Connect with us
Thursday,15-October-2026
ताज़ा खबर

राजनीति

पूर्व आईएएस अधिकारी अनूप चंद्र पांडे ने चुनाव आयुक्त के तौर पर पदभार संभाला

Published

on

सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी अनूप चंद्र पांडे ने बुधवार को चुनाव आयुक्त के रूप में पदभार ग्रहण किया। वह अब मुख्य चुनाव आयुक्त सुशील चंद्रा और चुनाव आयुक्त राजीव कुमार के साथ तीन सदस्यीय निकाय में शामिल हो गए हैं। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने मंगलवार को पांडे को चुनाव आयुक्त नियुक्त किया था। मुख्य निर्वाचन आयुक्त (सीईसी) के रूप में सुनील अरोड़ा का कार्यकाल 12 अप्रैल को पूरा हो गया था। इसके बाद से निर्वाचन आयुक्त का एक पद रिक्त था। सुशील चंद्रा फिलहाल सीईसी हैं, जबकि राजीव कुमार अन्य निर्वाचन आयुक्त हैं।

पोल पैनल को अगले साल उत्तर प्रदेश, पंजाब, गोवा, मणिपुर और उत्तराखंड में होने वाले महत्वपूर्ण विधानसभा चुनावों के अगले सेट की देखरेख करनी है।

62 वर्षीय पांडे 2024 के लोकसभा चुनावों की संभावित घोषणा से ठीक पहले इस पद से सेवानिवृत्त हो जाएंगे, क्योंकि चुनाव आयुक्तों के लिए आयु मानदंड के अनुसार, 65 वर्ष की आयु होने पर वह फरवरी 2024 में पद छोड़ देंगे।

15 फरवरी, 1959 को जन्मे पांडे 1984 बैच के यूपी कैडर के भारतीय प्रशासनिक सेवा अधिकारी रहे हैं। अपनी 37 साल की सेवा के दौरान, उन्होंने केंद्र और राज्य दोनों स्तरों पर महत्वपूर्ण पदों पर कार्य किया है।

चुनाव आयोग में शामिल होने से पहले, पांडे नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल ओवरसाइट कमेटी, उत्तर प्रदेश के सदस्य के रूप में कार्यरत थे।

पांडे को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 28 जून, 2018 को मुख्य सचिव के रूप में राज्य की नौकरशाही का नेतृत्व करने के लिए चुना था और वह इस पद से अगस्त 2019 में सेवानिवृत्त हुए। उनकी निगरानी में, राज्य ने प्रयागराज में कुंभ मेला और वाराणसी में 2019 में प्रवासी भारतीय दिवस का आयोजन किया।

इससे पहले, पांडे ने औद्योगिक विकास आयुक्त के रूप में कार्य किया और 2018 में लखनऊ में सफलतापूर्वक एक मेगा इन्वेस्टर्स समिट का आयोजन भी किया। उन्होंने सिंगल विंडो निवेश मित्र पोर्टल सहित उद्योगों और व्यापार क्षेत्र में विभिन्न नीतिगत सुधारों की शुरूआत की।

राज्य के अतिरिक्त मुख्य सचिव, (वित्त) के रूप में उन्होंने राज्य की कृषि ऋण माफी योजना के सफल डिजाइन, योजना और कार्यान्वयन का निरीक्षण किया।

पांडे ने केंद्र में अपनी प्रतिनियुक्ति के दौरान विभिन्न विभागों को संभाला है।

उन्होंने जी20 और अंतर्राष्ट्रीय श्रम संगठन जैसे विभिन्न अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर देश का प्रतिनिधित्व किया है। वह स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय और उपभोक्ता मामलों के विभाग में निदेशक भी रहे चुके हैं।

पंजाब इंजीनियरिंग कॉलेज से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में स्नातक की डिग्री और पंजाब विश्वविद्यालय से सामग्री प्रबंधन में मास्टर डिग्री प्राप्त करने वाले पांडे इतिहास के अध्ययन में गहरी रुचि रखते हैं। उन्होंने मगध विश्वविद्यालय से प्राचीन भारतीय इतिहास में पीएचडी भी की है।

पांडे की लेखन में गहरी रुचि है और उन्होंने प्राचीन भारत में शासन नामक एक पुस्तक लिखी है, जो ऋग्वेदिक काल से 650 ईस्वी तक भारतीय सिविल सेवा के विकास, प्रकृति, कार्यक्षेत्र, कार्यों और संबंधित पहलुओं की खोज करती है।

अंतरराष्ट्रीय समाचार

यूएन में भारत का सख्त बयान, ओएचसीएचआर के दोहरे मानदंड पर उठाए सवाल

Published

on

संयुक्त राष्ट्र महासभा के 81वें सत्र में मानवाधिकार उच्चायुक्त के साथ ‘इंटरैक्टिव डायलॉग’ के दौरान प्रथम सचिव अनुज स्वरूप ने भारत का बयान रखते हुए ओएचसीएचआर के चयनात्मक रवैये और दोहरे मानदंडों को लेकर आगाह किया और साथ ही पाकिस्तान के कब्जे वाले जम्मू-कश्मीर में मानवाधिकार उल्लंघनों पर रिपोर्ट की मांग की।

अनुज स्वरूप ने मानवाधिकार परिषद में भारत के सदस्य के रूप में अपनी रचनात्मक और सकारात्मक भूमिका को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि मानवाधिकार उच्चायुक्त कार्यालय (ओएचसीएचआर) की ओर से चुनिंदा मुद्दों पर ध्यान देने और दोहरे मानदंड अपनाने से बहुपक्षीय व्यवस्था पर लोगों का भरोसा कमजोर होता है। साथ ही भारत ने यह भी दोहराया कि वह उच्चायुक्त के साथ मिलकर काम करने के लिए प्रतिबद्ध है।

भारत ने पाकिस्तान पर एक ओएचसीएचआर रिपोर्ट जारी करने की मांग की, जिसमें पाकिस्तान अधिकृत जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा बलों की ओर से लोगों की हत्या के मामलों की निष्पक्ष जांच, हिरासत में रखे गए आवामी एक्शन कमेटी के नेताओं को कानूनी प्रक्रिया और न्यायिक अधिकार दिए जाने और पाकिस्तान अधिकृत जम्मू-कश्मीर में इंटरनेट सेवाओं पर लगी सभी पाबंदियां हटाने जैसे मुद्दों को शामिल करने की बात कही।

भारत ने पाकिस्तान से कहा कि वह इस बात पर आत्ममंथन करे कि उसके देश के कई हिस्सों, खासकर उसके अवैध कब्जे वाले क्षेत्रों में, मानवाधिकारों का किस तरह उल्लंघन हो रहा है।

प्रथम सचिव ने कहा कि मानवाधिकारों की रक्षा और सम्मान सुनिश्चित करना सभी देशों की जिम्मेदारी है और इस दिशा में निष्पक्षता तथा पारदर्शिता बेहद जरूरी है।

इससे पहले भी संयुक्त राष्ट्र निरस्त्रीकरण सम्मेलन में आतंकवाद के मुद्दे पर पाक‍िस्‍तान को स्‍पष्‍ट संदेश द‍िया गया था। स्थायी मिशन के वरिष्ठ सलाहकार अनमोल शेर बेदी ने पाकिस्तान को साफ संदेश दिया कि भारत आतंकवाद के मुद्दे पर परमाणु हथियारों की धमकी से दबने वाला नहीं है। बेदी ने कहा कि भारत परमाणु धमकी के आगे नहीं झुकेगा और किसी भी आतंकी हमले का जवाब देगा।

उन्होंने पाकिस्तान को चेतावनी देते हुए कहा कि भारत के खिलाफ होने वाले किसी भी आतंकी हमले का करारा जवाब दिया जाएगा। भारत आतंकवाद को समर्थन देने वालों और उसकी साजिश रचने वालों के बीच कोई फर्क नहीं करेगा।

बेदी ने कहा कि पिछले साल पाकिस्तान में मौजूद आतंकी ठिकानों के खिलाफ चलाया गया ‘ऑपरेशन सिंदूर’ पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद किया गया था। पहलगाम हमले में पाकिस्तानी आतंकियों ने 26 नागरिकों की हत्या कर दी थी।

उन्होंने कहा क‍ि भारत ने आत्मरक्षा में कार्रवाई की थी। साथ ही, यह भी कहा कि ये कदम संतुलित, सटीक और हालात को और बिगड़ने से रोकने के लिए उठाए गए थे।

Continue Reading

राजनीति

तीसरे मोर्चे की संभावना तलाश रही डीएमके ने सीजेपी से किया संपर्क

Published

on

डीएमके अध्यक्ष और तमिलनाडु के पूर्व मुख्यमंत्री एमके स्टालिन के कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) को समर्थन देने से अटकलें तेज हो गई हैं। उनकी पार्टी राष्ट्रीय स्तर पर थर्ड फ्रंट की कोशिश के तहत इस संगठन से संपर्क साध रही है।

यह संपर्क ऐसे समय में हुआ है जब डीएमके तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में हार के बाद भाजपा और कांग्रेस के नेतृत्व वाले गठबंधनों से बाहर राजनीतिक जगह तलाश रही है। हालांकि, सीजेपी के साथ किसी गठबंधन या समझौते का ऐलान नहीं किया गया है।

एमके स्टालिन ने दिल्ली में सीजेपी नेता सौरव दास और आशुतोष रांका की गिरफ्तारी की निंदा की और कानूनी सहायता सहित डीएमके का समर्थन दिया। इसके बाद सीजेपी संस्थापक अभिजीत दिपके ने उनके इस कदम के लिए धन्यवाद दिया।

राजनीतिक गलियारों में इस बातचीत को डीएमके की दो प्रमुख राष्ट्रीय गुटों से बाहर की पार्टियों को एक साथ लाने की कोशिशों की पृष्ठभूमि में देखा जा रहा है। हालांकि, पार्टी का हस्तक्षेप गिरफ्तारियों और विरोध के अधिकार पर केंद्रित था।

डीएमके ने पिछले लोकसभा और विधानसभा चुनाव कांग्रेस के नेतृत्व वाले इंडिया ब्लॉक के हिस्से के रूप में लड़ा था। विधानसभा चुनाव के बाद, कांग्रेस विजयी टीवीके के नेतृत्व वाले गठबंधन में शामिल हो गई और दो मंत्री पद हासिल किए, जिससे उसके पूर्व सहयोगी को झटका लगा।

ए्आईएडीएमके के भाजपा के साथ गठबंधन और टीवीके के कांग्रेस के नेतृत्व वाले गुट से जुड़े होने के कारण, डीएमके के पास किसी भी गठबंधन में खुद को स्थापित करने के सीमित विकल्प हैं।

डीएमके की उप महासचिव कनिमोझी ने थर्ड फ्रंट की संभावना पर चर्चा के बीच पहले तृणमूल कांग्रेस नेता ममता बनर्जी, एनसीपी के नेता शरद पवार और शिवसेना नेता उद्धव ठाकरे से मुलाकात की थी। उन संपर्कों से कोई व्यवस्था नहीं बन पाई है।

ताजा घटनाक्रम दिल्ली में मतदाता सूची के एसआईआर को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर हुए विरोध प्रदर्शनों के बाद आया है।

पुलिस ने सौरव दास और आशुतोष रांका को गिरफ्तार किया। सवाल उठाते हुए एमके स्टालिन ने पूछा कि केंद्र सरकार कितने प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार कर सकती है और कितनी युवा आवाजों को दबा सकती है।

उन्होंने कहा कि डीएमके गिरफ्तार सीजेपी पदाधिकारियों के साथ खड़ी रहेगी और सभी आवश्यक कानूनी सहायता प्रदान करने के लिए तैयार है। एमके स्टालिन ने यह भी तर्क दिया कि और अधिक युवाओं को जेल में डालने से केवल और विरोध पैदा होगा। उन्होंने कहा कि बिना राजनीतिक जुड़ाव वाले आम नागरिक सड़कों पर उतर आएंगे।

हालांकि उनका बयान सीजेपी के साथ एकजुटता का संकेत देता है लेकिन क्या यह समर्थन व्यापक राजनीतिक समझ में विकसित होगा, यह अभी स्पष्ट नहीं है, क्योंकि प्रस्तावित थर्ड फ्रंट को अभी एक परिभाषित संरचना या साझा कार्यक्रम मिलना बाकी है।

Continue Reading

राष्ट्रीय समाचार

जंतर-मंतर को प्रदर्शन स्थलों की सूची से हटाने के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंची याचिका, गुरुवार को सुनवाई की उम्मीद

Published

on

दिल्ली में जंतर-मंतर को निर्धारित विरोध-प्रदर्शन स्थलों की सूची से हटाने के दिल्ली पुलिस के फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी गई है। वकील लक्ष्य सैनी और तुषार गुप्ता की ओर से दायर याचिका में कहा गया है कि जंतर-मंतर लंबे समय से राजधानी में विरोध-प्रदर्शन का प्रमुख केंद्र रहा है। याचिका पर गुरुवार को सुनवाई होने की उम्मीद है।

याचिकाकर्ताओं का कहना है कि यदि लोगों को विरोध-प्रदर्शन के लिए शहर से दूर स्थित वैकल्पिक जगहों पर भेजा जाता है, तो आम नागरिकों के लिए अपनी आवाज उठाना और विरोध दर्ज कराना मुश्किल हो सकता है। इससे शांतिपूर्ण तरीके से विरोध करने का अधिकार केवल कागजों तक सीमित होकर रह जाने का खतरा है।

इससे पहले दिल्ली पुलिस ने दिल्ली हाईकोर्ट को बताया था कि जंतर-मंतर को निर्धारित धरना स्थल के रूप में डी-नोटिफाई कर दिया गया है। पुलिस ने सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुपालन में राजधानी में शांतिपूर्ण प्रदर्शन के लिए तीन वैकल्पिक स्थलों की पहचान भी की है।

न्यायमूर्ति अमित महाजन की एकल पीठ के समक्ष सुनवाई के दौरान दिल्ली पुलिस की ओर से पेश अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल (एएसजी) चेतन शर्मा ने कहा था कि वैकल्पिक स्थलों की पहचान सुप्रीम कोर्ट के पिछले सप्ताह के आदेश के अनुरूप की गई है। उन्होंने दलील दी कि शीर्ष अदालत ने उपयुक्त स्थलों की पहचान कर उन्हें निर्धारित करने को कहा था और अधिकारियों ने उसी के अनुसार कार्रवाई की है।

दिल्ली पुलिस ने रामलीला मैदान, बुराड़ी मैदान और पूर्वी दिल्ली स्थित सीबीडी मैदान को प्रदर्शन के लिए नए निर्धारित स्थलों के रूप में पेश किया है।

यह मामला भारतीय युवा कांग्रेस (आईवाईसी) के अध्यक्ष उदय भानु चिब की उस याचिका की सुनवाई के दौरान सामने आया, जिसमें मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ जंतर-मंतर पर विरोध-प्रदर्शन की अनुमति देने से दिल्ली पुलिस के इनकार को चुनौती दी गई थी।

सुनवाई के दौरान एएसजी चेतन शर्मा ने दलील दी कि जंतर-मंतर को निर्धारित धरना स्थल के रूप में डी-नोटिफाई किए जाने के बाद उदय भानु चिब की याचिका निष्फल हो गई है। हालांकि, याचिकाकर्ता की ओर से पेश वरिष्ठ अधिवक्ता सिद्धार्थ लूथरा ने कहा कि याचिका में उठाई गई अन्य मांगें अब भी विचारणीय हैं। उन्होंने इन मांगों पर नोटिस जारी करने का अनुरोध किया।

दिल्ली पुलिस के वकील ने नोटिस जारी करने की मांग का विरोध किया। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद न्यायमूर्ति महाजन ने याचिका में उठाई गई तीन प्रार्थनाओं पर नोटिस जारी किया।

गौरतलब है कि सुप्रीम कोर्ट ने कुछ दिन पहले सक्षम अधिकारियों से राजधानी में शांतिपूर्ण और वैध विरोध-प्रदर्शन के लिए उपयुक्त वैकल्पिक स्थलों की पहचान करने और उन्हें निर्धारित करने पर विचार करने को कहा था। शीर्ष अदालत ने इन स्थलों पर बुनियादी सुविधाएं और आवश्यक बुनियादी ढांचा उपलब्ध कराने की जरूरत पर भी जोर दिया था।

Continue Reading
Advertisement
अंतरराष्ट्रीय समाचार2 minutes ago

यूएन में भारत का सख्त बयान, ओएचसीएचआर के दोहरे मानदंड पर उठाए सवाल

राजनीति7 minutes ago

तीसरे मोर्चे की संभावना तलाश रही डीएमके ने सीजेपी से किया संपर्क

राष्ट्रीय समाचार16 hours ago

जंतर-मंतर को प्रदर्शन स्थलों की सूची से हटाने के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंची याचिका, गुरुवार को सुनवाई की उम्मीद

राजनीति17 hours ago

सुप्रिया सुले ने सौरव दास और आशुतोष रांका की गिरफ्तारी पर जताई चिंता, केंद्र से रिहाई की मांग

अंतरराष्ट्रीय समाचार17 hours ago

सऊदी अरब में भारतीयों की तादाद ठीक-ठाक, दूतावास कर रहा हरसंभव मदद : विदेश मंत्रालय

राष्ट्रीय समाचार17 hours ago

तिरंगा फहराने पर गिरफ्तारी को लेकर ‘आप’ बोली- क्या अपने ही देश में झंडा फहराना अपराध है?

व्यापार18 hours ago

यूको बैंक भर्ती 2026: अप्रेंटिस के 530 पदों पर आवेदन शुरू, ग्रेजुएट युवाओं के लिए सुनहरा मौका

अंतरराष्ट्रीय समाचार18 hours ago

पाकिस्तान: खैबर पख्तूनख्वा के हालात नाजुक, पुलिस फायरिंग में एक शख्स की मौत

मनोरंजन18 hours ago

अमिताभ बच्चन ने बताया संगीत और ऑटिज्म के बीच खास कनेक्शन, ‘केबीसी’ में सुनाया बच्चे का दिल छू लेने वाला किस्सा

राष्ट्रीय समाचार18 hours ago

कमाल के कलाम : गैरराजनीतिक पृष्ठभूमि वाले ‘मिसाइल मैन’, जिनके फैसलों ने सरकार को सोच में डाला

अपराध6 days ago

दिल्ली पुलिस ने मकोका के दो फरार आरोपियों को गिरफ्तार किया, 30 लाख रुपए बरामद

बॉलीवुड2 weeks ago

टीवी एक्ट्रेस प्रत्युषा बनर्जी सुसाइड केस में 10 साल बाद कोर्ट ने बॉयफ्रेंड पर सुनाया फैसला

खेल4 weeks ago

14 जनवरी से होगा डब्ल्यूपीएल 2027 का आगाज, 28 अक्टूबर को कोच्चि में होगी खिलाड़ियों की नीलामी

राजनीति5 days ago

“आप” का आरोप: जंतर-मंतर पर प्रदर्शन रोकने के लिए दिल्ली छावनी में तब्दील

राष्ट्रीय समाचार3 weeks ago

कच्चे तेल की कीमतों में नरमी से बाजार को मिला सपोर्ट, सेंसेक्स 564 अंक चढ़ा; फार्मा, एफएमसीजी और रियल्टी शेयरों में तेजी

राष्ट्रीय समाचार5 days ago

दिल्ली एयरपोर्ट ने यात्रियों से विरोध-प्रदर्शन के कारण यात्रा की योजना पहले से बनाने की दी सलाह

राजनीति2 weeks ago

अखिलेश यादव का चुनावी ऐलान : सत्ता में आए तो पुरानी पेंशन बहाल, शिक्षामित्रों को शिक्षक बनाने का वादा

व्यापार2 weeks ago

गांधी जयंती के चलते भारतीय शेयर बाजार बंद, एनएसई और बीएसई पर नहीं होगा कारोबार

मनोरंजन3 weeks ago

अर्चना पूरन सिंह ने कॉमेडी का असली नियम बताया, कहा- साथी कलाकार को बेहतर बनाना जरूरी

मनोरंजन2 weeks ago

बर्थडे बॉय रणबीर कपूर पर बॉलीवुड ने बरसाया प्यार, मां नीतू और रवि दुबे ने भी दी बधाई

रुझान