Connect with us
Saturday,18-April-2026
ताज़ा खबर

अंतरराष्ट्रीय

ऑस्ट्रेलिया में 24 घंटे की ट्रक हड़ताल से आपूर्ति प्रभावित होने का खतरा

Published

on

ऑस्ट्रेलिया की सबसे बड़ी परिवहन कंपनियों में से एक टोल के करीब 7,000 ट्रक चालक शुक्रवार की आधी रात से 24 घंटे की राष्ट्रीय हड़ताल पर जाने वाले हैं, जिसका मतलब है कि देश भर में खाद्य और ईंधन आपूर्ति श्रृंखलाओं में व्यवधान उत्पन्न हो सकता है। समाचार एजेंसी सिन्हुआ की रिपोर्ट के अनुसार, हड़ताल पर जाने वाले ड्राइवर ट्रांसपोर्ट वर्कर्स यूनियन (टीडब्ल्यूयू) के सदस्य हैं और गुरुवार को एक वोटिंग में 94 प्रतिशत सदस्य औद्योगिक कार्रवाई करने के पक्ष में थे।

टीडब्ल्यूयू के एक बयान में, राष्ट्रीय सचिव माइकल काइन ने कहा कि यह निराशाजनक है कि महीनों की बातचीत अब यहां तक आ गई है।

उन्होंने कहा, “टोल कर्मियों को इस सप्ताह हड़ताल पर जाने के लिए अंतिम विकल्प अपनाने को मजबूर किया गया है, क्योंकि उनकी नौकरियां छीनी जा रही हैं।”

टीडब्ल्यूयू ने कर्मचारियों के लिए 3 प्रतिशत वेतन वृद्धि और नौकरी की सुरक्षा बढ़ाने की मांग की है। हालांकि टोल ने केवल 2 प्रतिशत वेतन वृद्धि की पेशकश की है।

वार्ता तब टूट गई, जब टोल ने स्थायी कर्मचारियों के लिए ओवरटाइम में कटौती की और इसके बजाय ठेकेदारों को कम वेतन पर लागत में कटौती के उपाय के रूप में नियुक्त किया।

टीडब्ल्यूयू ने अब खतरे में पड़ी आपूर्ति श्रृंखलाओं के लिए टोल के कार्य करने में विफलता को दोषी ठहराया है।

काइन ने कहा, “टोल का व्यवहार निंदनीय है। परिवहन की दिग्गज कंपनी एक ही समय में दो संकटों के लिए जिम्मेदार है : अच्छी, सुरक्षित परिवहन नौकरियों पर एक क्रूर हमला और भोजन एवं ईंधन की आपूर्ति में बड़े पैमाने पर व्यवधान।”

टोल के ग्लोबल एक्सप्रेस डिवीजन के अध्यक्ष एलन बीचम ने कहा कि हड़ताल से केवल श्रमिकों और व्यवसायों को नुकसान होगा।

चिंता जताई गई है कि हड़ताल ऑस्ट्रेलिया में कोविड-19 पुनरुत्थान के बीच टीके की आपूर्ति के लिए एक जोखिम पैदा कर सकती है, जिस पर टीडब्ल्यूयू ने जवाब दिया कि उनकी वजह से कभी भी किसी भी हाल में चिकित्सा आपूर्ति या टीकों की सप्लाई को बाधित नहीं किया जाएगा।

व्यापार

अमेरिका-ईरान शांति वार्ता के चलते इस सप्ताह सेंसेक्स और निफ्टी मजबूत बढ़त के साथ हुए बंद

Published

on

अमेरिका-ईरान के बीच जारी शांति वार्ता की उम्मीदों ने भारतीय शेयर बाजार को इस हफ्ते मजबूत सपोर्ट दिया। सकारात्मक वैश्विक संकेतों, रुपए में मजबूती और कच्चे तेल की कीमतों में नरमी के चलते निवेशकों का भरोसा बढ़ा और बाजार में व्यापक खरीदारी देखने को मिली।

हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन शुक्रवार को सेंसेक्स 504.86 अंक यानी 0.65 फीसदी की तेजी के साथ 78,493.54 पर बंद हुआ। वहीं निफ्टी 156.80 अंक या 0.65 फीसदी चढ़कर 24,353.55 के स्तर पर बंद हुआ।

सेक्टोरल स्तर पर लगभग सभी सेक्टरों में खरीदारी का माहौल रहा। बजाज ब्रोकिंग रिसर्च की रिपोर्ट के अनुसार बाजार का रुख पूरे हफ्ते सकारात्मक बना रहा। खासतौर पर निफ्टी एफएमसीजी, मेटल और ऑयल एंड गैस सेक्टर में 1 से 3 फीसदी तक की बढ़त दर्ज की गई, जबकि आईटी सेक्टर अपेक्षाकृत कमजोर रहा।

बड़े सूचकांकों के मुकाबले मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों ने बेहतर प्रदर्शन किया। निफ्टी मिडकैप इंडेक्स में करीब 1.27 फीसदी की तेजी आई, जबकि स्मॉलकैप इंडेक्स लगभग 1.48 फीसदी चढ़ा।

विश्लेषकों के अनुसार, भारतीय बाजारों में इस हफ्ते धीरे-धीरे लेकिन स्थिर रिकवरी देखने को मिली। वैश्विक माहौल में सुधार और कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट ने निवेशकों के भरोसे को मजबूत किया। हालांकि, बाजार में सतर्कता का माहौल भी बना रहा, लेकिन लगातार खरीदारी और जोखिम लेने की बढ़ती क्षमता ने इंडेक्स को मजबूती दी।

पोनमुडी आर ने कहा कि हाल के हफ्तों के मुकाबले इस बार बाजार का उतार-चढ़ाव काफी नियंत्रित रहा। गिरावट आने पर निवेशकों ने खरीदारी दिखाई, जो इस बात का संकेत है कि बाजार का सेंटिमेंट धीरे-धीरे मजबूत हो रहा है। हालांकि, अभी भी बाजार ऊपरी स्तर पर निर्णायक ब्रेकआउट देने में सफल नहीं हुआ है, जिससे यह साफ है कि ट्रेंड अभी बदलाव के दौर में है।

बाजार का रुख अब सतर्क आशावाद की ओर बढ़ता दिख रहा है। कच्चे तेल की नरम कीमतें, बेहतर वैश्विक संकेत और स्थिर निवेश प्रवाह इस रिकवरी को सहारा दे रहे हैं। निकट भविष्य में गिरावट का जोखिम सीमित नजर आ रहा है, जबकि तेजी की संभावना धीरे-धीरे बढ़ रही है।

इस बीच, विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) के रुख में भी सुधार के संकेत मिले हैं। लंबे समय से बिकवाली करने के बाद एफआईआई ने हफ्ते के आखिरी तीन सत्रों में खरीदारी की, जिससे बाजार को सहारा मिला। हालांकि, पूरे हफ्ते के आधार पर उनका निवेश लगभग 250 करोड़ रुपए की हल्की निकासी के साथ नकारात्मक ही रहा।

दूसरी ओर, घरेलू संस्थागत निवेशक (डीआईआई), जो अब तक बाजार को लगातार सपोर्ट दे रहे थे, हफ्ते के आखिरी सत्रों में मुनाफावसूली करते नजर आए। पूरे हफ्ते में डीआईआई की ओर से करीब 6,300 करोड़ रुपए की निकासी दर्ज की गई।

इसके बावजूद, बाजार में स्थिरता बनाए रखने में घरेलू निवेशकों की भूमिका अब भी मजबूत बनी हुई है और वे आगे भी बाजार को संरचनात्मक सहारा देते रहेंगे।

Continue Reading

व्यापार

पश्चिम एशिया में तनाव कम होने की उम्मीद के बीच कच्चे तेल की कीमतों में आई 2 प्रतिशत तक की गिरावट

Published

on

पश्चिम एशिया में जारी तनाव कम होने की उम्मीद के बीच शुक्रवार को अंतरराष्ट्रीय कच्चे तेल की कीमतों में करीब 2 प्रतिशत तक गिरावट दर्ज की गई। यह गिरावट 28 फरवरी से शुरू हुए संघर्ष के खत्म होने की उम्मीदों के कारण आई है।

ब्रेंट क्रूड फ्यूचर्स 97.99 डॉलर प्रति बैरल पर ट्रेड कर रहा था, जो शुरुआती कारोबार में दिन के निचले स्तर पर पहुंच गया और इसमें 1 प्रतिशत से ज्यादा की गिरावट देखी गई।

वहीं, अमेरिका का वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (डब्ल्यूटीआई) क्रूड भी करीब 2 प्रतिशत गिरकर 92.91 डॉलर के इंट्रा-डे लो तक पहुंच गया।

हालांकि, इससे पहले के कारोबारी सत्र में ग्लोबल बेंचमार्क ब्रेंट करीब 5 प्रतिशत की तेजी के साथ 99.39 डॉलर पर बंद हुआ था। इसी तरह, अमेरिकी डब्ल्यूटीआई भी 2 प्रतिशत से ज्यादा बढ़कर 93.32 डॉलर पर बंद हुआ था।

घरेलू बाजार में मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर कच्चे तेल की कीमतों में भी गिरावट देखने को मिली, जहां यह 2.6 प्रतिशत तक गिरकर 8,625 रुपए तक आ गया।

ट्रेडर्स को उस समय राहत मिली जब अमेरिकी राष्ट्रपति ने इजरायल और लेबनान के बीच 10 दिन के युद्धविराम (सीजफायर) की घोषणा की। उन्होंने यह भी कहा कि तेहरान ने 20 साल से ज्यादा समय तक परमाणु हथियार नहीं रखने का प्रस्ताव दिया है।

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा, “मुझे उम्मीद है कि हिजबुल्लाह इस अहम समय में समझदारी दिखाएगा। अगर ऐसा होता है तो यह उनके लिए बड़ा मौका होगा। अब और हिंसा नहीं, हमें आखिरकार शांति चाहिए।”

मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा, “हम देखेंगे कि आगे क्या होता है, लेकिन मुझे लगता है कि हम ईरान के साथ समझौते के काफी करीब हैं।”

शेयर बाजार की बात करें तो वैश्विक बाजारों में मिला-जुला रुख देखने को मिला। वहीं घरेलू बाजार में बीएसई सेंसेक्स और एनएसई निफ्टी सपाट खुले। हालांकि बाद में इनमें थोड़ी तेजी देखने को मिली।

एशियाई बाजारों में गिरावट देखी गई, जहां प्रमुख इंडेक्स 1 प्रतिशत तक नीचे रहे।

वहीं, अमेरिका में वॉल स्ट्रीट हल्की बढ़त के साथ बंद हुआ, जहां नैस्डैक 0.36 प्रतिशत और एसएंडपी 500 इंडेक्स 0.26 प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद हुए।

Continue Reading

व्यापार

अमेरिका-ईरान में तनाव कम होने के संकेत से सोने और चांदी में उछाल

Published

on

अमेरिका और ईरान में तनाव कम होने के संकेत से सोने और चांदी में बुधवार को उछाल देखने को मिला है।

मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर सोने के (5 जून, 2026) का कॉन्ट्रैक्ट 0.05 प्रतिशत की तेजी के साथ 1,54,899 पर था।

अब तक के कारोबार में सोने ने 1,54,404 रुपए का न्यूनतम स्तर और 1,54,899 रुपए का उच्चतम स्तर बनाया है।

चांदी का (5 मई, 2026) का कॉन्ट्रैक्ट 0.52 प्रतिशत की बढ़त के साथ 2,54,076 रुपए पर था।

अब तक के कारोबार में चांदी ने 2,53,310 रुपए का न्यूनतम स्तर और 2,55,617 रुपए का उच्चतम स्तर बनाया है।

सोने के टेक्निकल आउटलुक पर विशेषज्ञों ने कहा कि अगर सोना 1,55,000 रुपए से ऊपर निकलता है तो 1,57,000-1,58,000 रुपए की ओर जा सकता है।

एक विश्लेषक ने कहा, “गिरावट की स्थिति में 1,54,000 रुपए से नीचे की फिसलने के बाद 1,52,000 रुपए और उससे आगे 1,50,000 रुपए तक जा सकता है।”

अन्य बाजार विशेषज्ञ ने कहा, “चांदी के लिए रुकावट का स्तर 2,60,000-2,63,000 रुपए पर है और अगर यह इससे आगे निकलता है तो 2,68,000-2,70,000 रुपए तक जा सकता है।”

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी सोने और चांदी में तेजी देखी गई। सोने 0.05 प्रतिशत की तेजी के साथ 4,852 डॉलर प्रति औंस और चांदी 0.57 प्रतिशत की बढ़त के साथ 79.99 डॉलर प्रति औंस पर थी।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संकेत दिया है कि अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच तनाव को समाप्त करने के लिए बातचीत अगले दो दिनों में शुरू हो सकती है और बातचीत फिर से पाकिस्तान में होने की संभावना है।

यह घटनाक्रम सप्ताहांत में वार्ता विफल होने के बाद सामने आया है, जिसके चलते वाशिंगटन ने ईरानी बंदरगाहों पर नाकाबंदी लगा दी थी, जिससे होर्मुज जलडमरूमध्य के बंद होने के बाद आपूर्ति संबंधी बाधाओं को लेकर चिंताएं बढ़ गई थीं।

Continue Reading
Advertisement
महाराष्ट्र11 hours ago

अयान शेख यौन उत्पीड़न मामला लव जिहाद नहीं है, जांच में नया निष्कर्ष, अयान की जान खतरे में

महाराष्ट्र11 hours ago

पुणे में अंबेडकर जयंती कार्यक्रम में नक्सलियों ने ‘हडमा’ गीत पर नृत्य किया, दो बीबीए छात्रों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया

राजनीति13 hours ago

आज रात 8:30 बजे देश को संबोधित करेंगे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी

राष्ट्रीय समाचार13 hours ago

बंद हो चुके नोट बदलने के संबंध में आरबीआई के कोई नए नियम नहीं: पीआईबी फैक्ट चेक

राजनीति15 hours ago

कांग्रेस हमेशा महिला आरक्षण के पक्ष में, सरकार इसके नाम पर चला रही राजनीतिक एजेंडा: प्रियंका गांधी

व्यापार16 hours ago

अमेरिका-ईरान शांति वार्ता के चलते इस सप्ताह सेंसेक्स और निफ्टी मजबूत बढ़त के साथ हुए बंद

राष्ट्रीय समाचार16 hours ago

जम्मू-कश्मीर: श्रीनगर एयरपोर्ट से आने-जाने वाली दो उड़ानें रद्द

अंतरराष्ट्रीय समाचार16 hours ago

लेबनान के राष्ट्रपति ने इजरायल के साथ सीजफायर के बाद स्थायी समझौते पर बातचीत करने का किया ऐलान

मनोरंजन17 hours ago

8 घंटे की शिफ्ट पर छिड़ी जंग : दीपिका पादुकोण और रणवीर सिंह के काम करने के तरीके में बड़ा अंतर

महाराष्ट्र1 day ago

डिपार्टमेंट बी ने डोंगरी में 9 बिना इजाज़त दुकानों पर तोड़-फोड़ की कार्रवाई की

महाराष्ट्र3 weeks ago

लॉकडाउन लागू नहीं होगा… तेल की कीमतें भी नहीं बढ़ेंगी, अफवाह फैलाने वालों पर क्रिमिनल केस दर्ज होंगे: देवेंद्र फडणवीस

महाराष्ट्र2 weeks ago

मुंबई : जय श्री राम विवाद में 5 गिरफ्तार, आरोपी के घर पर बुलडोजर कार्रवाई, तनावपूर्ण स्थिति में शांति बनी हुई है।

महाराष्ट्र1 week ago

महाराष्ट्र पुलिस के लिए भी अब हेलमेट पहनना अनिवार्य, डीजीपी ने जारी किया आदेश

अंतरराष्ट्रीय3 weeks ago

व्हाइट हाउस ने ईरान संकट पर पीएम मोदी और ट्रंप की बातचीत की सराहना की

महाराष्ट्र1 week ago

ग्रांट रोड के बार पर छापा: मुंबई क्राइम ब्रांच की बड़ी कार्रवाई

राजनीति3 weeks ago

गृह मंत्री शाह आज बंगाल में तृणमूल सरकार के खिलाफ ‘श्वेत पत्र’ जारी करेंगे

व्यापार2 weeks ago

ईरान के ऊपर अमेरिकी जेट विमान मार गिराए गए; बचाव कार्य जारी

महाराष्ट्र1 week ago

मुंबई: मालेगांव विस्फोट मामले में गिरफ्तारी के बाद 2008 में पुरोहित के करियर की प्रगति लगभग रुक गई थी।

अपराध3 weeks ago

मुंबई में डिलीवरी वाहन से 27 गैस सिलेंडर चोरी, जांच जारी

राष्ट्रीय2 weeks ago

एचपीसीएल का सख्त एक्शन: सरकार की सख्ती के बीच एलपीजी से संबंधित अनियमितताओं के चलते 10 डिस्ट्रीब्यूटर को किया सस्पेंड

रुझान