Connect with us
Friday,09-January-2026
ताज़ा खबर

अंतरराष्ट्रीय

दक्षिण कोरिया में वैकल्पिक भुगतान प्रणाली प्रदान करेगा गूगल

Published

on

गूगल ने दक्षिण कोरिया में अपने ऐप स्टोर पर एक वैकल्पिक भुगतान प्रणाली प्रदान करने का वादा किया है। दूरसंचार नियामक ने कहा कि ऐप बाजार में आकर्षक भुगतान प्रणालियों पर रस्साकशी के बीच रियायत क्या हो सकती है। प्रतिबद्धता एक नए दक्षिण कोरियाई कानून के अनुवर्ती उपायों का हिस्सा है, जो गूगल और एप्पल जैसे ऐप स्टोर ऑपरेटरों को डेवलपर्स पर अपने इन-ऐप भुगतान सिस्टम को मजबूर करने से प्रतिबंधित करता है।

गूगल की सार्वजनिक नीति और सरकारी संबंधों के वरिष्ठ वकील विल्सन एल व्हाइट ने नियामक के अनुसार कोरिया संचार आयोग (केसीसी) के अध्यक्ष हान सांग-ह्युक के साथ एक वीडियो कांफ्रेंसिंग के दौरान यह टिप्पणी की।

केसीसी ने कहा, गूगल अपने गूगल प्ले स्टोर पर ऐप डेवलपर्स को तीसरे पक्ष के भुगतान प्रणाली और अपने स्वयं के इन-ऐप बिलिंग सिस्टम के बीच एक विकल्प देगा।

योनहाप समाचार एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार, सितंबर में, नया कानून दक्षिण कोरिया में लागू हुआ, जिसने ऐप डेवलपर्स को प्लेटफॉर्म के केवल भुगतान सिस्टम का उपयोग करने के लिए मजबूर करने से तकनीकी दिग्गजों पर प्रतिबंध लगा दिया।

दक्षिण कोरिया पहला देश था जिसने वैश्विक टेक दिग्गजों की इन-ऐप बिलिंग नीतियों पर इस तरह के प्रतिबंध लगाए, जिनकी दुनिया भर में जांच हो रही है।

गूगल और एप्पल ने अपने ऐप स्टोर पर डेवलपर्स को अपने मालिकाना भुगतान सिस्टम का उपयोग करने के लिए कहा है जो उपयोगकर्ताओं द्वारा ऐप्स के भीतर डिजिटल सामान खरीदने पर 30 प्रतिशत तक शुल्क लेते हैं।

दुनिया भर के डेवलपर्स ने ऐप मार्केट ऑपरेटरों के अनन्य इन-ऐप भुगतान प्रणालियों पर सवाल उठाया है। उनके अपेक्षाकृत उच्च कमीशन का विरोध किया है और मांग की है कि वे अन्य प्रणालियों का स्वतंत्र रूप से उपयोग करने में सक्षम हों।

व्यापार

कर व्यवस्था पर एशिया में सबसे ज्यादा विश्वास, भारत सबसे आगे : रिपोर्ट

Published

on

INCOME TAX

नई दिल्ली, 5 जनवरी: दुनिया में कर (टैक्स) व्यवस्था को लेकर जनता का विश्वास सबसे ज्यादा एशिया में देखा गया है। इस मामले में भारत खास तौर पर आगे है, जहां लोगों में कर चुकाने की नैतिक भावना और सरकारी वित्त व्यवस्था पर भरोसा मजबूत है। सोमवार को एसीसीए, आईएफएसी, चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड (सीए एएनजेड) और ओईसीडी द्वारा संयुक्त रूप से जारी एक नई रिपोर्ट में यह बात कही गई है।

रिपोर्ट में बताया गया है कि भारत के लगभग 45 प्रतिशत लोगों का मानना है कि सरकार द्वारा इकट्ठा किया गया कर जनहित के कामों में खर्च होता है। वहीं 41 प्रतिशत लोगों ने कहा कि कर देना उनके लिए कोई बोझ नहीं, बल्कि अपने समाज और देश के लिए योगदान है। इससे यह साफ होता है कि भारत में टैक्स को नागरिक जिम्मेदारी के रूप में देखा जाता है।

रिपोर्ट के अनुसार, भारत में 68 प्रतिशत लोगों ने कहा कि वे किसी भी हालत में टैक्स चोरी को सही नहीं ठहराएंगे, चाहे उन्हें ऐसा करने का मौका ही क्यों न मिले। यह भारत में लोगों के उच्च नैतिक मूल्यों को दिखाता है।

सर्वेक्षण में यह भी सामने आया कि भारत में लोग पर्यावरण और समाज के लंबे समय के विकास के लिए टैक्स देने को तैयार हैं।

लगभग 80 प्रतिशत भारतीयों ने कहा कि वे टिकाऊ विकास लक्ष्यों को पूरा करने के लिए थोड़ा या ज्यादा अतिरिक्त कर देने को भी तैयार हैं। इससे पता चलता है कि लोग कर नीति को देश और समाज के भविष्य से जोड़कर देखते हैं।

एसीसीए के भारत निदेशक मोहम्मद साजिद खान ने कहा कि भारत के नतीजे पूरे एशिया के रुझान को दिखाते हैं। एशिया में लोग कर व्यवस्था को न्यायपूर्ण, पारदर्शी और जनकल्याण से जुड़ा मानते हैं। भारत में लोगों की अतिरिक्त टैक्स देने की इच्छा यह दिखाती है कि कर नीति और समाज के लक्ष्य एक दिशा में बढ़ रहे हैं।

रिपोर्ट में शामिल 29 देशों के सर्वेक्षण में पाया गया कि एशिया के लोग अपने टैक्स सिस्टम को दूसरे क्षेत्रों की तुलना में ज्यादा निष्पक्ष और उपयोगी मानते हैं। दक्षिण-पूर्व एशिया में तो लगभग 65 प्रतिशत लोगों ने टैक्स को समाज के लिए योगदान माना है, न कि एक खर्च।

एसीसीए की मुख्य कार्यकारी अधिकारी हेलेन ब्रांड ओबीई ने कहा कि एशिया में कर व्यवस्था पर जनता का भरोसा पूरी दुनिया के लिए एक उदाहरण है। इस भरोसे को बनाए रखने के लिए सरकारों को लगातार ईमानदारी और पारदर्शिता दिखानी होगी।

ओईसीडी के कर नीति और प्रशासन केंद्र की निदेशक मनल कोर्विन ने कहा कि यह एशिया में कर नैतिकता पर शुरू किए गए एक नए अध्ययन का पहला चरण है।

उन्होंने कहा कि आने वाले समय में हम सरकारों के साथ मिलकर इन परिणामों पर चर्चा करेंगे ताकि पूरे एशिया में टैक्स सिस्टम में विश्वास के कारकों और विश्वास बढ़ाने के सर्वोत्तम तरीकों की पहचान की जा सके। इससे सरकारों को अधिक निष्पक्ष, अधिक उत्तरदायी और अधिक सुसंगत टैक्स सिस्टम तैयार करने में मदद मिलेगी।

Continue Reading

व्यापार

भारतीय शेयर बाजार साल के दूसरे दिन भी हरे निशान में खुला, सेंसेक्स-निफ्टी में उछाल

Published

on

मुंबई, 2 जनवरी: कैलेंडर वर्ष 2026 के दूसरे और सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार के प्रमुख बेंचमार्क बढ़त के साथ हरे निशान में खुले। यह नए साल का लगातार दूसरा दिन है जब घरेलू बाजार में बढ़त देखने को मिली है।

नए साल 2026 के दूसरे कारोबारी दिन खबर लिखे जाने तक (9:20 बजे के करीब) निफ्टी 25.50 अंक यानी 0.11 प्रतिशत की बढ़त के साथ 26,172.35 पर था, जबकि सेंसेक्स 104.95 अंक या 0.12 प्रतिशत की तेजी के साथ 85,293.55 पर ट्रेड कर रहा था। इस दौरान ऑटो और मेटल शेयरों में खरीदारी देखने को मिली।

व्यापक बाजार की बात करें, तो निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स में 0.31 प्रतिशत की तेजी रही, जबकि निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 0.2 प्रतिशत ऊपर कारोबार कर रहा था।

सेक्टरवार देखें, तो निफ्टी ऑटो इंडेक्स 0.73 प्रतिशत की बढ़त के साथ सबसे आगे रहा। इसके बाद निफ्टी पीएसयू बैंक 0.7 प्रतिशत और निफ्टी मेटल 0.56 प्रतिशत चढ़ा। दूसरी ओर निफ्टी एफएमसीजी इंडेक्स 1.2 प्रतिशत गिर गया, जिसमें आईटीसी के शेयर में आई तेज गिरावट का बड़ा योगदान रहा।

शुरुआती कारोबार में मारुति सुजुकी, महिंद्रा एंड महिंद्रा, एशियन पेंट्स, बीईएल, एचडीएफसी बैंक, एनटीपीसी और टाटा स्टील के शेयरों में 1.3 प्रतिशत तक की तेजी दर्ज की गई। वहीं आईटीसी का शेयर 4 प्रतिशत से ज्यादा टूट गया और यह सबसे बड़ा नुकसान झेलने वाला स्टॉक रहा। इसके अलावा टाइटन, एचसीएल टेक, एक्सिस बैंक और टेक महिंद्रा के शेयरों में भी गिरावट देखी गई।

बाजार के जानकारों का कहना है कि दिसंबर महीने में पैसेंजर व्हीकल की बिक्री में सालाना आधार पर 25.8 प्रतिशत की मजबूत बढ़ोतरी ऑटो सेक्टर के लिए एक अच्छा संकेत है। इससे भी ज्यादा अहम बात यह है कि यह आंकड़ा देश की अर्थव्यवस्था में जारी ग्रोथ की रफ्तार को साफ तौर पर दिखाता है। आगे यह देखना होगा कि क्या यह वृद्धि, भले ही धीमी गति से हो, आगे भी जारी रहती है। लेकिन अर्थव्यवस्था में ग्रोथ का बना रहना बेहद जरूरी है, क्योंकि यही बाजार के लिए जरूरी कमाई (अर्निंग्स) की बढ़ोतरी सुनिश्चित कर सकता है और बाजार को मजबूती के साथ धीरे-धीरे ऊपर ले जा सकता है।

एक्सपर्ट के अनुसार, ऑटो उद्योग से जुड़ी सकारात्मक खबरों का असर काफी हद तक पहले ही कीमतों में दिख चुका है। पिछले साल जो सेक्टर पीछे रह गया था, वह कंज्यूमर ड्यूरेबल्स सेक्टर है, जिसमें आगे चलकर तेजी आने की अच्छी संभावना है। ब्याज दरों में कटौती और जीएसटी में राहत का पूरा फायदा अभी तक इस सेक्टर की मांग में नजर नहीं आया है। ऐसे में अल्पकाल में कंज्यूमर ड्यूरेबल्स सेक्टर बेहतर प्रदर्शन कर सकता है।

भारतीय शेयर बाजार गुरुवार को साल के पहले कारोबारी सत्र में सपाट बंद हुआ। सेंसेक्स में मामूली गिरावट आई और निफ्टी में थोड़ी बढ़त दर्ज की गई। इस दौरान बीएसई सेंसेक्स 32 अंक या 0.04 प्रतिशत गिरकर 85,188.60 पर बंद हुआ, जबकि एनएसई निफ्टी 17 अंक या 0.06 प्रतिशत बढ़कर 26,146.55 पर बंद हुआ और 26,100 के स्तर से काफी ऊपर बना रहा।

Continue Reading

व्यापार

साल के आखिरी दिन सस्ता हुआ सोना-चांदी, रिकॉर्ड तेजी के बाद सिल्वर में 14,000 रुपए से ज्यादा की गिरावट

Published

on

gold

मुंबई, 31 दिसंबर: साल 2025 के आखिरी कारोबारी दिन, बुधवार को कीमती धातुओं, खासकर चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट देखने को मिली। इससे पहले चांदी रिकॉर्ड ऊंचाई तक पहुंची थी, जिसके बाद निवेशकों ने मुनाफा कमाने के लिए बिकवाली की।

घरेलू वायदा बाजार में शुरुआती कारोबार में चांदी 16,000 रुपए से ज्यादा गिर गई और यह 2,32,228 रुपए के दिन के निचले स्तर पर पहुंच गई। हालांकि बाद में इसमें थोड़ी रिकवरी देखने को मिली। वहीं सोने की कीमतों में भी 900 रुपए से ज्यादा की गिरावट देखने को मिली।

खबर लिखे जाने तक मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर मार्च डिलीवरी वाली चांदी 14,124 रुपए यानी 5.63 प्रतिशत की गिरावट के साथ 2,36,888 रुपए प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई। जबकि फरवरी डिलीवरी वाला सोना 782 रुपए यानी 0.57 प्रतिशत गिरकर 1,35,884 रुपए प्रति 10 ग्राम हो गया। कारोबारी सत्र के दौरान चांदी 2,32,228 रुपए तो सोना 1,35,618 रुपए के इंट्रा-डे लो तक पहुंच गया।

यह गिरावट 2025 में अधिकांश समय में हुई तेज बढ़त के बाद आई है। अमेरिका द्वारा वेनेजुएला के बंदरगाहों पर हमला और चीन के नौसैनिक अभ्यास जैसे अंतरराष्ट्रीय तनावों के चलते सप्ताह के शुरुआत में सुरक्षित निवेश (सेफ-हेवन) की मांग तेजी से बढ़ी थी, जिनसे कीमती धातुओं की कीमतों में रिकॉर्ड बढ़ोतरी देखने को मिली थी।

विश्लेषकों के अनुसार, दिसंबर में चांदी की कीमत 24 प्रतिशत बढ़ी और पिछले एक साल में इसमें 135 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई। इसका कारण मांग ज्यादा होना और सुरक्षित निवेश की ओर लोगों का झुकाव है।

घरेलू स्पॉट गोल्ड (तुरंत खरीदा-बेचा जाने वाला सोना) की कीमत इस साल अब तक 76 प्रतिशत से ज्यादा बढ़ी, जबकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमत 70 प्रतिशत से ज्यादा बढ़ी है। यह 1979 के बाद सबसे अच्छी सालाना बढ़त मानी जा रही है।

मेहता इक्विटी लिमिटेड के कमोडिटी उपाध्यक्ष राहुल कलंत्री ने कहा कि मंगलवार को सोने और चांदी की कीमतों में काफी उतार-चढ़ाव देखा गया। अंतरराष्ट्रीय तनाव बढ़ने से सुरक्षित निवेश की मांग बढ़ी। रूस और यूक्रेन के बीच शांति बातचीत में भी रुकावट आई, जब रूस ने यूक्रेन पर राष्ट्रपति के आवास पर ड्रोन हमला करने का आरोप लगाया।

इसी दौरान, अमेरिका द्वारा वेनेजुएला के बंदरगाहों पर हमलों और चीन के नौसैनिक अभ्यासों ने अमेरिका-ताइवान तनाव को बढ़ा दिया, जिससे कीमती धातुओं को सपोर्ट मिला। लेकिन बाद में अमेरिकी फेडरल रिजर्व की बैठक के विवरण आने के बाद कीमतों में बढ़त सीमित हो गई, क्योंकि अगले साल ब्याज दरों में ज्यादा कटौती की उम्मीद कम हो गई।

एक्सपर्ट ने बताया कि चांदी को 2,45,150 से 2,42,780 रुपए के स्तर पर सपोर्ट, तो वहीं 2,54,810 से 2,56,970 रुपए के बीच रजिस्टेंस का सामना करना पड़ सकता है।

इस साल सोने और चांदी की कीमतें बढ़ने के पीछे कई कारण रहे, जैसे केंद्रीय बैंकों द्वारा ज्यादा खरीद, अमेरिकी ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद, अमेरिकी टैरिफ को लेकर चिंता, भू-राजनीतिक तनाव और गोल्ड-सिल्वर ईटीएफ में मजबूत निवेश।

मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड की एक हालिया रिपोर्ट के अनुसार, दुनिया के बड़े बाजारों में चांदी का भंडार लगातार कम हो रहा है। शंघाई और कॉमेक्स बाजारों के बीच कीमतों का अंतर भी घट रहा है, जिससे यह साफ होता है कि चांदी की उपलब्धता सीमित होती जा रही है।

Continue Reading
Advertisement
अपराध8 minutes ago

मुंबई में शिवसेना उम्मीदवार पर हमला के मामला: पुलिस ने अज्ञात शख्स के खिलाफ दर्ज किया मुकदमा

व्यापार1 hour ago

लगातार गिरावट के बाद हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार हरे निशान में खुला

खेल1 hour ago

महिला प्रीमियर लीग 2026: मुंबई इंडियंस और आरसीबी के बीच पहला मैच आज, ओपनिंग सेरेमनी में परफॉर्म करेंगे बड़े स्टार्स

राजनीति2 hours ago

बीएमसी चुनाव 2026: मुंबई के उम्मीदवारों ने अपनी संपत्ति में भारी वृद्धि की घोषणा की, हलफनामों में करोड़ों की संपत्ति का खुलासा हुआ

अपराध18 hours ago

कोयला तस्करी और हवाला नेटवर्क मामले में बंगाल और दिल्ली में ईडी की छापेमारी, ममता बनर्जी पर जांच में बाधा डालने का आरोप

मुंबई प्रेस एक्सक्लूसिव न्यूज18 hours ago

स्थानीय निकाय चुनावों से अजित पवार को झटका, गठबंधन नेता चुनाव प्रक्रिया से हटे

राष्ट्रीय समाचार19 hours ago

मुंबई: ट्रेनों में देरी और अचानक रद्द होने से ट्रांस-हार्बर लाइन का कार्यक्रम पूरी तरह से गड़बड़ा गया है।

अपराध22 hours ago

मोगा कोर्ट को धमकी भरा ई-मेल मिलने से हड़कंप, परिसर खाली करवाकर पुलिस ने की चप्पे-चप्पे की जांच

अपराध22 hours ago

रांची: कार से कुचलकर युवक की हत्या मामले में दो आरोपी गिरफ्तार

राजनीति23 hours ago

‘एक्शन पर रिएक्शन होता है तो सरकार के पास कठोर दंड देने का भी सिलेक्शन’, एसटी हसन को दिनेश शर्मा का जवाब

व्यापार2 weeks ago

भारतीय शेयर बाजार लाल निशान में बंद, सेंसेक्स 367 अंक फिसला

अपराध2 weeks ago

मुंबई: रिटायर्ड अधिकारी से 4.10 लाख की ठगी, जांच में जुटी पुलिस

राजनीति4 weeks ago

न्यायपालिका को अपने पक्ष में मोड़ने की कोशिश कर रही है भाजपा: शिवसेना (यूबीटी)

व्यापार3 weeks ago

सकारात्मक वैश्विक संकेतों के बीच उच्च स्तर पर खुला भारतीय शेयर बाजार

महाराष्ट्र1 week ago

अंदरूनी कलह पड़ी भारी, 211 वार्ड में समाजवादी पार्टी के साथ सियासी खेल

व्यापार3 weeks ago

सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट, जानें मार्केट में आज की कीमत

राष्ट्रीय समाचार3 weeks ago

पटना में बढ़ती ठंड पर डीएम का बड़ा फैसला, सभी स्कूलों के समय में बदलाव

महाराष्ट्र2 weeks ago

मुंबई बिरयानी में ज़्यादा नमक होने पर पत्नी की हत्या के आरोप में पति गिरफ्तार

व्यापार4 weeks ago

चांदी ने तोड़े सारे रिकॉर्ड, इन पांच कारण से तेजी को मिल रही हवा

अपराध4 weeks ago

कल्याण: सिद्धेश्वर एक्सप्रेस से 5.5 करोड़ रुपये के आभूषण चोरी; सीसीटीवी फुटेज में नकाबपोश संदिग्ध दिखे

रुझान