अंतरराष्ट्रीय समाचार
ईरान के साथ व्यापार करने वाले देशों पर लगेगा 25 प्रतिशत अतिरिक्त टैरिफ : ट्रंप
TRUMP
वाशिंगटन, 13 जनवरी: अमेरिका ईरान और उसके साथ व्यापार करने वाले देशों के प्रति सख्त रुख अपना रहा है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को घोषणा की कि जो देश ईरान के साथ कारोबार करेंगे, उन पर अमेरिका के साथ व्यापार करने पर 25 प्रतिशत अतिरिक्त शुल्क लगाया जाएगा।
भारत के लिए इसका मतलब यह है कि अमेरिका को निर्यात होने वाले भारतीय उत्पादों पर कुल मिलाकर 75 प्रतिशत तक शुल्क लग सकता है। इससे भारतीय कारोबारियों और उद्योगों पर बुरा असर पड़ने की आशंका है।
डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया पर लिखा, “तुरंत प्रभाव से, इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान के साथ व्यापार करने वाला कोई भी देश संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ किए जा रहे किसी भी और सभी व्यापार पर 25 प्रतिशत का टैरिफ देगा। “यह आदेश अंतिम और निर्णायक है।” “इस मामले पर ध्यान देने के लिए धन्यवाद!”
हालांकि, इस बयान में यह साफ नहीं किया गया कि यह शुल्क किन क्षेत्रों पर और किस तरह लागू होगा।
इससे पहले दिन में, व्हाइट हाउस ने कहा कि अमेरिका एक तरफ ईरान से बातचीत के रास्ते खुले रखना चाहता है, तो दूसरी तरफ जरूरत पड़ने पर सैन्य विकल्प भी तैयार रखेगा। ईरान के भीतर जारी विरोध प्रदर्शन और पर्दे के पीछे चल रही बातचीत से तेहरान के रुख में कुछ बदलाव के संकेत मिल रहे हैं।
व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलीन लेविट ने कहा कि राष्ट्रपति की प्राथमिकता हिंसा को रोकना है और साथ ही ईरान के अधिकारियों की ओर से आ रहे निजी संदेशों का आकलन करना है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति नहीं चाहते कि तेहरान की सड़कों पर लोगों की जान जाए, लेकिन दुर्भाग्य से फिलहाल ऐसा होते हुए देखा जा रहा है।
जब उनसे पूछा गया कि क्या अमेरिका अब भी ईरान के पूर्ण परमाणु निरस्त्रीकरण की मांग कर रहा है, तो उन्होंने कोई स्पष्ट शर्त नहीं बताई। लेकिन उन्होंने यह जरूर कहा कि राष्ट्रपति जरूरत पड़ने पर कड़े कदम उठाने से पीछे नहीं हटेंगे।
इसके साथ ही उन्होंने यह भी दोहराया कि अमेरिका की पहली पसंद हमेशा कूटनीति ही है। उनका कहना था कि ईरान सरकार जो बातें सार्वजनिक रूप से कह रही है, वे उन निजी संदेशों से अलग हैं जो अमेरिका को मिल रहे हैं, और राष्ट्रपति उन संदेशों पर गौर करना चाहते हैं।
लेविट ने कहा कि विशेष दूत स्टीव विटकॉफ ईरान कूटनीति में केंद्रीय भूमिका निभा रहे हैं। उन्होंने कहा, “मैं समझती हूं कि स्टीव विटकॉफ ईरान के साथ डिप्लोमेसी में एक बहुत ही महत्वपूर्ण बने रहेंगे।” उन्होंने यह भी कहा कि ईरान अच्छी तरह जानता है कि राष्ट्रपति ट्रंप पहले भी जरूरत पड़ने पर सख्त फैसले ले चुके हैं और आगे भी ऐसा कर सकते हैं।
यह सभी बयान ऐसे समय में आए हैं, जब ईरान में हालात तनावपूर्ण बने हुए हैं और अमेरिका की ईरान नीति पर एक बार फिर गहन नजर डाली जा रही है।
अंतरराष्ट्रीय समाचार
भारत ने भूकंपग्रस्त कोलंबिया की तरफ बढ़ाया मदद का हाथ, राहत सामग्री की पहली खेप भेजी

कोलंबिया में आए भयानक भूकंप के बाद भारत ने शुक्रवार को राहत सामग्री भेजी है। विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर की ओर से साझा जानकारी के अनुसार, भारत ने कोलंबिया को 20 मीट्रिक टन राहत सामग्री की पहली खेप भेजी।
विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर ने इस मुश्किल समय में कोलंबिया के लोगों के साथ भारत की एकजुटता दिखाई और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, “भूकंप के बाद चल रहे रिकवरी के कामों में मदद के लिए कोलंबिया को 20 एमटी राहत सप्लाई की पहली खेप भेजी गई। इस मदद में दवाएं और मेडिकल इक्विपमेंट, कुछ समय के लिए रहने की जगह और साफ-सफाई में मदद और आपदा के बाद जरूरी दूसरी चीजें शामिल हैं। भारत इस मुश्किल समय में कोलंबिया के लोगों के साथ एकजुटता में खड़ा है।”
बता दें, सोमवार को कोलंबिया में आए 7.3-तीव्रता के भूकंप में 281 लोगों की जान चली गई, 3,971 लोग घायल हुए, जबकि 391 लोग अभी भी लापता हैं।
कोलंबियाई जियोलॉजिकल सर्विस के मुताबिक, भूकंप पश्चिमी कोलंबिया में सुबह 7:34 बजे (स्थानीय समय) आया था। भूकंप का केंद्र सैन जोस डेल पालमार के पास था और यह 96 किलोमीटर की गहराई में आया था।
न्यूज एजेंसी सिन्हुआ की रिपोर्ट के अनुसार, नेशनल यूनिट फॉर डिजास्टर रिस्क मैनेजमेंट ने कहा कि कोलंबिया में भूकंप से 15 डिपार्टमेंट और 426 म्युनिसिपैलिटी में 44,936 परिवार और 102,105 लोग प्रभावित हुए हैं।
इसमें आगे बताया गया कि भूकंप से 10,677 घर तबाह हो गए हैं, जबकि 65,841 दूसरे घरों को नुकसान हुआ है। इससे पहले मंगलवार को विदेश मंत्री जयशंकर ने भूकंप में अपने प्रियजनों को खोने वाले परिवारों के प्रति संवेदना जताई और घायलों के जल्दी ठीक होने की प्रार्थना की।
विदेश मंत्री जयशंकर ने एक्स पर लिखा, “कोलंबिया में भूकंप से हुई दुखद मौतों और तबाही से बहुत दुखी हूं। जिन परिवारों ने अपने प्रियजनों को खोया है, उनके प्रति दिल से संवेदनाएं व्यक्त करता हूं। साथ ही घायलों के जल्दी ठीक होने की प्रार्थना करता हूं। भारत हर संभव मदद देने के लिए तैयार है।”
अंतरराष्ट्रीय समाचार
चीन में वायु गुणवत्ता के सुधार के लिए नए दौर की कार्रवाई योजना जोरों पर

चीनी उप पारिस्थितिकी और पर्यावरण मंत्री शु पीच्यो ने 13 अगस्त को एक संवाददाता सम्मेलन में बताया कि चीन में अब वायु गुणवत्ता के सुधार के लिए नए दौर की कार्रवाई योजना बनाने का काम जोरों पर है। उन्होंने कहा कि 18वीं सीपीसी कांग्रेस के बाद चीन ने वायु सुधार के लिए लगातार तीन कार्रवाई योजनाएं जारी कीं, जिससे वायु गुणवत्ता में बड़ा सुधार आया है।
आंकड़ों के अनुसार वर्ष 2025 में चीन में पीएम 2.5 (पीएम 2.5) का राष्ट्रीय औसत घनत्व घटकर 28 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर हो गया, जो 2013 की तुलना में 59 प्रतिशत कम है। भारी प्रदूषित दिनों की संख्या का अनुपात 0.9 प्रतिशत तक घट गया, जो निगरानी शुरू होने के बाद सबसे अच्छा रिकॉर्ड है।
शु पीच्यो ने बताया कि वर्तमान में वायु प्रदूषण के निपटारे में अपर्याप्त, अस्थिर और असंतुलित सवाल उल्लेखनीय बना रहा है। वायु गुणवत्ता का सुधार स्पष्ट सुधार से सर्वांगीण सुधार की ओर संक्रमण के कुंजीभूत काल से गुजर रहा है। नई कार्रवाई योजना का मापदंड अधिक ऊंचा होगा। विभिन्न इलाकों के प्रति उसका कार्यांवयन अधिक लक्षित होगा और कदम अधिक वैज्ञानिक होंगे।
अंतरराष्ट्रीय समाचार
कोलंबिया भूकंप में मरने वालों की संख्या बढ़कर 273 हुई, 3,824 घायल और 377 लोग लापता

कोलंबिया में सोमवार को आए भूकंप से तबाही मची हुई है। नेशनल यूनिट फॉर डिजास्टर रिस्क मैनेजमेंट के डायरेक्टर डेविड तमायो ने बताया कि सोमवार को आए 7.4 तीव्रता के भूकंप से मरने वालों की संख्या बढ़कर 273 हो गई है।
तामायो ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, “हमारे पास 40,753 प्रभावित परिवारों, 97,515 प्रभावित लोगों और 273 मौतों की रिपोर्ट है। उन 273 मौतों में से 250 शव चिकित्सा विभाग में आ चुके हैं, 227 की पहचान की जा चुकी है और 189 को उनके परिवारों को सौंप दिया गया है।”
उन्होंने यह भी कहा कि भूकंप में 3,824 लोग घायल हुए और 377 लोग लापता हो गए।
बुनियादी ढांचे के संदर्भ में, तामायो ने कहा कि 12,584 घर नष्ट हो गए और 74,873 क्षतिग्रस्त हो गए। समाचार एजेंसी सिन्हुआ की रिपोर्ट के अनुसार, उन्होंने यह भी कहा कि भूकंप के कारण 172 इमारतें ढह गईं और 2,198 स्कूल और शैक्षणिक संस्थान, 825 सामुदायिक केंद्र, 216 स्वास्थ्य केंद्र और पांच हवाई अड्डे प्रभावित हुए।
कोलंबिया भूकंप से हुए नुकसान की निगरानी के लिए उपग्रह प्रौद्योगिकी और हाई-रिजॉल्यूशन इमेज का उपयोग किया जा रहा है। जमीन पर, खोज और बचाव दल मलबे के नीचे लापता लोगों का पता लगाने के लिए डॉग स्क्वायड के साथ काम करते रहे।
कोलंबियाई भूवैज्ञानिक सेवा ने कहा कि चोको के उत्तर-पश्चिमी विभाग में सैन जोस डेल पालमार में गुरुवार को स्थानीय समयानुसार सुबह 9:42 बजे 4.2 तीव्रता का एक नया झटका दर्ज किया गया, जो सोमवार के भूकंप का केंद्र था।
इस बीच, मानवीय मामलों के समन्वय के लिए संयुक्त राष्ट्र कार्यालय (ओसीएचए) और उसके सहयोगी कोलंबिया में विनाशकारी भूकंप के लिए सरकार के नेतृत्व वाली प्रतिक्रिया का समर्थन किया। ओसीएचए ने अपने दैनिक समाचार अपडेट में कहा कि घरों और सार्वजनिक बुनियादी ढांचे को भी बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है।
कार्यालय ने कहा, आपातकालीन आश्रय, भोजन सहायता, सुरक्षित पेयजल तक पहुंच और प्रभावित समुदायों के लिए स्वास्थ्य देखभाल सर्वोच्च प्राथमिकताओं में से हैं। संयुक्त राष्ट्र और उसके सहयोगी भी संसाधन जुटा रहे हैं। ओसीएचए ने कहा कि विश्व खाद्य कार्यक्रम भोजन भेज रहा है, जबकि विश्व स्वास्थ्य संगठन देश में अपने गोदामों से चिकित्सा आपूर्ति भेज रहा है।
-
दुर्घटना12 months agoनागपुर विस्फोट: बाजारगांव स्थित सौर ऊर्जा संयंत्र में बड़ा विस्फोट; 1 की मौत, कम से कम 10 घायल
-
व्यापार6 years agoआईफोन 12 का उत्पादन जुलाई से शुरू होगा : रिपोर्ट
-
महाराष्ट्र1 year agoमीरा भयंदर हजरत सैयद बाले शाह बाबा की मजार को ध्वस्त करने का आदेश
-
महाराष्ट्र1 year agoईद 2025 पर डोंगरी में दंगे और बम विस्फोट की ‘चेतावनी’ के बाद मुंबई पुलिस ने सुरक्षा बढ़ा दी
-
अपराध4 years agoभगौड़े डॉन दाऊद इब्राहिम के गुर्गो की ये हैं नई तस्वीरें
-
राजनीति1 year agoवक्फ संशोधन बिल लोकसभा में होगा पेश, भाजपा-कांग्रेस समेत कई पार्टियों ने जारी किया व्हिप
-
खेल1 year agoआईपीएल 2025 : शानदार रिकॉर्ड के नाम रहा एमआई और केकेआर का मैच, डेब्यूटेंट अश्विनी ने रचा इतिहास
-
महाराष्ट्र1 year agoहाईकोर्ट ने मुंबई पुलिस और महाराष्ट्र प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को नोटिस जारी किया, मस्जिदों के लाउडस्पीकर विवाद पर
