Connect with us
Sunday,09-August-2026
ताज़ा खबर

राष्ट्रीय समाचार

मई में बीएफएसआई थीमैटिक फंड्स ने दिया सबसे बेहतर रिटर्न, एसआईपी निवेशकों का भरोसा बड़े शेयरों पर कायम: रिपोर्ट

Published

on

बैंकिंग, वित्तीय सेवाएं और बीमा (बीएफएसआई) थीमैटिक फंड्स ने मई महीने में म्यूचुअल फंड निवेश जगत में सबसे अच्छा प्रदर्शन किया। इन फंड्स ने 5.5 प्रतिशत का रिटर्न दिया और इनमें 1,013 करोड़ रुपए का निवेश आया। इसका मुख्य कारण इन फंड्स में बड़ी संख्या में लार्ज-कैप शेयरों की मौजूदगी रही।

वैलम कैपिटल की रिपोर्ट के अनुसार, मई महीने में एक दिलचस्प स्थिति देखने को मिली। माइक्रो-कैप फंड्स ने 5.7 प्रतिशत रिटर्न के साथ सबसे बेहतर प्रदर्शन किया, लेकिन इसके बावजूद इनमें निवेशकों की रुचि सीमित रही और इन फंड्स में अपेक्षाकृत कम निवेश आया, जबकि

रिपोर्ट के मुताबिक, स्मॉल-कैप फंड्स ने मई में 3.4 प्रतिशत का रिटर्न दिया और इनमें 2,229 करोड़ रुपए का निवेश आया। वहीं मिड-कैप फंड्स ने 1.6 प्रतिशत का रिटर्न दिया और इनमें 3,898 करोड़ रुपए का निवेश हुआ।

इसके विपरीत, लार्ज-कैप फंड्स ने मई महीने में केवल 1.5 प्रतिशत का रिटर्न दिया, जो विभिन्न कैटेगरी में सबसे कम था। इसके बावजूद इन फंड्स में 8,565 करोड़ रुपए का निवेश आया, जो स्मॉल-कैप फंड्स के मुकाबले लगभग चार गुना और मिड-कैप फंड्स के मुकाबले दोगुने से भी अधिक है।

इसके अलावा, फ्लेक्सी-कैप फंड्स ने 2.1 प्रतिशत का रिटर्न दिया और इनमें 5,350 करोड़ रुपए का निवेश आया। वहीं, लार्ज एंड मिड-कैप फंड्स में 2,617 करोड़ रुपए का निवेश हुआ, जबकि इनका रिटर्न 1.9 प्रतिशत रहा।

रिपोर्ट में कहा गया है कि लार्ज-कैप और फ्लेक्सी-कैप इंडेक्स आधारित योजनाओं में निवेशकों द्वारा पहले से निर्धारित एसआईपी निर्देशों के कारण खुदरा निवेशकों का पैसा लगातार बाजार के सबसे बड़े और अधिक तरल (लिक्विड) शेयरों में जाता रहता है।

यही वजह है कि भले ही कुछ छोटे फंड्स बेहतर प्रदर्शन कर रहे हों, फिर भी लार्ज-कैप फंड्स में निवेश का प्रवाह लगातार बना हुआ है।

वर्तमान में 10.5 लाख करोड़ रुपए से अधिक एसेट अंडर मैनेजमेंट (एयूएम) के साथ लार्ज-कैप फंड्स भारतीय म्यूचुअल फंड उद्योग की सबसे बड़ी श्रेणी बने हुए हैं।

मई में एसआईपी (सिस्टेमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान) के जरिए कुल 30,954 करोड़ रुपए का निवेश हुआ, जो पिछले वर्ष की तुलना में 16 प्रतिशत अधिक है।

देश में सक्रिय एसआईपी खातों की संख्या बढ़कर 9.64 करोड़ हो गई है।

मई के अंत तक भारतीय म्यूचुअल फंड उद्योग का कुल एसेट अंडर मैनेजमेंट 81.58 लाख करोड़ रुपए पर स्थिर रहा। इसके साथ ही इक्विटी म्यूचुअल फंड्स में लगातार 63वें महीने भी शुद्ध निवेश (नेट इनफ्लो) दर्ज किया गया।

रिपोर्ट के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने मई में 32,963 करोड़ रुपए के शेयर बेचे, जबकि इसके विपरीत, घरेलू संस्थागत निवेशकों (डीआईआई) ने 82,165 करोड़ रुपए के शेयर खरीदे, जिससे बाजार को मजबूत समर्थन मिला।

सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक (पीएसयू बैंक) फंड्स ने मई में 6.9 प्रतिशत का रिटर्न दिया और इनमें 436 करोड़ रुपए का निवेश आया। वहीं प्राइवेट बैंक फंड्स ने 6.5 प्रतिशत का रिटर्न दिया और इनमें 329 करोड़ रुपए का निवेश हुआ। दोनों श्रेणियों में कुल मिलाकर 765 करोड़ रुपए का निवेश आया।

ट्रांसपोर्टेशन और लॉजिस्टिक्स फंड्स ने मई में 4.4 प्रतिशत का रिटर्न दिया और इनमें 194 करोड़ रुपए का निवेश हुआ।

इसके अलावा, ऑटो फंड्स ने भी 4.2 प्रतिशत का मजबूत रिटर्न दर्ज किया, जिससे यह श्रेणी भी निवेशकों के बीच आकर्षण का केंद्र बनी रही।

राष्ट्रीय समाचार

भारत की गैर-जीवाश्म ईंधन आधारित ऊर्जा क्षमता 300 गीगावाट से अधिक हुई : रिपोर्ट

Published

on

भारत ने क्लीन एनर्जी के क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि हासिल की है। देश की गैर-जीवाश्म ईंधन आधारित ऊर्जा क्षमता 31 जुलाई, 2026 तक बढ़कर 300 गीगावाट से अधिक हो गई है। यह देश में स्थापित कुल ऊर्जा क्षमता 552 गीगावाट का करीब 54 प्रतिशत है। यह जानकारी नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय की ओर से रविवार को दी गई।

केंद्र सरकार ने कहा कि क्लीन एनर्जी के उत्पादन में बढ़ोतरी कई सेक्टर के योगदान से हुई है। सोलर एनर्जी, रिन्यूएनबल एनर्जी में विकास का मुख्य इंजन बनी हुई है। 2014 में इसकी क्षमता सिर्फ 2.8 गीगावाट थी जो अब बढ़कर लगभग 165 गीगावाट हो गई है। साथ ही, विंड एनर्जी सेक्टर में भी तेजी आई है और इसकी क्षमता 2014 के 21 गीगावाट से बढ़कर 58 गीगावाट से ज्यादा हो गई है।

साल 2025-26 के दौरान, देश में गैर-जीवाश्म ईंधन आधारित ऊर्जा उत्पादन की रिकॉर्ड 55.29 गीगावाट क्षमता स्थापित की गई, जिसमें 44.6 गीगावाट सोलर पावर और 6 गीगावाट विंड पावर का मुख्य योगदान रहा।

भारत ने 2030 तक 500 गीगावाट गैर-जीवाश्म ईंधन आधारित क्षमता हासिल करने के लक्ष्य का 60 प्रतिशत पहले ही पूरा कर लिया है।

रिन्यूएबल एनर्जी क्षमता में हुई बढ़ोतरी देश में रिन्यूएबल एनर्जी के उत्पादन में भी दिखती है, जो 2014-15 में 190.96 बिलियन यूनिट (बीयू) से बढ़कर 2025-26 में 477.79 बीयू हो गया है।

भारत ने 2030 तक 500 गीगावाट क्षमता हासिल करने के लक्ष्य का 60 प्रतिशत पहले ही पूरा कर लिया है, क्योंकि देश एक आत्मनिर्भर ऊर्जा इकोसिस्टम बनाने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।

इस तेजी से हो रहे विस्तार को सहारा देने और सप्लाई चेन में आत्मनिर्भरता सुनिश्चित करने के लिए, भारत ने अपनी घरेलू मैन्युफैक्चरिंग क्षमताओं में बदलाव किया है।

देश में ज्यादा क्षमता वाले और घरेलू स्तर पर बने मॉड्यूल के साथ सोलर इंस्टॉलेशन पर ध्यान केंद्रित करने वाली ‘प्रोडक्शन लिंक्ड इंसेंटिव’ (पीएलआई) स्कीम की वजह से, सोलर पीवी मॉड्यूल के लिए ‘अप्रूव्ड लिस्ट ऑफ मॉडल्स एंड मैन्युफैक्चरर्स’ (एएलएमएम) के तहत रजिस्टर्ड क्षमता 2014 में सिर्फ 2.3 गीगावाट से बढ़कर ऐतिहासिक 200 गीगावाट के आंकड़े को पार कर गई है।

नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय ‘नेशनल ग्रीन हाइड्रोजन मिशन’ को लागू करके बड़े पैमाने पर औद्योगिक डीकार्बोनाइजेशन को भी बढ़ावा दे रहा है। इससे भारत ग्रीन हाइड्रोजन और उससे बनने वाले उत्पादों के उत्पादन, इस्तेमाल और निर्यात के लिए एक ग्लोबल हब बनने की स्थिति में आ रहा है।

Continue Reading

राजनीति

ममता बनर्जी के काफिले पर पथराव, पूर्व सीएम का आरोप-पुलिस के सामने हुआ सब कुछ

Published

on

पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले के हलीशहर में तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के काफिले को विरोध का सामना करना पड़ा। आरोप है कि प्रदर्शनकारियों ने उनके काफिले को रोककर उनकी गाड़ी पर कीचड़, पानी की बोतलें और जूते-चप्पल फेंके। ममता बनर्जी ने दावा किया कि पुलिस की मौजूदगी में यह सब हुआ है।

ममता बनर्जी एक दिवंगत टीएमसी कार्यकर्ता के परिवार से मिलने जा रही थीं। इसी दौरान हलीशहर में पहले से मौजूद प्रदर्शनकारियों ने उनके काफिले को रोक दिया। देखते ही देखते प्रदर्शन उग्र हो गया और भीड़ ने उनकी गाड़ी को चारों ओर से घेर लिया। प्रदर्शनकारियों ने ममता बनर्जी के खिलाफ नारेबाजी भी की।

घटना के बाद ममता बनर्जी ने मीडिया से बातचीत में दावा किया कि असामाजिक तत्वों ने पुलिस के सामने ही मेरी कार पर बड़े-बड़े पत्थर फेंके। गाड़ी पर हमला इतना जबरदस्त था कि अगर खिड़कियां खुली होतीं तो मेरा सिर फट जाता। हम सब मारे जा सकते थे। यह सब पुलिस के सामने हुआ। मैंने ऐसा कुछ कभी नहीं देखा। यह क्या हो रहा है?

उन्होंने पुलिस पर भी गंभीर आरोप लगाए और कहा कि पुलिस भाजपा को सुरक्षा दे रही है। ममता बनर्जी ने इस घटना को लेकर राज्य की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए।

जानकारी के मुताबिक ममता बनर्जी, जिस टीएमसी कार्यकर्ता के परिवार से मिलने जा रही थीं, उसकी शुक्रवार को पुलिस कस्टडी में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। इसी मामले को लेकर इलाके में पहले से तनाव का माहौल था।

पूर्व सीएम का काफिला जैसे ही हलीशहर पहुंचा, वहां मौजूद गुस्साई भीड़ ने वाहनों को आगे बढ़ने से रोक दिया। प्रदर्शनकारियों ने ममता बनर्जी की गाड़ी पर कीचड़, पानी की बोतलें और जूते-चप्पल फेंके। ममता बनर्जी का आरोप है कि इसी दौरान पत्थर और ईंटें भी फेंकी गईं।

गौर करने वाली बात यह है कि जब से बंगाल में सत्ता परिवर्तन हुआ है, तब से टीएमसी नेताओं को निशान बनाया जा रहा है। टीएमसी सांसदों और विधायकों के बाद अब टीएमसी प्रमुख को निशाना बनाया गया है, जिस दौरान यह हमला हुआ, ममता बनर्जी के साथ पार्टी के अन्य सांसद भी मौजूद थे।

Continue Reading

राष्ट्रीय समाचार

ओडिशा के 4.5 करोड़ लोगों से सीएम माझी की अपील, गर्व से फहराएं राष्ट्रीय ध्वज

Published

on

ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने रविवार को ‘अगस्त क्रांति दिवस’ के अवसर पर भुवनेश्वर में ‘हर घर तिरंगा’ अभियान की शुरुआत की।

इस मौके पर उन्होंने ओडिशा के 4.5 करोड़ लोगों से अपील करते हुए कहा कि वे 9 से 17 अगस्त तक राज्य के हर गांव, पंचायत, शहर, घर, स्कूल और दफ्तर में गर्व के साथ राष्ट्रीय ध्वज फहराएं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि 9 अगस्त 1942 को मुंबई के अगस्त क्रांति मैदान से शुरू हुए ‘भारत छोड़ो’ आंदोलन ने आजादी की लड़ाई को एक नई दिशा दी थी।

स्वतंत्रता सेनानियों, बहादुर शहीदों और ओडिशा के अमर सपूतों को श्रद्धांजलि देते हुए मुख्यमंत्री माझी ने कहा कि राष्ट्रीय ध्वज ‘तिरंगा’ सिर्फ तीन रंगों का मेल नहीं है, बल्कि यह 140 करोड़ भारतीयों के आत्म-सम्मान, गर्व और उम्मीदों का प्रतीक है। केसरिया रंग साहस और बलिदान का, सफेद रंग शांति और सच्चाई का, हरा रंग समृद्धि का प्रतीक है और बीच में बना अशोक चक्र हमें कर्तव्य के रास्ते पर लगातार आगे बढ़ने की सीख देता है।

इस राष्ट्रीय त्योहार को पूरी तरह से पर्यावरण अनुकूल बनाने के लिए मुख्यमंत्री ने प्लास्टिक के झंडों का पूरी तरह से बहिष्कार करने और केवल कपड़े के झंडों का इस्तेमाल करने का जोरदार आह्वान किया।

इस मौके पर एक रंगारंग पदयात्रा आयोजित की गई। विभिन्न स्कूलों और कॉलेजों के छात्र, स्काउट्स और गाइड्स, एनसीसी और एनएसएस के स्वयंसेवकों ने हाथों में तिरंगा लेकर अनुशासित ढंग से मार्च किया। ओडिशा के अलग-अलग हिस्सों से आए सांस्कृतिक दलों ने अपने पारंपरिक लोक नृत्यों और कला का प्रदर्शन किया।

मुख्यमंत्री ने प्रमुख खिलाड़ियों और हजारों छात्रों के साथ वंदे मातरम और भारत माता की जय के नारे लगाते हुए इस जुलूस में हिस्सा लिया।

राज्य की ‘जेन-जी’ और युवाओं को संबोधित करते हुए माझी ने कहा कि आज के डिजिटल युग में कुछ बाहरी ताकतें, अदृश्य दुश्मन, सोशल मीडिया का गलत इस्तेमाल और नशीले पदार्थों के बुरे असर से हमारी युवा पीढ़ी को गुमराह करने की कोशिश कर रहे हैं। वे बुरी और अदृश्य ताकतें अपने मकसद में कभी कामयाब नहीं होंगी।

युवाओं को इन ताकतों के जाल में न फंसने और देशभक्ति को सबसे ज्यादा प्राथमिकता देने की सलाह देते हुए सीएम ने नारा दिया कि युवाओं की एकमात्र आवाज देश की सुरक्षा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘विकसित भारत 2047’ के विजन में ओडिशा की भूमिका सबसे निर्णायक होगी।

राज्य के किसानों, मजदूरों, युवाओं और आत्मनिर्भर महिलाओं के योगदान से ओडिशा देश के आर्थिक और औद्योगिक विकास का एक प्रमुख इंजन बनेगा।

स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री ने जनता से देश की सुरक्षा में लगे बहादुर सैनिकों और पुलिसकर्मियों के परिवारों का गर्व के साथ सम्मान करने का आह्वान किया।

Continue Reading
Advertisement
राष्ट्रीय समाचार2 hours ago

भारत की गैर-जीवाश्म ईंधन आधारित ऊर्जा क्षमता 300 गीगावाट से अधिक हुई : रिपोर्ट

राजनीति2 hours ago

ममता बनर्जी के काफिले पर पथराव, पूर्व सीएम का आरोप-पुलिस के सामने हुआ सब कुछ

राष्ट्रीय समाचार3 hours ago

ओडिशा के 4.5 करोड़ लोगों से सीएम माझी की अपील, गर्व से फहराएं राष्ट्रीय ध्वज

व्यापार3 hours ago

मार्केट आउटलुक: पहली तिमाही के नतीजे, अमेरिका-ईरान तनाव और घरेलू आर्थिक आंकड़ों से तय होगा शेयर बाजार का रुझान

मनोरंजन3 hours ago

जब सुनील शेट्टी ने खोला था एक्शन हीरो बनने का राज, बोले- ’75 प्रतिशत मेहनत और 25 प्रतिशत किस्मत का है खेल’

राष्ट्रीय समाचार4 hours ago

जम्मू-कश्मीर में ‘हर घर तिरंगा अभियान 2026’ की धूम, जम्मू से पुंछ तक निकाली गईं रैलियां

राष्ट्रीय समाचार4 hours ago

भारतीय शेयर बाजार की शीर्ष 10 में से चार कंपनियों का मार्केटकैप 1.43 लाख करोड़ रुपए बढ़ा

खेल5 hours ago

बार्सिलोना ने जॉर्ज मेसी के निधन पर शोक जताया, लियोनेल के पिता को दी श्रद्धांजलि

अपराध6 hours ago

नागपुर रेलवे स्टेशन पर ट्रेन यात्री से 3 करोड़ रुपए का सोना जब्त, गिरफ्तार

राजनीति6 hours ago

विश्व आदिवासी दिवस पर केजरीवाल का संदेश, आदिवासी समाज के अधिकारों के लिए लड़ रही है आप

अपराध2 weeks ago

मुंबई में आतंक! जुल्फिकार गैंग पर बिल्डर से हफ्ता मांगने और उसकी हत्या करने का आरोप, मुंबई क्राइम ब्रांच की कार्रवाई, 12 गुंडे गिरफ्तार

खेल4 weeks ago

मिकेल मेरिनो ने रचा इतिहास, फीफा वर्ल्ड कप में यह कारनामा करने वाले बने विश्व के पहले खिलाड़ी

महाराष्ट्र3 weeks ago

महाराष्ट्र: वर्धा जिले में सड़क हादसे में छह की मौत, उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने जताई संवेदना

मनोरंजन3 weeks ago

रणदीप हुड्डा की बेटी न्योमिका की पहली चावल रस्म, परिवार के साथ मनाया खास जश्न

राष्ट्रीय समाचार3 weeks ago

सीजेपी प्रदर्शन हिंसा मामले में दिल्ली पुलिस की कार्रवाई तेज, अब तक 10 एफआईआर दर्ज

महाराष्ट्र1 week ago

मुंबई: 8 साल के बच्चे के माता-पिता को टी-शर्ट से मिला सुराग, जोगेश्वरी से लापता बच्चा सुरक्षित माता-पिता को सौंपा गया, मुंबई पुलिस की बड़ी कामयाबी

राष्ट्रीय समाचार3 weeks ago

ई20 पेट्रोल विवाद: उपभोक्ता के पक्ष में देश का पहला फैसला, रायपुर कोर्ट ने कंपनी को वाहन बदलने का दिया आदेश

राजनीति3 weeks ago

टीएमसी के बागी सांसदों को बुलाने पर भड़का विपक्ष, सर्वदलीय बैठक से कांग्रेस, सपा और ‘आप’ का वॉकआउट

मनोरंजन1 week ago

जाह्नवी कपूर ने शिखर पहाड़िया और परिवार के साथ बिताए गए खास पलों की तस्वीरें शेयर कीं

राजनीति2 weeks ago

छात्रों पर पुलिस कार्रवाई को लेकर राहुल गांधी का अमित शाह को पत्र, पैलेट गन के इस्तेमाल पर मांगा जवाब

रुझान