Connect with us
Monday,10-August-2026
ताज़ा खबर

अंतरराष्ट्रीय समाचार

अमेरिका-ईरान समझौते से कच्चे तेल की कीमतों में बड़ी गिरावट, ब्रेंट क्रूड करीब 5 प्रतिशत टूटा

Published

on

अमेरिका और ईरान के बीच समझौता होने तथा होर्मुज जलडमरूमध्य को दोबारा खोलने की घोषणा के बाद सोमवार को वैश्विक कच्चे तेल की कीमतों में करीब 5 प्रतिशत तक की गिरावट दर्ज की गई। इससे वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति में बाधा आने की आशंकाएं काफी हद तक कम हो गई हैं।

अंतरराष्ट्रीय तेल बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड शुरुआती कारोबार में 4.90 प्रतिशत तक गिरकर 83.05 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया, जबकि अमेरिकी वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (डब्ल्यूटीआई) क्रूड 5.74 प्रतिशत टूटकर करीब 80 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया।

बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौते की दिशा में हुई प्रगति से निवेशकों का भरोसा बढ़ा है, जिसके चलते सप्ताह की शुरुआत में एशियाई शेयर बाजारों में जोरदार तेजी देखने को मिली। वहीं अमेरिकी फ्यूचर्स भी मजबूती के साथ कारोबार करते नजर आए।

विशेषज्ञों ने कहा, “इस बीच ब्रेंट क्रूड ऑयल 4 प्रतिशत से ज्यादा गिरकर 83 डॉलर प्रति बैरल के स्तर के करीब पहुंच गया है, जिससे महंगाई को लेकर चिंताएं कम हुई हैं और बाजार की धारणा को अतिरिक्त समर्थन मिला है।”

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर घोषणा की कि ईरान के साथ समझौता पूरा हो चुका है। उन्होंने लिखा, “इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान के साथ समझौता अब पूरा हो चुका है।”

इसके साथ ही उन्होंने होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने की भी घोषणा की। यह एक महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग है, जिसके जरिए दुनिया के लगभग पांचवें हिस्से के कच्चे तेल की आपूर्ति होती है।

ट्रंप ने लिखा, “मैं होर्मुज जलडमरूमध्य को बिना किसी शुल्क के पूरी तरह खोलने और साथ ही अमेरिकी नौसैनिक नाकेबंदी को तुरंत हटाने की अनुमति देता हूं। दुनिया के जहाज अपने इंजन चालू करें। तेल को बहने दें!”

रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेरिका और ईरान शुक्रवार को स्विट्जरलैंड में एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर कर सकते हैं।

इस सकारात्मक घटनाक्रम का असर वैश्विक शेयर बाजारों पर भी दिखा। जापान के निक्केई, हांगकांग के हैंग सेंग, दक्षिण कोरिया के कोस्पी और इंडोनेशिया के जकार्ता कंपोजिट जैसे प्रमुख एशियाई सूचकांक तेजी के साथ कारोबार करते नजर आए। इनमें से कुछ बाजारों में 5 प्रतिशत से ज्यादा की बढ़त दर्ज की गई।

घरेलू बाजार में भी इसका सकारात्मक असर देखने को मिला। सेंसेक्स और निफ्टी दोनों शुरुआती कारोबार में 1 प्रतिशत से अधिक की मजबूती के साथ खुले।

अंतरराष्ट्रीय समाचार

पश्चिमी कनाडा में तेजी से फैल रही जंगल की आग, 20,000 से ज्यादा लोगों को खाली करने पड़े घर

Published

on

पश्चिमी कनाडा में जंगल की आग तेजी से फैल रही है। आग इतनी भयावह है कि यह ब्रिटिश कोलंबिया की ओकानागन झील के किनारे बसे शहरों की ओर बढ़ रही है और घरों और इमारतों को नष्ट कर रही है। इस वजह से 20,000 से ज्यादा लोगों को रात भर में अपने घर छोड़ने का आदेश दिया गया।

समरलैंड की पूरी कम्युनिटी को इलाके को खाली करने का आदेश दिया गया है। यहां लगभग 12,000 लोग रहते हैं। इसके साथ ही पीचलैंड और उसके आस-पास के लगभग 8,000 लोगों को भी इलाका खाली करने का आदेश दिया गया। अधिकारियों को अब तक यह पता नहीं लग पाया है कि इस आग में कितने घरों को नुकसान पहुंचा।

बाल्ड रेंज जंगल की आग की खबर सबसे पहले शुक्रवार शाम को मिली थी, लेकिन कुछ ही घंटों में यह लगभग 50 वर्ग किलोमीटर (19 वर्ग मील) तक फैल गई। फॉल्डर की छोटी कम्युनिटी भी इस भयावह आग की चपेट में आ गई है और समरलैंड तक लगभग 15 किलोमीटर (9 मील) के रास्ते तक फैली है।

ओकानागन-सिमिलकामीन क्षेत्रीय जिले के आपातकालीन अधिकारी एरिक थॉम्पसन ने इसे इस क्षेत्र की सबसे तेजी से फैलने और बढ़ने वाली जंगल की आग में से एक बताया। थॉम्पसन को इमरजेंसी ऑपरेशन सेंटर छोड़ना पड़ा और अपने परिवार को वहां से निकालना पड़ा। उन्होंने शनिवार सुबह अपनी गाड़ी से पोस्ट किए गए एक वीडियो में कहा, “मुझे ईओसी छोड़कर अपने परिवार को इस इलाके से रेस्क्यू करने के लिए आना पड़ा। हम दक्षिण की ओर जा रहे हैं।”

कनाडा ने हाल के सालों में जंगल की आग के बढ़ते खतरनाक मौसम का सामना किया है। इसकी वजह से बड़े पैमाने पर लोगों को निकालना पड़ा और कनाडा तथा अमेरिका के बड़े हिस्सों में बार-बार धुआं फैल रहा है।

सोशल मीडिया पर पोस्ट किए गए वीडियो में कई घर जलते हुए दिख रहे हैं, वहीं लोग दोनों तरफ आग की लपटों से खुद को बचाते हुए भाग रहे थे।

एक घर की मालिक केरी गोल्ड और उनके पति, माइक एल्सिंगा, पास के पहाड़ों से आगे आग की लपटें फैलते देखकर रात करीब 12:30 बजे भाग गए। उन्होंने कहा, “यह डरावना है। यह तेजी से बढ़ रहा है।”

Continue Reading

अंतरराष्ट्रीय समाचार

होर्मुज स्ट्रेट के पास मर्चेंट जहाज पर हमला, इंजन रूम में आग लगने के बाद क्रू ने मांगी मदद

Published

on

होर्मुज स्ट्रेट के पूर्वी एंट्रेंस के पास एक मर्चेंट जहाज में हमले के बाद उसमें आग लग गई। लंदन टाइम के अनुसार, शुक्रवार शाम को शिप-टू-शिप रेडियो कम्युनिकेशन ने यह जानकारी दी।

यह रिकॉर्डिंग जो खास तौर पर न्यूज एजेंसी सिन्हुआ को एक नाविक से मिली थी, एक ओपन मैरीटाइम रेडियो चैनल पर भेजी गई; उसमें क्रू मेंबर आग से जूझते हुए और मदद मांगते हुए दिखे।

कम्युनिकेशन के मुताबिक, जहाज ओमानी तट के पास था जब उस पर हमला हुआ, जिससे इंजन रूम में आग लग गई। चालक दल ने जहाज की कार्बन डाइऑक्साइड अग्निशमन प्रणाली सक्रिय कर दी और बैलास्ट ऑपरेशन के जरिए आग पर काबू पाने की कोशिश की।

रिकॉर्डिंग में बताया गया कि जहाज की हाइड्रोलिक प्रणाली के फेल होने से आग बुझाने के प्रयास और जटिल हो गए। संचार के एक अन्य हिस्से में आसपास के कई जहाजों ने कहा कि वे सहायता देने के लिए घटनास्थल की ओर बढ़ रहे हैं।

हाल के दिनों में होर्मुज स्ट्रेट के आसपास के पानी में जहाजों पर कई हमले हुए हैं, जिनमें से ज्यादातर घटनाएं स्ट्रेट के ओमानी साइड के पास शिपिंग रूट पर हुईं। इससे पहले जुलाई की शुरुआत में ओमान के तट के पास होर्मुज स्ट्रेट में एक कमर्शियल जहाज में आग लग गई थी। अमेरिका-ईरान के बढ़ते तनाव की वजह से इस अहम जलमार्ग से शिपिंग में रुकावट आ रही थी। ऐसे में ब्रिटिश समुद्री अधिकारियों ने चेतावनी दी थी।

यूनाइटेड किंगडम मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस (यूकेएमटीओ) ने कहा कि उन्हें ओमान के कुमजार से लगभग 8 नॉटिकल मील उत्तर-पश्चिम में एक घटना की रिपोर्ट मिली है। मिलिट्री अधिकारियों ने यूकेएमटीओ को बताया कि एक जहाज में आग लग गई थी, हालांकि आग लगने का कारण अभी स्पष्ट नहीं है।

अमेरिका-ईरान लड़ाई के बीच होर्मुज स्ट्रेट से कमर्शियल शिपिंग काफी हद तक रुक गई है और इस रणनीतिक समुद्री मार्ग पर चलने वाले जहाजों की सेफ्टी को लेकर चिंता बढ़ गई है।

अमेरिकी सेना ने पहले जहाजों से कहा था कि वे स्ट्रेट से गुजरते समय ओमान के कोस्टलाइन के पास वाले रास्तों का इस्तेमाल करें। ईरान ने उन रास्तों से गुजरने वाले जहाजों पर हमला किया और कहा कि पानी के रास्ते से नेविगेशन पर उसका कंट्रोल होना चाहिए।

Continue Reading

अंतरराष्ट्रीय समाचार

ट्रंप प्रशासन का दावा, 30 लाख से अधिक अवैध प्रवासियों को अमेरिका से निकाला गया

Published

on

अमेरिका से 30 लाख से अधिक अवैध प्रवासियों को निर्वासित किया गया है। ट्रंप प्रशासन का दावा है कि लगातार 15 महीनों से किसी भी अवैध प्रवासी को रिहा नहीं किया गया है। उसने 14 लाख से अधिक अवैध प्रवासियों को करदाताओं के पैसे से संचालित सार्वजनिक सहायता लाभों से बाहर कर दिया है। इसके अलावा अवैध प्रवासियों को करदाताओं द्वारा वित्तपोषित एक दर्जन से अधिक स्वास्थ्य योजनाओं से भी वंचित किया गया है, हालांकि इन योजनाओं के नाम या राज्यवार आंकड़े उपलब्ध नहीं कराए गए।

व्हाइट हाउस ने आव्रजन प्रवर्तन के अपने रिकॉर्ड का विस्तृत ब्योरा जारी करते हुए यह जानकारी दी। ये आंकड़े राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा हस्ताक्षरित दो कार्यकारी आदेशों के साथ जारी व्हाइट हाउस फैक्ट शीट में शामिल किए गए हैं।

इन आदेशों के तहत कुछ श्रेणियों के बच्चों के लिए जन्मसिद्ध नागरिकता (बर्थराइट सिटिजनशिप) पर प्रतिबंध लगाया गया है और संघीय एजेंसियों को बर्थ टूरिज्म रोकने के निर्देश दिए गए हैं।

व्हाइट हाउस के अनुसार, निर्वासित किए गए लोगों में हिंसक अपराधों में दोषी ठहराए गए हजारों लोग भी शामिल थे। हालांकि ट्रंप प्रशासन ने निर्वासित प्रवासियों के मूल देशों, निर्वासन की अवधि या विस्तृत आंकड़ों का कोई ब्योरा नहीं दिया।

प्रशासन ने यह भी दावा किया कि पिछले 15 महीनों में किसी भी अवैध प्रवासी को अमेरिका में रिहा नहीं किया गया। व्हाइट हाउस ने इसे ट्रंप के सत्ता में वापसी के पहले सप्ताह में शुरू किए गए कदमों का परिणाम बताया।

राष्ट्रपति ट्रंप ने दक्षिणी सीमा पर संकट का हवाला देते हुए एक कार्यकारी आदेश पर हस्ताक्षर किए थे, जिसमें अवैध आव्रजन के खिलाफ तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे। व्हाइट हाउस का कहना है कि इससे पिछली सरकार की सीमा संबंधी नीतियों को पलटा गया।

फैक्ट शीट में वीजा जांच प्रक्रिया को और सख्त करने तथा 75 देशों के लिए वीजा प्रोसेसिंग निलंबित करने का भी जिक्र है, हालांकि प्रशासन ने इन देशों के नाम, निलंबन की अवधि या प्रभावित वीजा श्रेणियों की जानकारी नहीं दी।

इन कदमों का उद्देश्य अमेरिका की सुरक्षा सुनिश्चित करना और ऐसे विदेशी नागरिकों को हतोत्साहित करना है जो अनुमति अवधि समाप्त होने के बाद भी देश में रुक जाते हैं।

व्हाइट हाउस ने इस बात पर भी जोर दिया कि यह एक ऐसा अभियान है जो पहले कभी नहीं चला और जिसमें धोखाधड़ी से अमेरिकी नागरिकता पाने के आरोपी लोगों को निशाना बनाया गया।

इसमें कहा गया कि 88 लोगों के खिलाफ दावे किए गए हैं, जिन्हें अयोग्य होने के बावजूद अमेरिकी नागरिकता मिल गई। हालांकि फैक्ट शीट में उन लोगों की पहचान नहीं बताई गई, न ही कथित उल्लंघनों के बारे में बताया गया और न ही कार्रवाई की स्थिति बताई गई।

फैक्ट शीट में नागरिकता परीक्षा में किए गए बदलावों का भी उल्लेख किया गया है। प्रशासन का कहना है कि संशोधित परीक्षा के जरिए आवेदकों के अमेरिकी इतिहास, शासन व्यवस्था और मूल्यों के ज्ञान का बेहतर आकलन किया जाएगा।

प्रशासन ने यह भी कहा कि वह राज्यवार मतदाता सूचियों से हजारों अवैध प्रवासियों के नाम हटाने की दिशा में काम कर रहा है, हालांकि इसमें शामिल राज्यों या अब तक हटाए गए नामों की संख्या संबंधी कोई जानकारी साझा नहीं की गई।

Continue Reading
Advertisement
राष्ट्रीय समाचार16 hours ago

भारत की गैर-जीवाश्म ईंधन आधारित ऊर्जा क्षमता 300 गीगावाट से अधिक हुई : रिपोर्ट

राजनीति17 hours ago

ममता बनर्जी के काफिले पर पथराव, पूर्व सीएम का आरोप-पुलिस के सामने हुआ सब कुछ

राष्ट्रीय समाचार17 hours ago

ओडिशा के 4.5 करोड़ लोगों से सीएम माझी की अपील, गर्व से फहराएं राष्ट्रीय ध्वज

व्यापार18 hours ago

मार्केट आउटलुक: पहली तिमाही के नतीजे, अमेरिका-ईरान तनाव और घरेलू आर्थिक आंकड़ों से तय होगा शेयर बाजार का रुझान

मनोरंजन18 hours ago

जब सुनील शेट्टी ने खोला था एक्शन हीरो बनने का राज, बोले- ’75 प्रतिशत मेहनत और 25 प्रतिशत किस्मत का है खेल’

राष्ट्रीय समाचार18 hours ago

जम्मू-कश्मीर में ‘हर घर तिरंगा अभियान 2026’ की धूम, जम्मू से पुंछ तक निकाली गईं रैलियां

राष्ट्रीय समाचार18 hours ago

भारतीय शेयर बाजार की शीर्ष 10 में से चार कंपनियों का मार्केटकैप 1.43 लाख करोड़ रुपए बढ़ा

खेल20 hours ago

बार्सिलोना ने जॉर्ज मेसी के निधन पर शोक जताया, लियोनेल के पिता को दी श्रद्धांजलि

अपराध21 hours ago

नागपुर रेलवे स्टेशन पर ट्रेन यात्री से 3 करोड़ रुपए का सोना जब्त, गिरफ्तार

राजनीति21 hours ago

विश्व आदिवासी दिवस पर केजरीवाल का संदेश, आदिवासी समाज के अधिकारों के लिए लड़ रही है आप

अपराध2 weeks ago

मुंबई में आतंक! जुल्फिकार गैंग पर बिल्डर से हफ्ता मांगने और उसकी हत्या करने का आरोप, मुंबई क्राइम ब्रांच की कार्रवाई, 12 गुंडे गिरफ्तार

खेल4 weeks ago

मिकेल मेरिनो ने रचा इतिहास, फीफा वर्ल्ड कप में यह कारनामा करने वाले बने विश्व के पहले खिलाड़ी

महाराष्ट्र3 weeks ago

महाराष्ट्र: वर्धा जिले में सड़क हादसे में छह की मौत, उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने जताई संवेदना

मनोरंजन3 weeks ago

रणदीप हुड्डा की बेटी न्योमिका की पहली चावल रस्म, परिवार के साथ मनाया खास जश्न

राष्ट्रीय समाचार3 weeks ago

सीजेपी प्रदर्शन हिंसा मामले में दिल्ली पुलिस की कार्रवाई तेज, अब तक 10 एफआईआर दर्ज

महाराष्ट्र1 week ago

मुंबई: 8 साल के बच्चे के माता-पिता को टी-शर्ट से मिला सुराग, जोगेश्वरी से लापता बच्चा सुरक्षित माता-पिता को सौंपा गया, मुंबई पुलिस की बड़ी कामयाबी

राजनीति2 weeks ago

छात्रों पर पुलिस कार्रवाई को लेकर राहुल गांधी का अमित शाह को पत्र, पैलेट गन के इस्तेमाल पर मांगा जवाब

राष्ट्रीय समाचार4 weeks ago

ई20 पेट्रोल विवाद: उपभोक्ता के पक्ष में देश का पहला फैसला, रायपुर कोर्ट ने कंपनी को वाहन बदलने का दिया आदेश

मनोरंजन1 week ago

जाह्नवी कपूर ने शिखर पहाड़िया और परिवार के साथ बिताए गए खास पलों की तस्वीरें शेयर कीं

राजनीति3 weeks ago

टीएमसी के बागी सांसदों को बुलाने पर भड़का विपक्ष, सर्वदलीय बैठक से कांग्रेस, सपा और ‘आप’ का वॉकआउट

रुझान