राजनीति
पंजाब के पहले आप कैबिनेट में 10 विधायकों ने ली शपथ
पंजाब में भगवंत मान के नेतृत्व में आम आदमी पार्टी (आप) के शपथ ग्रहण समारोह में शनिवार को 10 विधायकों ने पहले कैबिनेट गठन की शपथ ली।
मंत्रियों में एक महिला, 4 अनुसूचित जाति (एससी) और 2 हिंदू शामिल हैं।
पंजाब की कैबिनेट में मुख्यमंत्री समेत 18 मंत्री हो सकते हैं।
राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित ने राजभवन में मंत्रियों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई।
पूर्व नेता प्रतिपक्ष हरपाल सिंह चीमा, एक प्रमुख दलित चेहरा और गुरमीत सिंह मीत हेयर को छोड़कर, बाकी 8 मंत्री पहली बार विधायक बने हैं।
इनमें मलोट से बलजीत कौर, जंडियाला से हरभजन सिंह ईटीओ, मानसा से विजय सिंगला, भोआ से लाल चंद कटारू चक, अजनाला से कुलदीप सिंह धालीवाल, पट्टी से लालजीत सिंह भुल्लर, होशियारपुर से ब्रह्म शंकर और आनंदपुर साहिब से हरजोत सिंह बैंस शामिल हैं।
मलोट से जीतने वाली बलजीत कौर मंत्री पद पाने वाली अकेली महिला हैं।
वह एक नेत्र सर्जन हैं। उनकी उम्र 46 है। वह साधु सिंह की बेटी हैं, जो 2014 से 2019 तक फरीदकोट से आप सांसद रहे।
मुक्तसर सिविल अस्पताल में अपनी सरकारी नौकरी से इस्तीफा देने के बाद वह आप में शामिल हो गई। चुनावी सभाओं के दौरान उन्होंने आंखों के मरीजों की जांच तक की थी।
कौर ने मुक्तसर जिले के मलोट से एसएडी प्रत्याशी हरप्रीत सिंह को 40,261 मतों से हराया।
नए मंत्रिमंडल में अन्य डॉक्टर मानसा से जीते 52 वर्षीय विजय सिंगला हैं। उन्होंने लोकप्रिय पंजाबी गायक और कांग्रेस उम्मीदवार शुभदीप सिंह, जिन्हें सिद्धू मूसेवाला भी कहा जाता है, को 63,323 मतों के अंतर से हराया।
सिंगला एक डेंटिस्ट हैं और उन्होंने पंजाबी यूनिवर्सिटी, पटियाला से बैचलर ऑफ डेंटल सर्जरी की है।
हैरानी की बात यह है कि दूसरी बार विधायक बने अमन अरोड़ा, एक प्रमुख हिंदू चेहरा, जिन्होंने अपनी सुनाम सीट 75,000 वोटों के सबसे बड़े अंतर से जीती थी, उनके दावे को नजरअंदाज कर दिया गया है।
साल 2018 में जब अरविंद केजरीवाल द्वारा शिरोमणि अकाली दल (एसएडी) के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया से ड्रग व्यापार के आरोपों पर माफी मांगने के बाद मान ने प्रदेश अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया था, तो अरोड़ा ने भी आप छोड़ दी थी। बाद में दोनों फिर से पार्टी में शामिल हो गए।
10 में से 5 विधायक मालवा क्षेत्र, 4 माझा और एक दोआबा से प्रतिनिधित्व करते हैं।
4 मंत्री आरक्षित निर्वाचन क्षेत्रों का प्रतिनिधित्व करते हैं, जिनमें दिर्बा, जंडियाला, मलोट और भोआ शामिल हैं।
कैबिनेट में मंत्री पद की शपथ लेने वाले 10 विधायकों के नामों की घोषणा करते हुए मान ने एक दिन पहले कहा था, “पंजाब के लोगों ने हमें बहुत जिम्मेदारी दी है, हमें दिन-रात मेहनत कर लोगों की सेवा करनी है। पंजाब को एक ईमानदार सरकार दो। हमें ‘रंगला पंजाब’ बनाना है।”
इसके एक दिन पहले ही आप सरकार ने दूसरी बार विधायक चुने गए कुलतार सिंह संधवान को 117 सदस्यीय विधानसभा का अध्यक्ष नामित किया था।
किसानों के मुद्दों पर मुखर आवाज उठाने वाली संधवान 21 मार्च को औपचारिक रूप से अध्यक्ष चुनी जाएंगी। प्रोटेम स्पीकर इंद्रबीर सिंह निज्जर ने गुरुवार को मान समेत सभी नवनिर्वाचित विधायकों को शपथ दिलाई।
पूर्व विपक्ष के नेता, 48 वर्षीय, चीमा को मुख्यमंत्री मान का वफादार माना जाता है, जो संगरूर से दो बार सांसद रहे हैं, और सबसे पिछड़े निर्वाचन क्षेत्रों में से एक, दिर्बा का प्रतिनिधित्व करते हैं, जो अनुसूचित जाति के उम्मीदवारों के लिए आरक्षित है।
साल 2017 में पहली बार विधानसभा के लिए चुने गए चीमा की आप में साफ-सुथरी छवि है।
उन्होंने शिरोमणि अकाली दल के उम्मीदवार गुलजार सिंह को 50,655 मतों के अंतर से हराया। 2017 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने 1,645 मतों के मामूली अंतर से सीट जीती थी। 2018 में विधानसभा में विपक्ष के नेता के रूप में नियुक्त किए जाने के बाद उनका राजनीतिक करियर तेजी से बढ़ा।
दलित वकील चीमा 2017 के विधानसभा चुनाव से ठीक पहले आप में शामिल हुए। इससे पहले, उन्होंने निर्दलीय के रूप में जिला परिषद का चुनाव लड़ा और असफल रहे।
कैबिनेट में दूसरी बार विधायक रहे 33 वर्षीय मीत हेयर हैं, जिन्होंने 2017 में कांग्रेस के केवल सिंह ढिल्लों को 2,432 मतों के अंतर से हराकर बरनाला सीट जीती थी।
साल 2022 में भी उन्होंने 64,800 मतों से सीट बरकरार रखी।
दिलचस्प बात यह है कि चीमा और हेयर दोनों की सीटें संगरूर संसदीय क्षेत्र में आती है।
मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेने के एक दिन बाद मान ने 23 मार्च को स्वतंत्रता सेनानी भगत सिंह की पुण्यतिथि पर भ्रष्टाचार विरोधी हेल्पलाइन शुरू करने की घोषणा की, जहां लोग रिश्वत मांगने वाले अधिकारियों के ऑडियो और वीडियो क्लिप भेज सकते हैं और स्पष्ट किया कि कोई भी भ्रष्ट अधिकारी को बख्शा नहीं जाएगा।
आप ने विधानसभा की 117 में से 92 सीटों पर जीत दर्ज कर प्रचंड जीत दर्ज की। सत्तारूढ़ कांग्रेस ने 2017 में 77 से कम 18 सीटे जीती हैं।
नवोदित 85 विधायकों में से 82 आप के हैं। इसके अलावा मान ने विधानसभा में प्रवेश किया हैं।
राष्ट्रीय समाचार
दीपावली से पहले केंद्र सरकार ने राज्यों को 1.09 लाख करोड़ रुपए का कर हस्तांतरण अग्रिम रूप से किया जारी

केंद्र सरकार ने गुरुवार को दीपावली और त्योहारी सीजन को देखते हुए राज्यों को 1,09,019 करोड़ रुपए के कर हस्तांतरण की नियमित किस्त तय समय से पहले जारी कर दी। यह राशि सामान्य तौर पर 10 नवंबर को जारी की जानी थी।
वित्त मंत्रालय के अनुसार, आगामी त्योहारी सीजन को देखते हुए और राज्यों को पूंजीगत खर्च में तेजी लाने और विकास एवं कल्याण से जुड़े खर्चों के लिए वित्तीय संसाधन उपलब्ध कराने के उद्देश्य से यह राशि जारी की गई है।
इस राशि में से देश के सबसे अधिक आबादी वाले राज्य उत्तर प्रदेश को 19,208 करोड़ रुपए मिले हैं। बिहार को 10,845 करोड़ रुपए, मध्य प्रदेश को 8,010 करोड़ रुपए, पश्चिम बंगाल को 7,866 करोड़ रुपए, महाराष्ट्र को 7,022 करोड़ रुपए और राजस्थान को 6,460 करोड़ रुपए मिले हैं।
पिछले सप्ताह भी केंद्र सरकार ने राज्यों को 1,09,019 करोड़ रुपए की अतिरिक्त कर हस्तांतरण किस्त जारी की थी। यह राशि नियमित मासिक कर हस्तांतरण के अतिरिक्त थी।
इससे पहले अगस्त में भी सरकार ने राज्यों को 1,09,019 करोड़ रुपए की अतिरिक्त कर हस्तांतरण किस्त जारी की थी, जो सामान्य मासिक हस्तांतरण के अतिरिक्त थी। यह कदम राज्यों की वित्तीय स्थिति मजबूत करने और उनके पूंजीगत एवं विकास संबंधी खर्चों में तेजी लाने की केंद्र सरकार की प्रतिबद्धता के अनुरूप था।
इसके अतिरिक्त, चालू वित्त वर्ष के पहले छह महीनों (अप्रैल-सितंबर) में भारत का राजकोषीय घाटा 7.14 लाख करोड़ रुपए तक पहुंच गया। यह पूरे वित्त वर्ष के बजट अनुमान का 42.1 प्रतिशत है।
केंद्र सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 16.96 लाख करोड़ रुपए का राजकोषीय घाटा रहने का बजट अनुमान रखा है।
इस दौरान सरकार की राजस्व प्राप्तियां 17.57 लाख करोड़ रुपए रहीं, जो बजट अनुमान का 49.7 प्रतिशत है। इसमें शुद्ध कर राजस्व 12.76 लाख करोड़ रुपए और गैर-कर राजस्व 4.81 लाख करोड़ रुपए रहा।
अपराध
भुवनेश्वर में युवक की गोली मारकर हत्या, पुलिस ने आठ आरोपियों को किया गिरफ्तार

शहर के धौली थाना क्षेत्र में 25 वर्षीय युवक की हत्या के मामले में गुरुवार को आठ लोगों को गिरफ्तार किया गया। यह कार्रवाई कमिश्नरेट पुलिस ने बुधवार और गुरुवार की दरमियानी रात को हुई घटना के बाद की।
मृतक की पहचान कटक जिले के बैदेश्वर निवासी टापू नाइक के रूप में हुई है, जो शहर के भरतपुरा थाना क्षेत्र के अंतर्गत सीताराम बस्ती में रह रहा था।
पुलिस ने आरोपियों की पहचान उमेश कुमार पटनायक, विष्णुप्रसाद सामंतराय उर्फ पिकुन, रत्नाकर साहू, आलोक जेना, मानस स्वैन, अक्षय प्रधान, कलिंग केशरी पात्रा और चित्रसेन गजेंद्र के रूप में की है।
पुलिस के अनुसार, यह घटना बुधवार और गुरुवार की दरमियानी रात धौली थाना क्षेत्र के शिशुपाल गढ़ गांव में नवज्योति कॉलेज के पीछे स्थित ‘मां दक्षिणकाली कंस्ट्रक्शन’ ऑफिस परिसर में हुई।
कमिश्नरेट पुलिस ने बयान में कहा, “बुधवार को लगभग सात लोगों का एक समूह ‘मां दक्षिणकाली कंस्ट्रक्शन’ ऑफिस परिसर के खुले इलाके में पार्टी कर रहा था। रात करीब 11:30 बजे, समूह में से एक व्यक्ति ने पिस्तौल निकाली और टापू नाइक पर गोली चला दी।”
बताया जा रहा है कि आरोपियों में से एक, उमेश ने पुरी में किसी व्यक्ति से पिस्तौल खरीदी थी। वह और उसके दोस्त (मृतक भी शामिल) इस हथियार के आने की खुशी में पार्टी कर रहे थे। इसी दौरान, शराब के नशे में दोस्तों के बीच बहस हो गई और अचानक भड़के आरोपी पिकुन ने टापू पर गोली चला दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया।
गोली चलने के बाद दो आरोपी उमेश और पिकुन तुरंत घायल टापू को स्कूटर से कैपिटल अस्पताल ले गए। बाद में उसे शहर के एक निजी अस्पताल में ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस कमिश्नर एस. देवदत्त सिंह ने मीडिया से बात करते हुए बताया कि पुलिस को इस घटना की जानकारी बुधवार रात करीब 1 बजे मिली। उन्होंने कहा कि पुलिस तुरंत कैपिटल अस्पताल पहुंची और बाद में निजी अस्पताल भी गई। पूछताछ के दौरान, उमेश और पिकुन (मृतक को अस्पताल ले गए थे) ने एक झूठी कहानी गढ़ी। उन्होंने दावा किया कि वे मौसी मां ब्रिज के पास बातचीत कर रहे थे, तभी मोटरसाइकिल पर दो अनजान लोग वहां आए। उनमें से एक ने हेलमेट पहना हुआ था, जबकि दूसरे ने अपने चेहरे को मास्क से ढका हुआ था। उन्होंने टापू नाइक पर गोली चलाई और फिर मौके से फरार हो गए।
उन्होंने आगे बताया कि सीसीटीवी फुटेज और अन्य सबूतों की जांच से पता चला कि यह पूरी कहानी मनगढ़ंत थी। बाद की पूछताछ में आरोपियों ने अपराध में अपनी संलिप्तता कबूल कर ली और पुलिस को बताया कि उन्होंने पिस्तौल को एक जलाशय में फेंक दिया था। पुलिस ने अब उस हथियार को बरामद कर लिया है।
राजनीति
’14 से 114 मेडल की यात्रा आपके परिश्रम की पराकाष्ठा का परिणाम’, पीएम मोदी ने एशियन पैरा गेम्स के एथलीट्स को सराहा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को नई दिल्ली स्थित इंदिरा गांधी स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में ‘एशियन पैरा गेम्स 2026’ में हिस्सा लेने वाले भारतीय दल के साथ संवाद किया। इस मौके पर पीएम मोदी ने 14 से 114 मेडल तक की यात्रा को एथलीट्स के परिश्रम की पराकाष्ठा का परिणाम बताया।
भारत ने इस वर्ष जापान के आइची-नागोया में आयोजित एशियन पैरा गेम्स में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन दर्ज किया। कुल 97 भारतीय पैरा-एथलीट्स ने 114 पदक जीते, जिसमें 30 गोल्ड, 35 सिल्वर और 49 ब्रॉन्ज मेडल शामिल हैं।
पीएम मोदी ने कहा, “आप सभी से मिलने का मुझे बेसब्री से इंतजार था। कुछ ही सप्ताह पहले मैं एशियन गेम्स में हिस्सा लेने वाले खिलाड़ियों से मिला था। अब एशियन पैरा गेम्स के आप सभी ऊर्जावान साथियों से मिलने का अवसर मिला है। आपका शानदार प्रदर्शन ये बताता है कि आज भारत स्पोर्ट्स की दुनिया में तेजी से एक बड़ी पावर के रूप में उभर रहा है। इतने बड़े प्लेटफॉर्म पर आप सभी ने मेडल तो जीता ही है, आपने करोड़ों देशवासियों का दिल भी जीता है।”
उन्होंने कहा, “आप सभी पैरा एथलीटों ने एक बार फिर से दिखा दिया है कि सबसे ऊंची उड़ान हौसलों से होती है। मैं आप सभी खिलाड़ियों को 140 करोड़ देशवासियों की तरफ से बहुत-बहुत बधाई देता हूं। आपकी इस उपलब्धि में आपके परिवार, ट्रेनर और कोच की भी अहम भूमिका है। मैं उनका भी अभिनंदन करता हूं।”
पीएम ने कहा, “एशियन पैरा गेम्स में आपके असाधारण प्रदर्शन से यह साबित होता है कि भारत खेल के क्षेत्र में एक बड़ी ताकत के रूप में उभर रहा है। इतने बड़े मंच पर आपने न केवल पदक जीते बल्कि देशवासियों का दिल भी जीत लिया। एक समय था, जब ज्यादातर खेलों में भारत की भागीदारी एक औपचारिकता समझी जाती थी। पैरा गेम्स में तो देश बहुत पीछे था। साल 2010 के पैरा एशियन गेम्स में भारत ने बस 1 गोल्ड जीता था। कुल मिलाकर उस टूर्नामेंट में हम केवल 14 मेडल जीत पाए थे। वहीं, इस बार हमारे खिलाड़ी 114 मेडल के साथ आए हैं। 14 से 114 मेडल की यह यात्रा आपके परिश्रम की पराकाष्ठा का परिणाम है।
भारत ने साल 2010 में आयोजित पहले संस्करण में 1 गोल्ड, 4 सिल्वर और 9 ब्रॉन्ज सहित कुल 14 मेडल हासिल किए थे, जिसके बाद साल 2023 में कुल 111 मेडल अपने नाम किए। इस बार भारत ने रिकॉर्ड 114 पदक जीतकर मेडल टैली में चौथा स्थान हासिल किया।
पीएम ने कहा, “इस बार हमारे खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए कुल 114 पदक जीते हैं। 14 से 114 पदकों तक का यह सफर आपकी कड़ी मेहनत, आपके अटूट समर्पण और आपकी सफलता को सहारा देने के लिए तैयार किए गए मजबूत इकोसिस्टम का सीधा परिणाम है। 30 गोल्ड, 35 रजत और 49 ब्रॉन्ज मेडल के साथ-साथ 5 नए वर्ल्ड रिकॉर्ड और 9 एशियन रिकॉर्ड बनाकर, आपने पूरे देश को गर्व से भर दिया है। चार स्पर्धाओं में तो पोडियम पर तीनों जगह हमारा ही झंडा था, हमारे ही खिलाड़ी थे। गोल्ड भी भारत ने जीता, उसी खेल में सिल्वर और ब्रॉन्ज भी भारत ने जीते और प्रतियोगिता के आखिरी दिन तो आपने कमाल कर दिया। नौ गोल्ड मेडल जीत लिए। ऐसा लग रहा था, आपने तय कर लिया हो कि जब तक गेम चल रहा है, मेडल रुकना नहीं चाहिए। इस बार 30 गोल्ड, 35 सिल्वर, 49 ब्रॉन्ज, 5 नए वर्ल्ड रिकॉर्ड, 9 एशियाई रिकॉर्ड। आपने पूरे देश को गर्व से भर दिया है। इस बार 56 महिला खिलाड़ियों में से 34 बेटियां मेडल विनर बनी हैं।”
-
दुर्घटना1 year agoनागपुर विस्फोट: बाजारगांव स्थित सौर ऊर्जा संयंत्र में बड़ा विस्फोट; 1 की मौत, कम से कम 10 घायल
-
महाराष्ट्र2 years agoईद 2025 पर डोंगरी में दंगे और बम विस्फोट की ‘चेतावनी’ के बाद मुंबई पुलिस ने सुरक्षा बढ़ा दी
-
महाराष्ट्र2 years agoमीरा भयंदर हजरत सैयद बाले शाह बाबा की मजार को ध्वस्त करने का आदेश
-
बॉलीवुड1 month agoटीवी एक्ट्रेस प्रत्युषा बनर्जी सुसाइड केस में 10 साल बाद कोर्ट ने बॉयफ्रेंड पर सुनाया फैसला
-
व्यापार6 years agoआईफोन 12 का उत्पादन जुलाई से शुरू होगा : रिपोर्ट
-
राजनीति2 years agoवक्फ संशोधन बिल लोकसभा में होगा पेश, भाजपा-कांग्रेस समेत कई पार्टियों ने जारी किया व्हिप
-
अपराध4 years agoभगौड़े डॉन दाऊद इब्राहिम के गुर्गो की ये हैं नई तस्वीरें
-
खेल2 years agoआईपीएल 2025 : शानदार रिकॉर्ड के नाम रहा एमआई और केकेआर का मैच, डेब्यूटेंट अश्विनी ने रचा इतिहास
