्च बैलिस्टिक मिसाइलों का इस्तेमाल किया।

ईरान का दावा है कि उसने इजरायल के नेवातिम और तेल नोफ एयर बेस पर हमला किया। आईआरजीसी ने एक बयान में कहा, “यह ऑपरेशन इजरायली शासन के ईरान में तीन अलग-अलग जगहों पर कई रडार साइटों पर किए मिसाइल हमले के जवाब में किया गया था।”

आईडीएफ का कहना है कि उसने सोमवार सुबह ईरान की ओर से छोड़ी गई मिसाइलों को हवा में ही नष्ट कर दिया।

वर्तमान हालात के बीच इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने सोमवार को सुरक्षा कैबिनेट की अहम बैठक बुलाई। यह बैठक भारतीय समयानुसार दोपहर 1:30 बजे होनी तय की गई।

इजरायली मीडिया के अनुसार, बैठक में केवल चुनिंदा वरिष्ठ मंत्री और सुरक्षा मामलों से जुड़े शीर्ष अधिकारी शामिल होंगे। बैठक में ईरान के हमलों, इजरायल की जवाबी कार्रवाई और आगे की सैन्य रणनीति पर चर्चा की संभावना जताई गई।

Continue Reading

अंतरराष्ट्रीय

हॉर्मुज स्ट्रेट के खुलने पर अनिश्चितता से कच्चे तेल में तेजी जारी, ब्रेंट क्रूड 103 डॉलर प्रति बैरल के पार

Published

on

हॉर्मुज स्ट्रेट के खुलने पर अनिश्चितता के बीच कच्चे तेल में तेजी जारी है और गुरुवार को कीमतें फिर से 100 डॉलर प्रति बैरल के पार निकल गई है।

इंटरकॉन्टिनेंटल एक्सचेंज पर ब्रेंट का जून फ्यूचर्स का कॉन्ट्रैक्ट सुबह के कारोबार में 103.35 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा था, जो पिछले बंद भाव से लगभग 4 प्रतिशत अधिक था। वहीं, न्यूयॉर्क मर्केंटाइल एक्सचेंज पर वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (डब्ल्यूटीआई) क्रूड का जून फ्यूचर्स का कॉन्ट्रैक्ट 1.62 प्रतिशत बढ़कर 94.47 डॉलर प्रति बैरल हो गया।

कच्चे तेल की कीमत में बढ़ोतरी की वजह हॉर्मुज स्ट्रेट के खुलने पर अनिश्चितता को माना जा रहा है।

हालांकि, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरानी नेताओं द्वारा “यूनिफाइड प्रस्ताव” दिए जाने तक युद्धविराम को बढ़ा दिया, लेकिन उन्होंने ईरान पर लगी नौसैनिक नाकाबंदी नहीं हटाई।

अमेरिका की सेंट्रल कमांड ने सोशल मीडिया पर कहा, “ईरान के खिलाफ अमेरिकी नाकाबंदी के तहत अमेरिकी सेना ने 31 जहाजों को वापस मुड़ने या बंदरगाह पर लौटने का निर्देश दिया है।”

वहीं, ईरानी संसद के स्पीकर मोहम्मद बाकेर गालिबाफ ने कहा कि मौजूदा हालात में होर्मुज स्ट्रेट को दोबारा नहीं खोला जाएगा।

उन्होंने कहा कि अमेरिका की ओर से होर्मुज स्ट्रेट को ब्लॉक कर दिया गया है। यह सीजफायर का उल्लंघन है। इससे ईरानी बंदरगाहों को निशाना बनाया जा रहा है। आगे कहा कि पूर्ण सीजफायर तभी संभव है, जब अमेरिका होर्मुज स्ट्रेट के ब्लॉक को समाप्त कर देता है।

विश्लेषकों का कहना है कि होर्मुज स्ट्रेट 50 दिनों से अधिक समय से बंद है, जिससे वैश्विक तेल और गैस आपूर्ति का लगभग पांचवां हिस्सा बाधित हो गया है। कीमतों में लगातार वृद्धि से भारत के आयात बिल पर असर पड़ सकता है और इसकी अर्थव्यवस्था पर दबाव आ सकता है।

सरकार का कहना है कि देश भर में खुदरा ईंधन आउटलेट सामान्य रूप से काम कर रहे हैं।

Continue Reading
Advertisement
खेल48 minutes ago

फीफा वर्ल्ड कप: फाइनल मैच खत्म होने के बाद भिड़े स्पेन-अर्जेंटीना के खिलाड़ी, मैदान पर हुई मारपीट

राष्ट्रीय समाचार2 hours ago

भारतीय शेयर बाजार का आधार मजबूत, घरेलू निवेशक की खरीदारी से एफआईआई की बिकवाली हो रही बेअसर

व्यापार3 hours ago

मध्य पूर्व में तनाव से भारतीय शेयर बाजार लाल निशान में खुला, फाइनेंशियल स्टॉक्स पर दबाव

खेल4 hours ago

वर्ल्ड चैंपियन बनने के साथ मालामाल हुआ स्पेन, अर्जेंटीना पर भी हुई पैसों की बारिश

राष्ट्रीय समाचार4 hours ago

जम्मू-कश्मीर में बाढ़: पुंछ और राजौरी जिलों में 20 से अधिक लोगों की मौत, कई लापता

अंतरराष्ट्रीय समाचार4 hours ago

जॉर्डन, कुवैत, बहरीन ने ईरान के नए हमलों की दी जानकारी, तनाव कम करने की उठाई मांग

महाराष्ट्र4 hours ago

महाराष्ट्र: वर्धा जिले में सड़क हादसे में छह की मौत, उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने जताई संवेदना

राष्ट्रीय समाचार4 hours ago

नीट, पेपर लीक और राम मंदिर चढ़ावे जैसे जनहित के मुद्दों पर चर्चा से बच रही सरकार : गौरव गोगोई

खेल23 hours ago

‘ऐतिहासिक जीत’, जापान ओपन का खिताब जीतने पर पीवी सिंधु को मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री समेत अन्य नेताओं ने दी बधाई

मनोरंजन24 hours ago

मां बनने के बाद कैटरीना कैफ का पहला बर्थडे रहा बेहद खास, बेटे विहान संग शेयर किए अनदेखे पल

महाराष्ट्र4 weeks ago

मुंबई-गुड़गांव मोबाइल चोरी गैंग का पर्दाफाश, एक गिरफ्तार, चोरी का माल बरामद, 7 पुलिस ने रहस्य सुलझाने का दावा किया

राष्ट्रीय समाचार3 weeks ago

केतन मर्डर केस : घंटों की पूछताछ में सिया के भाई का बयान- अगर बहन ने मना किया होता तो शादी ही रद्द कर देते

राष्ट्रीय समाचार4 weeks ago

पश्चिम एशिया संघर्ष के बीच भारत ने एलपीजी आयात के स्रोत बढ़ाए, तेल कंपनियों को हुआ करीब 22,000 करोड़ रुपए का नुकसान

राष्ट्रीय समाचार3 weeks ago

सोना इस हफ्ते धड़ाम, चांदी का दाम 15 हजार रुपए से अधिक घटा

राष्ट्रीय समाचार2 weeks ago

सोना इस हफ्ते 6 हजार रुपए से अधिक महंगा हुआ, चांदी 2.3 लाख के पार

महाराष्ट्र3 weeks ago

बेटे का पॉलिटिकल करियर बचाने की दौड़ शुरू हो गई, उद्धव ठाकरे को ‘माफी यात्रा’ शुरू करनी चाहिए, शिवसेना सेक्रेटरी किरण पावस्कर ने किया उद्धव पर हमला

महाराष्ट्र2 weeks ago

महाराष्ट्र: पिंपरी-चिंचवड़ के मोशी इलाके में गिरी इमारत के बाद बचाव जारी, 9 लोगों को बाहर निकाला गया

महाराष्ट्र2 weeks ago

डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे अस्पताल में भर्ती, अत्यधिक थकान के बाद बिगड़ी तबीयत, हालत स्थिर

खेल4 weeks ago

फीफा वर्ल्ड कप: 92 साल में पहली फतह, मिस्र के राष्ट्रपति बोले- यह जीत दृढ़ संकल्प और इच्छाशक्ति को दर्शाती है

अंतरराष्ट्रीय समाचार2 weeks ago

प्रधानमंत्री मोदी अगले सप्ताह करेंगे न्यूजीलैंड की पहली आधिकारिक यात्रा, पीएम क्रिस्टोफर लक्सन ने जताई खुशी

रुझान