Connect with us
Wednesday,30-September-2026
ताज़ा खबर

राष्ट्रीय

रियल्टी खरीदारों ने एम3एम कैपिटल का भव्य भूमि पूजन

Published

on

एम3एम के 22 मई को हुए भव्य भूमि पूजन में सैकड़ों घर खरीदारों ने भाग लिया, जिन्होंने द्वारका एक्सप्रेसवे पर गुरुग्राम के सेक्टर 113 में एम3एम कैपिटल प्रोजेक्ट में निवेश किया है।

इस दौरान घर-खरीदारों ने अपने नाम से नींव रखी और एक-एक बालिका को शिक्षित करने के लिए एक गर्वित भागीदार बन गए।

ग्राहकों की ओर से, एम3एम फाउंडेशन ने प्रत्येक बालिका को तब तक शिक्षित करने की जिम्मेदारी ली है, जब तक कि वे अपनी आजीविका कमाने में सक्षम नहीं हो जाती हैं। एक बालिका को उनके समर्थन के तौर पर घर खरीदारों को 300 से अधिक प्रमाण पत्र जारी किए गए।

पूजा समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में प्रसिद्ध सामाजिक कार्यकर्ता निशि सिंह ने शिरकत की।

घर खरीदारों ने ‘बालिकाओं को शिक्षित करने’ की एम3एम की परोपकारी पहल की सराहना की।

एम3एम फाउंडेशन की ट्रस्टी डॉ. पायल कनोदिया ने बच्चों को एम3एम घर खरीदारों से मिलवाया, जो यह जानना चाहते थे कि वे किसकी शिक्षा का समर्थन कर रहे हैं। डॉ. कनोदिया ने कहा, “एक बालिका की शिक्षा का समर्थन करना आज एक सख्त आवश्यकता है। एक लड़की को शिक्षित करके, हम एक मजबूत समाज का निर्माण कर रहे हैं और अपने देश के आर्थिक विकास को मजबूत कर रहे हैं। मुझे बेहद खुशी है कि हमारे घर खरीदार बड़ी संख्या में आगे आए हैं। इस मुद्दे का समर्थन करें।”

भूमि पूजन समारोह में शामिल हुए एम3एम फाउंडेशन के बच्चों में उत्साह देखा गया। एम3एम फाउंडेशन की लाभार्थियों में से एक मुजफ्फरनगर की नीतू भी पहली बार इस तरह के भव्य कार्यक्रम में शामिल हुई। एक और बच्ची ममता की पढ़ाई में पूरी रुचि थी लेकिन उसे नियमित शिक्षा का अवसर नहीं मिल रहा था। वह यह जानकर भावुक हो गई कि अब उसकी शिक्षा एम3एम फाउंडेशन ने एम3एम घर खरीदारों के सहयोग से हासिल कर ली है। ममता ने कहा, “एक दिन, मैं सभी को गौरवान्वित करूंगी।”

एम3एम इंडिया के निदेशक पंकज बंसल, एम3एम परियोजनाओं में घर-खरीदारों के विश्वास को देखकर खुश नजर आए। उन्होंने कहा, “हम घर-खरीदारों की संतुष्टि को देखकर खुश हैं जो हमेशा एम3एम के लिए अत्याधुनिक परियोजनाओं को वितरित करने के लिए एक प्रेरक शक्ति रही है। मुझे यकीन है कि एम3एम कैपिटल एम3एम परियोजनाओं के गुलदस्ते में एक और मील का पत्थर साबित होगा।”

समारोह में कई परिवार अपने बच्चों के साथ आए, और कुछ अपने बुजुर्ग दादा-दादी के साथ भी आए। समारोह में अपने परिवार के सदस्यों की ओर से भी कई लोग शामिल हुए। कई लोगों ने महसूस किया कि वे पहली बार इतने विशाल समारोह में शामिल हुए हैं।

खरीदारों में से एक, सरिता, जिसने अपने बेटे के लिए फ्लैट बुक किया है, भूमि पूजन के इस तरह के आध्यात्मिक समारोह को देखकर अभिभूत हो गईं। उन्होंने कहा, “यह मेरे लिए दिल को छू लेने वाला क्षण है, क्योंकि मुझे लगा कि मैं अपने घर की नींव रख रही हूं।”

पहली बार शिलान्यास समारोह में शामिल हुई एक अन्य खरीदार अंजू बाला भी 51 ब्राह्मणों द्वारा मंत्रों के जाप के साथ शुरू हुए इस कार्यक्रम से प्रभावित हुई।

एम3एम परियोजनाओं में पहली बार निवेश करने वाले रोहित तलहन अपने बूढ़े माता-पिता, पिता राजपाल सिंह और मां उर्मिला देवी के साथ समारोह में शामिल होने आए। उन्होंने अपना अनुभव साझा करते हुए कहा, “शिलान्यास समारोह में शामिल होने का निमंत्रण पाकर खुशी हुई। एम3एम से बहुत उत्साह और उम्मीद है और हमें विश्वास है कि हम सबसे सही जगह पर हैं।”

द्वारका एक्सप्रेसवे पर एम3एम कैपिटल परियोजना स्मार्ट सिटी दिल्ली हवाई अड्डे के व्यापक ²ष्टिकोण का एक हिस्सा है और एयरोसिटी और दिल्ली अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के करीब है। पहले चरण में, एम3एम इंडिया ने लगभग 650 यूनिट्स के साथ 5 आवासीय टावर लॉन्च किए हैं।

राजनीति

असम के आदर्श विद्यालयों से बच्चों को मिल रहा ‘बेस्ट’ जैसा माहौल : हिमंता बिस्वा सरमा

Published

on

असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने कहा कि उनकी सरकार ने आदर्श विद्यालय पहल के जरिए राज्य में सरकारी स्कूलों की पूरी सोच ही बदल दी है। इन स्कूलों में आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और सुविधाएं दी जा रही हैं, ताकि छात्रों को बेहतर और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके।

मुख्यमंत्री सरमा ने कहा कि आदर्श विद्यालय सिर्फ नई इमारतें नहीं हैं, बल्कि इन्हें एक पूरे शैक्षिक इकोसिस्टम के रूप में विकसित किया गया है, जहां छात्रों को बड़े और नामी स्कूलों जैसी सुविधाएं मिल सकें।

उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए लिखा, “हमने असम में सरकारी स्कूल का मतलब ही बदल दिया है। आदर्श विद्यालय सिर्फ नई इमारतें नहीं हैं।”

मुख्यमंत्री ने इन स्कूलों में बनाई जा रही सुविधाओं के बारे में भी बताया। इनमें स्मार्ट क्लासरूम, साइंस और कंप्यूटर लैब, लाइब्रेरी और खेल के मैदान शामिल हैं।

उन्होंने कहा, “स्मार्ट क्लासरूम, साइंस और कंप्यूटर लैब, लाइब्रेरी, खेल के मैदान, एक ऐसा इकोसिस्टम जहां किसी भी ब्लॉक का बच्चा बेस्ट स्कूलों के बच्चों के साथ मुकाबला कर सके।”

उनके मुताबिक इसका मकसद यह सुनिश्चित करना है कि बच्चे चाहे किसी भी ब्लॉक या इलाके से आते हों, उन्हें देश के बेहतरीन शिक्षण संस्थानों के छात्रों के साथ प्रतिस्पर्धा करने का मौका मिले।

आदर्श विद्यालय कार्यक्रम असम सरकार की सरकारी स्कूल शिक्षा को मजबूत करने की कोशिशों में से एक है। इसके तहत बुनियादी ढांचे में सुधार और छात्रों के लिए बेहतर शैक्षणिक माहौल बनाया जा रहा है, खासकर ग्रामीण और अर्ध-शहरी इलाकों में।

इस पहल के तहत मॉडल स्कूल बनाए जा रहे हैं जो आधुनिक पढ़ाई-लिखाई की सुविधाओं से लैस हैं। सिर्फ बिल्डिंग ही नहीं, बल्कि ऐसा माहौल तैयार किया जा रहा है जो बच्चों के शैक्षणिक विकास, एक्स्ट्रा करिकुलर एक्टिविटी और उनके एक्सपोजर को बढ़ावा दे।

सरकार राज्य के जिलों में आदर्श विद्यालयों का नेटवर्क लगातार बढ़ा रही है, ताकि स्कूल शिक्षा के बुनियादी ढांचे को अपग्रेड किया जा सके और सभी को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा तक पहुंच मिल सके।

यह पहल असम में सरकारी स्कूलों को आधुनिक बनाने और राज्य के अलग-अलग हिस्सों के छात्रों के बीच शिक्षा के अवसरों में जो असमानता है, उसे कम करने के लिहाज से भी अहम है।

मुख्यमंत्री सरमा ने कहा कि फोकस इस बात पर है कि सरकारी स्कूल में पढ़ने वाला बच्चा भी बेहतर संसाधनों वाले संस्थानों के छात्रों के बराबर खड़ा होकर मुकाबला करने की सोच सके।

मुख्यमंत्री की यह टिप्पणी ऐसे समय में आई है जब असम सरकार राज्य भर में शिक्षा के बुनियादी ढांचे का विस्तार और आधुनिकीकरण कर रही है। आदर्श विद्यालय मॉडल का मकसद सरकारी स्कूलों को बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर और आधुनिक शिक्षण सुविधाओं के साथ छात्रों और अभिभावकों के लिए अधिक आकर्षक बनाना है।

सरकार अपनी बड़ी शिक्षा सुधार योजना के तहत स्कूलों में लैब, डिजिटल लर्निंग और दूसरी सुविधाओं को मजबूत करने पर भी ध्यान दे रही है। आदर्श विद्यालय पहल के जरिए सरकार सरकारी स्कूलों को सिर्फ बुनियादी शिक्षा देने वाले संस्थान के बजाय एक आधुनिक लर्निंग स्पेस के रूप में स्थापित करना चाहती है, जो छात्रों को आगे की पढ़ाई और प्रतिस्पर्धी अवसरों के लिए तैयार कर सके।

Continue Reading

राष्ट्रीय

सुप्रीम कोर्ट में अभिषेक बनर्जी के पीए की जमानत याचिका पर सुनवाई, राज्य सरकार ने किया विरोध

Published

on

सालबोनी जमीन मामले में पश्चिम बंगाल सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी के निजी सहायक (पीए) सुमित रॉय से हिरासत में पूछताछ की मांग की है।

सरकार का कहना है कि जांच के दौरान सुमित रॉय से जुड़े खातों में करीब 15 करोड़ नकद जमा होने की जानकारी सामने आई है। अब जांच टीम यह पता करना चाहती है कि यह पैसा कहां से आया और इसका जमीन के मामले से कोई संबंध है या नहीं।

सुमित रॉय की अग्रिम जमानत की मांग वाली याचिका पर गुरुवार को भी सुनवाई जारी रहेगी।

सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान राज्य सरकार की ओर से सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि सुमित रॉय से पूछताछ के दौरान बैंक खातों में जमा बड़ी रकम के बारे में सवाल किए गए थे। सरकार के मुताबिक, बैंक रिकॉर्ड और पेन से यह रकम सुमित रॉय से जुड़ी होने की बात सामने आई है।

सरकार ने यह भी बताया कि 17 जून 2021 को करीब 71 लाख जमा किए गए थे। यह वही समय था जब जमीन से जुड़े कथित लेन-देन की जांच चल रही थी। सरकार का कहना है कि इन पैसों के बारे में पूरी जानकारी लेने के लिए सुमित रॉय से हिरासत में पूछताछ जरूरी है।

सुमित रॉय की ओर से वरिष्ठ वकील गोपाल शंकरनारायण ने सरकार की दलीलों का विरोध किया। उन्होंने कहा कि इन पैसों को लेकर पहले ही सफाई दी जा चुकी है। उनके मुताबिक, यह रकम पार्टी की सदस्यता फीस और चंदे से जुड़ी थी। वकील ने कहा कि सुमित रॉय का काम ही पार्टी से मिलने वाली रकम को जमा करना और उसके चालान को जमा करना था।

Continue Reading

राजनीति

राहुल गांधी पर मानहानि मामले में सुप्रीम कोर्ट का जल्द सुनवाई से इनकार, सीजेआई बोले-हमारे सामने सब बराबर

Published

on

लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के खिलाफ चल रहे मानहानि मामले में जल्द सुनवाई की मांग पर सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को इंकार कर दिया। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि हमारे सामने सब बराबर हैं।

सुप्रीम कोर्ट ने शिकायतकर्ता को मामले की शीघ्र सुनवाई के लिए निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवेदन दाखिल करने को कहा है। चीफ जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पीठ ने भरोसा दिया कि आवेदन मिलने के बाद उस पर विचार किया जाएगा।

चीफ जस्टिस सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस वी. मोहना की पीठ के समक्ष शिकायतकर्ता की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता गौरव भाटिया पेश हुए। उन्होंने अदालत को बताया कि राहुल गांधी इस मामले में कोई वीआईपी नहीं हैं और उनकी अपील करीब पांच महीने से सुनवाई के लिए लंबित है।

उन्होंने कहा कि मामला कई बार सूची में आया लेकिन किसी कारण से सुनवाई नहीं हो सकी। गौरव भाटिया ने दलील दी कि बार-बार मामले की सुनवाई टलना संस्थान के लिए भी उचित नहीं है। इस पर सीजेआई सूर्यकांत ने कहा कि मामले में तय प्रक्रिया का पालन किया जाना चाहिए। आवेदन मिलने के बाद वह उस पर विचार करेगा।

बता दें कि यह मामला दिसंबर 2022 में राहुल गांधी की ओर से दिए गए एक बयान से जुड़ा है। भारत-चीन सीमा पर हुई झड़प को लेकर केंद्र सरकार पर सवाल उठाते हुए राहुल गांधी ने दावा किया था कि चीनी सैनिक अरुणाचल प्रदेश में भारतीय सेना के जवानों को पीट रहे हैं। उनके इस बयान पर बॉर्डर रोड्स ऑर्गनाइजेशन के पूर्व डायरेक्टर उदय शंकर श्रीवास्तव ने शिकायत दर्ज कराई थी।

शिकायत में आरोप लगाया गया कि राहुल गांधी का बयान भारतीय सेना के लिए अपमानजनक है और इससे सेना की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचा है। इसी मामले में लखनऊ की अदालत ने राहुल गांधी को पेश होने के लिए समन जारी किया था।

समन को चुनौती देते हुए राहुल गांधी ने इलाहाबाद हाईकोर्ट का रुख किया था। हालांकि, हाईकोर्ट ने उनकी याचिका खारिज कर दी। इसके बाद राहुल गांधी ने सुप्रीम कोर्ट में अपील दाखिल की। सुप्रीम कोर्ट ने पहले मामले में आगे की कार्रवाई पर रोक लगाई थी।

Continue Reading
Advertisement
राष्ट्रीय समाचार24 minutes ago

आठ सरकारी विभागों पर 38,000 करोड़ रुपए का भुगतान बकाया: कर्नाटक ठेकेदार संघ

राष्ट्रीय समाचार31 minutes ago

कर्नाटक: सौजन्या मामले में न्याय सुनिश्चित करेगी सरकार, एसआईटी अधिकारी ने मांगा तबादला

राजनीति49 minutes ago

‘इंडिया’ ब्लॉक की अहम बैठक से अखिलेश यादव रहे नदारद, कांग्रेस और तृणमूल ने गैरहाजिरी को सामान्य बताया

राष्ट्रीय समाचार60 minutes ago

भारतीय अर्थव्यवस्था के वित्त वर्ष 27 में 7 प्रतिशत की दर से बढ़ने का अनुमान: एसएंडपी ग्लोबल

अपराध1 hour ago

चिकबल्लापुर के रेजिडेंशियल स्कूल में 15 साल की छात्रा का यौन उत्पीड़न, प्रिंसिपल के खिलाफ मामला दर्ज

राष्ट्रीय समाचार1 hour ago

नई दिल्ली : अमेरिकी नागरिकों को निशाना बनाने वाले नकली कॉल सेंटर का भंडाफोड़, 7 लोग गिरफ्तार

अपराध3 hours ago

गुजरात में 3,000 करोड़ की ड्रग्स जब्त

मनोरंजन3 hours ago

केबीसी 18: कंटेस्टेंट ने सुनाया अमिताभ बच्चन को मजेदार किस्सा, बोलीं- ‘आपकी फिल्म देखते-देखते सो गई थी’

खेल4 hours ago

एशियन गेम्स 2026: नीरू ढांडा और किनान चेनाई की जोड़ी ने मिक्स्ड ट्रैप शूटिंग इवेंट में भारत को दिलाया गोल्ड मेडल

मनोरंजन4 hours ago

पेरिस से लौटते ही ऐश्वर्या राय ने जीता दिल, पैपराजी से बोलीं- आओ ग्रुप फोटो लेते हैं

महाराष्ट्र4 weeks ago

आगरीपाड़ा पुलिस में रीडेवलपमेंट प्रोजेक्ट को लेकर हंगामा, बिल्डर के खिलाफ धरना

राजनीति3 weeks ago

राष्ट्रपति मुर्मु ने ईरानी समकक्ष पेजेश्कियन से की मुलाकात, स्थायी शांति के लिए भारत की प्रतिबद्धता दोहराई

खेल2 weeks ago

14 जनवरी से होगा डब्ल्यूपीएल 2027 का आगाज, 28 अक्टूबर को कोच्चि में होगी खिलाड़ियों की नीलामी

खेल4 weeks ago

प्रीमियर लीग: फर्नांडीस की हैट्रिक, मैनचेस्टर यूनाइटेड ने इप्सविच को 5-2 से हराया

अपराध4 weeks ago

अग्रीपाड़ा में घरेलू विवाद के बाद 19 वर्षीय युवक ने पत्नी की हत्या कर की खुदकुशी

राष्ट्रीय समाचार4 weeks ago

भारत का विदेशी मुद्रा भंडार 11.475 बिलियन डॉलर बढ़कर ऑल-टाइम हाई 740.803 बिलियन डॉलर पर पहुंचा

खेल4 weeks ago

पहली बार भारत और जापान के बीच खेला जाएगा टी20 इंटरनेशनल मुकाबला, बीसीसीआई ने किया ऐलान

राष्ट्रीय समाचार3 weeks ago

भारत में एथेनॉल आपूर्ति 895 करोड़ लीटर पहुंची, अनाज-आधारित स्रोतों की हिस्सेदारी करीब 70 प्रतिशत: इंडस्ट्री डेटा

व्यापार4 weeks ago

सोने में बड़ी तेजी की संभावना, बुल केस में साल के अंत तक 5,600 डॉलर और चांदी 120 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच सकती है: रिपोर्ट

मनोरंजन3 weeks ago

अदनान सामी का कहना है कि एक पाकिस्तानी के तौर पर भारत में काम मिलना कभी मुश्किल नहीं था: ‘भारतीय नागरिकता मिलने के बाद बहुत कुछ बदल गया’

रुझान