राष्ट्रीय समाचार
राहुल-अखिलेश ने मंच साझा कर भाजपा पर बोला हमला।

गाजियाबाद में राहुल गांधी और अखिलेश यादव ने बुधवार को एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान उन्होंने भाजपा और पीएम मोदी पर निशाना साधा। सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने बेरोजगारी और नौजवानों का मुद्दा उठाया तो राहुल गांधी ने इलेक्टोरल बॉन्ड के मुद्दे पर भाजपा को घेरा।
अखिलेश यादव ने कहा कि आने वाले दिनों में पश्चिम का माहौल बदलने जा रहा है। गाजियाबाद से गाजीपुर तक इंडिया गठबंधन सफाया करने का काम करेगा। आज किसान दुखी है। तमाम जो वादे किए थे, भाजपा की हर बात झूठी निकली। न आय दोगुनी हुई। न नौजवान को नौकरी मिली।
उन्होंने कहा, जो विकास के सपने दिखाए, वो भी अधूरे हैं। नैतिकता का बुलबुला भी फूट गया है। इलेक्टोरल बॉन्ड ने इनका बैंड बजा दिया। भाजपा सभी भ्रष्टाचारियों का गोदाम बन गई है।
अखिलेश ने कहा, ”होर्डिंग देखिए। डबल इंजन की बात करते थे, लेकिन वहां अकेले दिखाई देते हैं। इनके प्रत्याशी होर्डिंग से गायब हैं। चुनाव बाद जो होर्डिंग पर हैं, वो भी गायब हो जाएंगे। चुनाव बाद इनका सफाया होने जा रहा है। इनका एक ही नारा है झूठ बोलने का और लूटने का। लूट और झूठ भाजपा की पहचान बन गई है।”
उन्होंने आगे कहा कि सरकार ने 60 लाख नौजवानों का भविष्य अंधेरे में डाला। भाजपा का 2 लाख 25 हजार वोट हर लोकसभा में कम हुआ है। इसलिए एक भी वोट बंट न पाए। जहां हमें मतदान करना है, वहीं हमें सावधान भी रहना है। तभी भाजपा का सफाया होगा। ये देश का चुनाव है। देश की जनता बदलाव चाहती है। बदलाव की हवा पश्चिम यूपी से चल रही है।
राहुल गांधी ने पहले देशवासियों को रामनवमी की शुभकामनाएं दीं। इसके बाद उन्होंने कहा कि ये चुनाव विचारधारा का चुनाव है। एक तरफ आरएसएस, भाजपा है जो संविधान को खत्म करने की कोशिश कर रही है। दूसरी तरफ इंडिया गठबंधन है जो लोकतंत्र और संविधान की रक्षा कर रहा है। चुनाव में दो-तीन बड़े मुद्दे हैं।
प्रमुख मुद्दे बेरोजगारी, महंगाई, भागीदारी हैं। कभी प्रधानमंत्री समुद्र के नीचे चले जाते हैं, कभी सी प्लेन पर चले जाते हैं। मगर मुद्दों पर न प्रधानमंत्री और न भाजपा बात करती है। कुछ दिन पहले पीएम मोदी ने समाचार एजेंसी को लंबा इंटरव्यू दिया। स्क्रिप्टेड था, फ्लॉप शो था।
राहुल गांधी ने कहा कि पीएम मोदी ने उस इंटरव्यू में इलेक्टोरल बॉन्ड समझाने की कोशिश की। वे कहते हैं कि ये सिस्टम ट्रांसपेरेंसी के लिए लाया गया है। राजनीति को साफ करने के लिए लाया गया है। अगर ये सच है तो उस सिस्टम को सुप्रीम कोर्ट ने रद्द क्यों किया?
अगर आप ट्रांसपेरेंसी लाना चाहते हैं तो जिन्होंने भाजपा को हजारों करोड़ दिए, उनका नाम आपने क्यों छुपाया। चंदा देने की तारीखें भी छिपाईं। पता चला है कि हजारों करोड़ का ठेका किसी कंपनी को मिलता है, उसके तुरंत बाद वो कंपनी भाजपा को चंदा देती है।
उन्होंने कहा, सीबीआई, ईडी की कार्रवाई शुरू होते ही कंपनी भाजपा को करोड़ों रुपये देती है। उसके बाद ये कार्रवाई बंद हो जाती है। इसको एक्सटॉर्शन कहते हैं। इलेक्टोरल बॉन्ड स्कीम देश की सबसे बड़ी एक्सटॉर्शन स्कीम है।
राहुल गांधी ने कहा कि भाजपा को 20 दिन पहले लग रहा था कि 180 तक सीटें तक जाएंगे। अब मुझे लगता है कि भाजपा की 150 तक सीटें ही आएंगी। मुझे हर राज्य से ऐसी ही रिपोर्ट आ रही है।
राष्ट्रीय समाचार
2 मई से खुलेंगे केदारनाथ धाम के कपाट, पैदल मार्ग को किया जा रहा दुरुस्त

रुद्रप्रयाग, 3 अप्रैल। विश्व प्रसिद्ध श्री केदारनाथ धाम की यात्रा 2 मई से शुरू होने वाली है। इससे पहले जिला प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग और अन्य संबंधित टीमें यात्रा की तैयारियों में जुट गई हैं।
मकसद है कि कपाट खुलने से पहले सारी व्यवस्थाएं दुरुस्त हो जाएं, ताकि यात्रा सुगम और भव्य तरीके से चल सके।
मुख्य विकास अधिकारी डॉ. जीएस खाती ने बताया कि सड़क मार्ग से लेकर केदारनाथ के पैदल रास्तों को तेजी से ठीक किया जा रहा है। आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की टीमें पैदल मार्गों पर जमी मोटी बर्फ को हटाने में दिन-रात लगी हैं। पिछले साल आई आपदा से टूटे रास्तों की मरम्मत भी की जा रही है।
डॉ. खाती ने कहा, “हमारा लक्ष्य है कि श्रद्धालुओं को किसी परेशानी का सामना न करना पड़े। इसके लिए युद्ध स्तर पर काम चल रहा है।”
वहीं, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. रामप्रसाद ने बताया कि इस बार केदारनाथ धाम में 17 बेड का अस्पताल तैयार हो रहा है। जैसे ही बर्फ हटाने का काम पूरा होगा, स्वास्थ्य विभाग की टीमें जरूरी सामान के साथ व्यवस्था जुटाने में लग जाएंगी।
उन्होंने कहा, “गौरीकुंड से केदारनाथ तक पैदल मार्ग पर सभी मेडिकल रिलीफ पॉइंट्स को ठीक किया जा रहा है। फाटा में इस बार हड्डी विशेषज्ञ डॉक्टर और एक्स-रे मशीन की सुविधा भी उपलब्ध होगी।”
इसके अलावा, यात्रा के लिए डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ की मांग शासन से की गई है।
जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की टीमें यह सुनिश्चित करने में जुटी हैं कि श्रद्धालुओं को किसी तरह की दिक्कत न हो। बर्फबारी और आपदा के बाद रास्तों को सुरक्षित बनाना बड़ी चुनौती है। लेकिन, तैयारियां तेजी से चल रही हैं। हर साल लाखों श्रद्धालु केदारनाथ धाम के दर्शन के लिए आते हैं। इस बार भी प्रशासन यात्रा को सफल बनाने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ना चाहता। जैसे-जैसे कपाट खुलने की तारीख नजदीक आ रही है, तैयारियों में और तेजी लाई जा रही है।
राजनीति
वक्फ बिल पास कर भारत सरकार ने साहसिक कदम उठाया, गरीब मुसलमानों को होगा फायदा: मौलाना शाहबुद्दीन रजवी

बरेली, 3 अप्रैल। आल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शाहबुद्दीन रजवी बरेलवी ने लोकसभा में पारित वक्फ संशोधन विधेयक 2025 का स्वागत किया है। उन्होंने इस बिल को भारत सरकार की ओर से बुराई खत्म करने की दिशा में उठाया गया एक अच्छा कदम बताया। मौलाना ने कहा कि इस विधेयक से गरीब और कमजोर मुसलमानों को फायदा होगा।
मौलाना शाहबुद्दीन ने कहा, “मैं उन सभी सांसदों का शुक्रिया अदा करता हूं, जिन्होंने इस बिल के पक्ष में वोट दिया। भारत सरकार को भी बधाई देता हूं कि उसने यह साहसिक कदम उठाया।”
उन्होंने वक्फ बोर्ड में फैली गड़बड़ियों की ओर इशारा करते हुए कहा कि पहले बोर्ड के अध्यक्ष और सदस्य भू-माफियाओं के साथ मिलकर करोड़ों की जमीन कौड़ियों के भाव बेच देते थे या खुद हड़प लेते थे।
उन्होंने कहा, “वक्फ बनाने वालों की मंशा थी कि उसकी संपत्ति से होने वाली आय गरीब, बेसहारा, विधवाओं और अनाथ मुस्लिमों पर खर्च हो। लेकिन ऐसा नहीं हो रहा था। यह पैसा बोर्ड के लोग अपनी जेब में डाल लेते थे। अब इस संशोधन बिल के पास होने से हमें उम्मीद है कि कुछ अच्छा होगा। गरीब मुस्लिमों की आर्थिक स्थिति में बड़ा बदलाव आएगा।”
मौलाना ने इस बिल को पारदर्शिता और सुधार की दिशा में एक कदम बताते हुए कहा कि इससे वक्फ संपत्तियों का दुरुपयोग रुकेगा और उसका सही इस्तेमाल समाज के कमजोर वर्गों के लिए होगा।
उन्होंने यह भी कहा, “इंशाल्लाह, अब हालात बदलेंगे और गरीब मुस्लिमों के लिए एक नई राह खुलेगी।”
बता दें कि वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2025 लोकसभा में पारित हो गया। अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री किरेन रिजिजू ने बुधवार को विधेयक सदन में पेश किया था और चर्चा का जवाब देते हुए उन्होंने बताया था कि यह मुस्लिम समुदाय के हित में है।
विधेयक को 288 के मुकाबले 232 मतों से सदन की मंजूरी मिली। इस महत्वपूर्ण विधेयक को पारित कराने के लिए सदन की बैठक रात लगभग दो बजे तक चली और फिर ध्वनिमत से पारित हो गया।
चर्चा के बाद वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2025 पर विचार के लिए जब किरेन रिजिजू ने प्रस्ताव रखा, तो विपक्ष के कुछ सदस्यों ने मत विभाजन की मांग की। इसके पक्ष में 288 और विरोध में 232 मत पड़े। हालांकि, लॉबी क्लीयर करने के बाद कई सदस्यों को सदन में दाखिल होने देने को लेकर विवाद भी हुआ।
राजनीति
लोकसभा की मंजूरी के बाद आज राज्यसभा में पेश होगा वक्फ बिल

नई दिल्ली, 3 अप्रैल। लोकसभा से वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2025 पारित किए जाने के बाद केंद्र सरकार इसे गुरुवार को उच्च सदन राज्यसभा में पेश करेगी।
लोकसभा में बुधवार को वक्फ संशोधन विधेयक पर 12 घंटे से ज्यादा समय तक चर्चा हुई। वक्फ बिल के पक्ष में 288 और विरोध में 232 वोट पड़े।
वक्फ विधेयक पारित होने के अलावा निचले सदन द्वारा मणिपुर में राष्ट्रपति शासन की पुष्टि करने वाला एक प्रस्ताव भी पारित किया गया।
गुरुवार की कार्यसूची के अनुसार, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह मणिपुर में राष्ट्रपति शासन लगाने की पुष्टि करने वाला वैधानिक प्रस्ताव राज्यसभा में पेश करेंगे।
गृह मंत्री अमित शाह प्रस्ताव पेश करेंगे कि यह सदन मणिपुर राज्य के संबंध में संविधान के अनुच्छेद 356(1) के तहत 13 फरवरी 2025 को राष्ट्रपति द्वारा जारी उद्घोषणा को मंजूरी देता है।
लोकसभा ने गुरुवार को मणिपुर में राष्ट्रपति शासन लागू करने की पुष्टि करने वाला वैधानिक प्रस्ताव पारित कर दिया।
हालांकि, पार्टी लाइन से परे जाकर सभी सदस्यों ने इस फैसले का समर्थन किया, लेकिन कुछ विपक्षी सदस्यों ने मणिपुर की स्थिति के लिए केंद्र की आलोचना की। गृह मंत्री शाह ने कहा कि सरकार ने अशांत पूर्वोत्तर राज्य में सामान्य स्थिति वापस लाने के लिए हर संभव उपाय किए हैं।
मंत्री डॉ. चंद्रशेखर पेम्मासानी महानगर टेलीफोन निगम लिमिटेड (एमटीएनएल) द्वारा जुटाए गए सॉवरेन गारंटी बांड (एसजीबी) पर ब्याज की सेवा के लिए भारत की आकस्मिकता निधि से धनराशि निकालने के संबंध में एक वक्तव्य प्रस्तुत करेंगे।
लोकसभा में तटीय नौवहन विधेयक, 2024 को मंत्री सर्बानंद सोनोवाल द्वारा विचार और पारित करने के लिए रखा जाएगा। सोनोवाल द्वारा 1 अप्रैल को यह प्रस्ताव रखा गया था।
मंत्री राममोहन नायडू किंजरापु विमान वस्तुओं में हितों की सुरक्षा विधेयक, 2025 को विचार और पारित करने के लिए पेश करेंगे। विधेयक का उद्देश्य “विमान वस्तुओं में हितों की सुरक्षा प्रदान करना और मोबाइल उपकरणों में अंतर्राष्ट्रीय हितों पर कन्वेंशन और विमान उपकरणों से संबंधित मामलों पर मोबाइल उपकरणों में अंतर्राष्ट्रीय हितों पर कन्वेंशन के प्रोटोकॉल को लागू करना है, जिन पर 16 नवंबर, 2001 को केप टाउन में हस्ताक्षर किए गए थे।”
मंत्री मनोहर लाल खट्टर निचले सदन में “आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय से संबंधित पीएम स्ट्रीट वेंडर आत्मनिर्भर निधि (पीएम स्वनिधि) पर आवास और शहरी मामलों की स्थायी समिति की 10वीं रिपोर्ट में निहित सिफारिशों के कार्यान्वयन की स्थिति” के बारे में एक बयान देंगे।
-
व्यापार5 years ago
आईफोन 12 का उत्पादन जुलाई से शुरू होगा : रिपोर्ट
-
अपराध3 years ago
भगौड़े डॉन दाऊद इब्राहिम के गुर्गो की ये हैं नई तस्वीरें
-
अपराध3 years ago
बिल्डर पे लापरवाही का आरोप, सात दिनों के अंदर बिल्डिंग खाली करने का आदेश, दारुल फैज बिल्डिंग के टेंट आ सकते हैं सड़कों पे
-
न्याय7 months ago
मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के खिलाफ हाईकोर्ट में मामला दायर
-
अनन्य2 years ago
उत्तराखंड में फायर सीजन शुरू होने से पहले वन विभाग हुआ सतर्क
-
अपराध2 years ago
पिता की मौत के सदमे से छोटे बेटे को पड़ा दिल का दौरा
-
राष्ट्रीय समाचार1 month ago
नासिक: पुराना कसारा घाट 24 से 28 फरवरी तक डामरीकरण कार्य के लिए बंद रहेगा
-
महाराष्ट्र5 years ago
31 जुलाई तक के लिए बढ़ा लॉकडाउन महाराष्ट्र में, जानिए क्या हैं शर्तें